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Lalitpur News: फंदे पर लटका मिला ग्रामीण का शव, परिजनों ने शव वाहन रास्ते में रोका
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बहन पहिये के सामने बैठी, बेटा व अन्य परिजन भी पहुंचे, परिजन बोले-विपक्षी बना रहे थे मुकदमा में राजीनामा करने का दबाव
मुकदमा दर्ज करने पर अड़े, सीओ सदर ने समझाकर पोस्टमार्टम कराया
ललितपुर। ग्रामीण के फांसी लगाकर आत्महत्या को लेकर परिजन बिफर पड़े। पोस्टमार्टम के लिए शव ले जाते समय बीच रास्ते में वाहन को परिजनों ने रोक लिया और विपक्षियों पर मुकदमा दर्ज करने की बात पर अड़ गए। सूूचना पर सीओ सदर मौके पर पहुंचे और किसी प्रकार मृतक के परिजनों को समझा-बुझाकर शांत किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
थाना नाराहट अंतर्गत ग्राम सिंगरवारा निवासी प्रकाश (48) पुत्र बाबू सिंह का शव शुक्रवार की सुबह गांव के बाहर लगे आम के पेड़ पर रस्सी के फंदे से फांसी पर लटका हुआ मिला। परिजनों ने गांव के विपक्षियों द्वारा मुकदमे में राजीनामा करने का दबाव बनाते हुए परेशान करने से आत्महत्या करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग थाना नाराहट पुलिस से की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए ललितपुर एक पिकअप वाहन से भेज दिया। वाहन में शव के साथ थाना नाराहट में तैनात पुलिसकर्मी भी थे।
अभी पिकअप वाहन ललितपुर में नेहरू नगर स्थित बच्चा जेल के पास ही पहुंची थी कि कुछ लोग पिकअप को रोकने की कोशिश करने लगे। इसमें एक महिला जोकि मृतक प्रकाश की चचेरी बहन थी वह शामिल थी। जब शव वाहन नहीं रुका तो काश की बहन चिल्लाते हुए पिकअप वाहन के सामने आ गई। इस पर पिकअप वाहन चालक ने गाड़ी रोक दी। जिसके बाद मृतक प्रकाश की बहन पिकअप वाहन के पहिये के सामने जमीन पर बैठ गई और कार्रवाई की मांग करने लगी।
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इस बीच पीछे से मृतक प्रकाश के पुत्र व अन्य रिश्तेदार भी वहां पहुंच गए। पिकअप में मौजूद थाना नाराहट के सिपाहियों सहित नेहरू नगर चौकी पुलिस ने मृतक के परिजनों को समझाने का काफी प्रयास किया लेकिन वह विपक्षियों पर मुकदमा दर्ज होने के बाद ही यहां से शव को पोस्टमार्टम के लिए जाने देने की बात पर अड़ गए। काफी देर तक प्रयास के बाद भी जब वह लोग नहीं माने तो पुलिस के उच्चाधिकारियों को सूचना दी गई।
सूचना पर क्षेत्राधिकारी सदर अभय नारायण राय मौके पर पहुंचे और उन्होंने मृतक की बहन व पुत्र सहित अन्य रिश्तेदारों को काफी देर तक समझाया और कार्रवाई का भरोसा दिया। इसके बाद पिकअप वाहन शव को पोस्टमार्टम कराने के लिए पोस्टमार्टम हाउस के लिए रवाना हो सकी। करीब दो घंटे तक बीच सड़क पर घटनाक्रम चलने के बाद शव का पोस्टमार्टम हो सका।
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पुत्र ने लगाए विपक्षियाें पर आरोप, 20 साल पहले किया था जानलेवा हमला
घटना को लेकर मृतक के पुत्र कल्यान सिंह ने बताया कि करीब 20 वर्ष पूर्व विपक्षियों ने उसके पिता सहित परिवार के लोगों के साथ जमीन के विवाद को लेकर जानलेवा हमला कर दिया था। जिसका मुकदमा थाना नाराहट में दर्ज कराया था और वर्तमान में न्यायालय में विचाराधीन चल रहा है। उक्त मुकदमे में राजीनामा को लेकर विपक्षी पिछले करीब एक माह से उसके पिता पर राजीनामा करने का दबाव बनाते हुए परेशान कर रहे थे। थाना नाराहट पुलिस से शिकायत की। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। बृहस्पतिवार की रात को पिता प्रकाश ने खाना खाया और घर के बाहर दालान में सोने के लिए चले गए थे। शुक्रवार की सुबह गांव के लोगों को फांसी के फंदे पर प्रकाश का शव लटका हुआ मिला।
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मृतक के पुत्रों को रास्ते में छोड़कर शव लेकर चली गई गाड़ी
विपक्षियों पर कार्रवाई को लेकर प्रदर्शन कर रहे मृतक के परिजनों द्वारा बताया गया कि जब गांव से प्रकाश का शव पिकअप वाहन में रखकर ललितपुर पोस्टमार्टम हाउस लाया जा रहा था तो पिकअप में प्रकाश का पुत्र कल्यान, हरचरन व मलखान भी बैठे थे। जैसे ही पिकअप हाइवे पर ग्राम मसौरा खुर्द के पास पहुंची। कल्यान ने अपने मामा के लड़के जोकि यहां स्थित एक पेट्रोल पंप पर काम करता है, से रुपया लेने की बात कही। पिकअप रुकी और कल्यान, हरचरन व मलखान नीचे उतरकर कुछ ही दूर चले थे कि पिकअप उन्हें छोड़कर तेज रफ्तार के साथ ललितपुर के लिए निकल गई। तीनों लोग चिल्लाते रहे लेकिन पिकअप नहीं रुकी। इसके बाद तीनों बस में सवार होकर ललितपुर पहुंचे। इस बीच कल्यान ने अपने अन्य रिश्तेदारों सहित ललितपुर में निवासरत अपनी चचेरी बुआ सिया को जानकारी दी। सूचना पर सिया व अन्य रिश्तेदार अपने अपने वाहनों से नेहरू नगर में पोस्टमार्टम हाउस की ओर गए तो बच्चा जेल के पास उन्हें पिकअप मिल गई थी। जिसके बाद उन्होंने यहीं पर पिकअप को रोक लिया।
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थाना नाराहट के एक गांव में ग्रामीण के फांदी लगाकर आत्महत्या कर लेने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए लाते समय पिकअप वाहन को मृतक के परिजनों द्वारा रोक लिया गया था और विपक्षियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। सूचना पर वह मौके पर पहुंचे और मृतक के परिजनों को काफी देर तक समझाया-बुझाया और कार्रवाई का भरोसा दिया। तब जाकर परिजन शव का पोस्टमार्टम के लिए राजी हुए।
-अभय नारायण राय, क्षेत्राधिकारी सदर
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मुकदमा दर्ज करने पर अड़े, सीओ सदर ने समझाकर पोस्टमार्टम कराया
ललितपुर। ग्रामीण के फांसी लगाकर आत्महत्या को लेकर परिजन बिफर पड़े। पोस्टमार्टम के लिए शव ले जाते समय बीच रास्ते में वाहन को परिजनों ने रोक लिया और विपक्षियों पर मुकदमा दर्ज करने की बात पर अड़ गए। सूूचना पर सीओ सदर मौके पर पहुंचे और किसी प्रकार मृतक के परिजनों को समझा-बुझाकर शांत किया और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
थाना नाराहट अंतर्गत ग्राम सिंगरवारा निवासी प्रकाश (48) पुत्र बाबू सिंह का शव शुक्रवार की सुबह गांव के बाहर लगे आम के पेड़ पर रस्सी के फंदे से फांसी पर लटका हुआ मिला। परिजनों ने गांव के विपक्षियों द्वारा मुकदमे में राजीनामा करने का दबाव बनाते हुए परेशान करने से आत्महत्या करने का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग थाना नाराहट पुलिस से की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए ललितपुर एक पिकअप वाहन से भेज दिया। वाहन में शव के साथ थाना नाराहट में तैनात पुलिसकर्मी भी थे।
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अभी पिकअप वाहन ललितपुर में नेहरू नगर स्थित बच्चा जेल के पास ही पहुंची थी कि कुछ लोग पिकअप को रोकने की कोशिश करने लगे। इसमें एक महिला जोकि मृतक प्रकाश की चचेरी बहन थी वह शामिल थी। जब शव वाहन नहीं रुका तो काश की बहन चिल्लाते हुए पिकअप वाहन के सामने आ गई। इस पर पिकअप वाहन चालक ने गाड़ी रोक दी। जिसके बाद मृतक प्रकाश की बहन पिकअप वाहन के पहिये के सामने जमीन पर बैठ गई और कार्रवाई की मांग करने लगी।
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इस बीच पीछे से मृतक प्रकाश के पुत्र व अन्य रिश्तेदार भी वहां पहुंच गए। पिकअप में मौजूद थाना नाराहट के सिपाहियों सहित नेहरू नगर चौकी पुलिस ने मृतक के परिजनों को समझाने का काफी प्रयास किया लेकिन वह विपक्षियों पर मुकदमा दर्ज होने के बाद ही यहां से शव को पोस्टमार्टम के लिए जाने देने की बात पर अड़ गए। काफी देर तक प्रयास के बाद भी जब वह लोग नहीं माने तो पुलिस के उच्चाधिकारियों को सूचना दी गई।
सूचना पर क्षेत्राधिकारी सदर अभय नारायण राय मौके पर पहुंचे और उन्होंने मृतक की बहन व पुत्र सहित अन्य रिश्तेदारों को काफी देर तक समझाया और कार्रवाई का भरोसा दिया। इसके बाद पिकअप वाहन शव को पोस्टमार्टम कराने के लिए पोस्टमार्टम हाउस के लिए रवाना हो सकी। करीब दो घंटे तक बीच सड़क पर घटनाक्रम चलने के बाद शव का पोस्टमार्टम हो सका।
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पुत्र ने लगाए विपक्षियाें पर आरोप, 20 साल पहले किया था जानलेवा हमला
घटना को लेकर मृतक के पुत्र कल्यान सिंह ने बताया कि करीब 20 वर्ष पूर्व विपक्षियों ने उसके पिता सहित परिवार के लोगों के साथ जमीन के विवाद को लेकर जानलेवा हमला कर दिया था। जिसका मुकदमा थाना नाराहट में दर्ज कराया था और वर्तमान में न्यायालय में विचाराधीन चल रहा है। उक्त मुकदमे में राजीनामा को लेकर विपक्षी पिछले करीब एक माह से उसके पिता पर राजीनामा करने का दबाव बनाते हुए परेशान कर रहे थे। थाना नाराहट पुलिस से शिकायत की। लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। बृहस्पतिवार की रात को पिता प्रकाश ने खाना खाया और घर के बाहर दालान में सोने के लिए चले गए थे। शुक्रवार की सुबह गांव के लोगों को फांसी के फंदे पर प्रकाश का शव लटका हुआ मिला।
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मृतक के पुत्रों को रास्ते में छोड़कर शव लेकर चली गई गाड़ी
विपक्षियों पर कार्रवाई को लेकर प्रदर्शन कर रहे मृतक के परिजनों द्वारा बताया गया कि जब गांव से प्रकाश का शव पिकअप वाहन में रखकर ललितपुर पोस्टमार्टम हाउस लाया जा रहा था तो पिकअप में प्रकाश का पुत्र कल्यान, हरचरन व मलखान भी बैठे थे। जैसे ही पिकअप हाइवे पर ग्राम मसौरा खुर्द के पास पहुंची। कल्यान ने अपने मामा के लड़के जोकि यहां स्थित एक पेट्रोल पंप पर काम करता है, से रुपया लेने की बात कही। पिकअप रुकी और कल्यान, हरचरन व मलखान नीचे उतरकर कुछ ही दूर चले थे कि पिकअप उन्हें छोड़कर तेज रफ्तार के साथ ललितपुर के लिए निकल गई। तीनों लोग चिल्लाते रहे लेकिन पिकअप नहीं रुकी। इसके बाद तीनों बस में सवार होकर ललितपुर पहुंचे। इस बीच कल्यान ने अपने अन्य रिश्तेदारों सहित ललितपुर में निवासरत अपनी चचेरी बुआ सिया को जानकारी दी। सूचना पर सिया व अन्य रिश्तेदार अपने अपने वाहनों से नेहरू नगर में पोस्टमार्टम हाउस की ओर गए तो बच्चा जेल के पास उन्हें पिकअप मिल गई थी। जिसके बाद उन्होंने यहीं पर पिकअप को रोक लिया।
थाना नाराहट के एक गांव में ग्रामीण के फांदी लगाकर आत्महत्या कर लेने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए लाते समय पिकअप वाहन को मृतक के परिजनों द्वारा रोक लिया गया था और विपक्षियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे थे। सूचना पर वह मौके पर पहुंचे और मृतक के परिजनों को काफी देर तक समझाया-बुझाया और कार्रवाई का भरोसा दिया। तब जाकर परिजन शव का पोस्टमार्टम के लिए राजी हुए।
-अभय नारायण राय, क्षेत्राधिकारी सदर