{"_id":"5ebedda68ebc3e904359efe9","slug":"sabasad-forget-self-tax-during-serve-budget-lalitpur-news-jhs166816261","type":"story","status":"publish","title_hn":"बजट पास करते समय सभासद भूले स्वकर की आपत्तियां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बजट पास करते समय सभासद भूले स्वकर की आपत्तियां
विज्ञापन
ललितपुर। नगर पालिका परिषद की स्वकर प्रणाली का विरोध करने वाले सभासद वित्तीय वर्ष 2020-21 का बजट पास करते समय अपनी आपत्तियों को भूल गए। उन्होंने बजट को बगैर किसी विरोध के पारित कर दिया। नागरिकों व व्यापारियों को स्वकर की खामियों से पूरे वित्तीय वर्ष में जूझना पड़ेगा।
नगर पालिका परिषद ने अपनी आय बढ़ाने के लिए बीते वर्षों में गृहकर की जगह स्वकर प्रणाली लागू कर दी। इस दौरान पालिका के अफसरों ने नागरिकों व व्यापारियों की आपत्तियों को नजरअंदाज कर दिया। नतीजा यह हुआ कि जब नगर पालिका ने स्वकर प्रणाली के तहत बिल बनाने प्रारंभ कर दिए तो जिले के व्यापारियों सहित सभासद स्वकर प्रणाली में संशोधन की बात करने लगे।
इस मामले में सदर विधायक रामरतन कुशवाहा ने नागरिकों व व्यापारियों के पक्ष पर सहमति जताते हुए उच्चस्थ अधिकारियों को लिख दिया। बीते दिवस नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी ने वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट की बैठक बुलाई। इस दौरान सभासदों ने स्वकर (गृहकर) के बिंदु पर चर्चा भी नहीं की और बगैर किसी बहस के प्रस्तावित बजट को हरी झंडी दे दी। इससे उन सभासदों की नीयत पर सवाल खड़े हो गए, जो बीते महीनों तक स्वकर प्रणाली में संशोधन लाने का विरोध कर रहे थे।
विज्ञापन
विभागीय आंकड़ों पर नजर डालें तो नगर पालिका परिषद का वर्ष 2019-20 में वास्तविक बजट 1,80,00,000 रुपये रहा जबकि नगर पालिका परिषद ने 31 मार्च 2019 तक गृहकर में 92,24,081 रुपये की आय प्राप्त की। इसी तरह 31 मार्च 2020 तक 95,16,057 रुपये रुपये की आय हासिल की और 1,20,00,000 रुपये का बजट प्रस्तावित किया।
स्वकर प्रणाली से नागरिक एकवं व्यापारियों को अनेक आपत्तियां हैं, जिसमें संशोधन कराने की लड़ाई लड़ी जा रही है। मौजूदा महामारी के समय में इसे स्थगित किया गया है। नगर पालिका ने कचरा टैक्स अवैध तरीके से लागू किया है। इन दोनों ही मामलों में व्यापार मंडल व्यापारियों एवं नागरिकों को राहत दिलाकर रहेगा।
- महेंद्र मयूर, प्रांतीय उपाध्यक्ष, जिला व्यापार प्रतिनिधि मंडल
मौजूदा आपदा को देखते हुए बजट पारित किया है। स्वकर की आपत्तियां के संबंध में अधिशासी अधिकारी से बात की गई है, उन्होंने इस मामले की अलग से सुनवाई करने का आश्वासन दिया है।
- आलोक जैन, सभासद
वार्डो का वकिास रुका हुआ था, जिसे ध्यान में रखकर बजट को स्वीकृतळि दी गई है। सभी का एकमत था कि किसी तरह वार्डो में सड़क व नाली के निर्माण आरंभ हो।
- रोहित राठौर, सभासद
सभासदों को कुछ बिंदुओं पर आपत्ति थी, जिसके संबंध में अध्यक्ष को पहले ही अवगत करा दिया गया था। मौजूदा समय में महामारी के मद्देनजर सफाई व सेनेटाइजेशन की आवश्यकता है। इन सभी बातों को ध्यान में रखकर बजट पास किया गया। - अनुराग चौबे, सभासद
पूर्व की तरह शहर में विकास कार्यो को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया एवं महामारी के लिए धनराशि का प्राविधान किया गया है। इस पर सभी सभासद एकमत थे, जिससे सर्वसम्मत इसे पास किया गया।
- भारत भूषण चौरसिया सभासद
बजट के दौरान कुछ आपत्र्त्तियां सदन के समक्ष रखी गई थी। इसमें औषंालय के लिए धनराशि बजट में रखने की मांग की गई थी।
- अनुराग जैन शैलू सभासद
विज्ञापन
नगर पालिका परिषद ने अपनी आय बढ़ाने के लिए बीते वर्षों में गृहकर की जगह स्वकर प्रणाली लागू कर दी। इस दौरान पालिका के अफसरों ने नागरिकों व व्यापारियों की आपत्तियों को नजरअंदाज कर दिया। नतीजा यह हुआ कि जब नगर पालिका ने स्वकर प्रणाली के तहत बिल बनाने प्रारंभ कर दिए तो जिले के व्यापारियों सहित सभासद स्वकर प्रणाली में संशोधन की बात करने लगे।
विज्ञापन
इस मामले में सदर विधायक रामरतन कुशवाहा ने नागरिकों व व्यापारियों के पक्ष पर सहमति जताते हुए उच्चस्थ अधिकारियों को लिख दिया। बीते दिवस नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी ने वित्तीय वर्ष 2020-21 के बजट की बैठक बुलाई। इस दौरान सभासदों ने स्वकर (गृहकर) के बिंदु पर चर्चा भी नहीं की और बगैर किसी बहस के प्रस्तावित बजट को हरी झंडी दे दी। इससे उन सभासदों की नीयत पर सवाल खड़े हो गए, जो बीते महीनों तक स्वकर प्रणाली में संशोधन लाने का विरोध कर रहे थे।
विज्ञापन
विभागीय आंकड़ों पर नजर डालें तो नगर पालिका परिषद का वर्ष 2019-20 में वास्तविक बजट 1,80,00,000 रुपये रहा जबकि नगर पालिका परिषद ने 31 मार्च 2019 तक गृहकर में 92,24,081 रुपये की आय प्राप्त की। इसी तरह 31 मार्च 2020 तक 95,16,057 रुपये रुपये की आय हासिल की और 1,20,00,000 रुपये का बजट प्रस्तावित किया।
स्वकर प्रणाली से नागरिक एकवं व्यापारियों को अनेक आपत्तियां हैं, जिसमें संशोधन कराने की लड़ाई लड़ी जा रही है। मौजूदा महामारी के समय में इसे स्थगित किया गया है। नगर पालिका ने कचरा टैक्स अवैध तरीके से लागू किया है। इन दोनों ही मामलों में व्यापार मंडल व्यापारियों एवं नागरिकों को राहत दिलाकर रहेगा।
- महेंद्र मयूर, प्रांतीय उपाध्यक्ष, जिला व्यापार प्रतिनिधि मंडल
मौजूदा आपदा को देखते हुए बजट पारित किया है। स्वकर की आपत्तियां के संबंध में अधिशासी अधिकारी से बात की गई है, उन्होंने इस मामले की अलग से सुनवाई करने का आश्वासन दिया है।
- आलोक जैन, सभासद
वार्डो का वकिास रुका हुआ था, जिसे ध्यान में रखकर बजट को स्वीकृतळि दी गई है। सभी का एकमत था कि किसी तरह वार्डो में सड़क व नाली के निर्माण आरंभ हो।
- रोहित राठौर, सभासद
सभासदों को कुछ बिंदुओं पर आपत्ति थी, जिसके संबंध में अध्यक्ष को पहले ही अवगत करा दिया गया था। मौजूदा समय में महामारी के मद्देनजर सफाई व सेनेटाइजेशन की आवश्यकता है। इन सभी बातों को ध्यान में रखकर बजट पास किया गया। - अनुराग चौबे, सभासद
पूर्व की तरह शहर में विकास कार्यो को आगे बढ़ाने पर जोर दिया गया एवं महामारी के लिए धनराशि का प्राविधान किया गया है। इस पर सभी सभासद एकमत थे, जिससे सर्वसम्मत इसे पास किया गया।
- भारत भूषण चौरसिया सभासद
बजट के दौरान कुछ आपत्र्त्तियां सदन के समक्ष रखी गई थी। इसमें औषंालय के लिए धनराशि बजट में रखने की मांग की गई थी।
- अनुराग जैन शैलू सभासद