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लोक अदालत में 1191 वादों का निस्तारण
अमर उजाला ब्यूरो /महराजगंज
Updated Sun, 14 Feb 2016 12:44 AM IST
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जनपद न्यायाधीश की अध्यक्षता में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के तरफ से शनिवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन दीवानी न्यायालय परिसर में हुआ। एडीआर भवन में स्वास्थ्य परीक्षण व रक्तदान शिविर का भी उद्घाटन जिला जज शशिकांत पांडेय ने किया।
जनपद न्यायाधीश ने एक मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद का निस्तारण किया। 33 हजार रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया। दो आपराधिक वादों में पांच सौ रुपये अर्थदंड के रूप में वसूल किया गया। अपर न्यायाधीश प्रथम गोविन्द बल्लभ शर्मा ने एक मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद का निस्तारण किया और 480512 रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया। 39 विद्युत अधिनियम वादों का भी निस्तारण किया गया।
अपर न्यायाधीश द्वितीय योगेन्द्र राम गुप्ता ने एक मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद का निस्तारण कर 431000 रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया। अपर न्यायाधीश चतुर्थ संजय डे ने एक मोटर दुर्घटना वाद का निस्तारण किया और 1322100 रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया।
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त्वरित न्यायालय देवेन्द्र सिंह के अलावा मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट दिवाकर द्विवेदी ने 189 फौजदारी वादों का निस्तारण कर 3240 अर्थदंड के रूप में वसूल किया। चार प्री-लिटिगेशन वादों का भी निस्तारण किया गया। सिविल जज वरिष्ठ खंड सर्वजीत कुमार सिंह ने 40 फौजदारी वाद, पांच उत्तराधिकार वाद, सिविल जज अवर खंड कुलदीप सिंह ने 18 आपराधिक वाद तथा सात अन्य मामलों का निस्तारण किया।
सिविल जज अवर खंड फरेंदा शीलवन्त ने 138 आपराधिक वादों का निस्तारण किया। राजस्व न्यायालयों में 258 राजस्व वादों का निस्तारण गया। बैंकों के कुल 427 वादों का निस्तारण किया गया। मासिक राष्ट्रीय लोक अदालतों के माध्यम से विभिन्न प्रकार के कुल 1101 वादों का निस्तारण किया गया।
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जनपद न्यायाधीश ने एक मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद का निस्तारण किया। 33 हजार रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया। दो आपराधिक वादों में पांच सौ रुपये अर्थदंड के रूप में वसूल किया गया। अपर न्यायाधीश प्रथम गोविन्द बल्लभ शर्मा ने एक मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद का निस्तारण किया और 480512 रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया। 39 विद्युत अधिनियम वादों का भी निस्तारण किया गया।
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अपर न्यायाधीश द्वितीय योगेन्द्र राम गुप्ता ने एक मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद का निस्तारण कर 431000 रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया। अपर न्यायाधीश चतुर्थ संजय डे ने एक मोटर दुर्घटना वाद का निस्तारण किया और 1322100 रुपये प्रतिकर के रूप में दिलवाया।
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त्वरित न्यायालय देवेन्द्र सिंह के अलावा मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट दिवाकर द्विवेदी ने 189 फौजदारी वादों का निस्तारण कर 3240 अर्थदंड के रूप में वसूल किया। चार प्री-लिटिगेशन वादों का भी निस्तारण किया गया। सिविल जज वरिष्ठ खंड सर्वजीत कुमार सिंह ने 40 फौजदारी वाद, पांच उत्तराधिकार वाद, सिविल जज अवर खंड कुलदीप सिंह ने 18 आपराधिक वाद तथा सात अन्य मामलों का निस्तारण किया।
सिविल जज अवर खंड फरेंदा शीलवन्त ने 138 आपराधिक वादों का निस्तारण किया। राजस्व न्यायालयों में 258 राजस्व वादों का निस्तारण गया। बैंकों के कुल 427 वादों का निस्तारण किया गया। मासिक राष्ट्रीय लोक अदालतों के माध्यम से विभिन्न प्रकार के कुल 1101 वादों का निस्तारण किया गया।