फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   no more workers rest

थम गया प्रवासियों के आने का सिलसिला

Fri, 29 May 2020 12:51 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Fri, 29 May 2020 12:51 AM IST
विज्ञापन
no more workers rest
खाली पड़ा अमझरा गौशाला मैदान - फोटो : LALITPUR
डोंगराखुर्द। उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश जिले के अमझरा घाटी बार्डर पर प्रवासी मजदूरों के आने का सिलसिला थम गया है। बृहस्पतिवार को गोशाला में सन्नाटा पसरा रहा। बुधवार की रात को 11 बसों के माध्यम से 586 मजदूरों को भेजा गया।
विज्ञापन

गोशाला में पिछले कई दिनों से प्रवासी मजदूरों की बड़ी संख्या में भीड़ एकत्रित हो रही थी। बृहस्पतिवार को प्रवासी मजदूरों के आने का सिलसिला थम गया। गोशाला के अंदर पूरे परिसर में सन्नाटा पसरा रहा। इससे अनुमान लगाया जा रहा है कि अब लगभग सभी प्रवासी मजदूर अपने-अपने गंतव्य तक पहुंच गए हैं। गोशाला में महानगरों से आए हजारों मजदूरों को ठहरने का सहारा मिला था और भोजन व पानी की व्यवस्था थी, लेकिन पिछले तीन दिन से अब गोशाला खाली हो गई है। गायों की रहने वाली गोशाल प्रवासी मजदूरों से सूनी हो गई है, अब चारों ओर सन्नाटा पसरा हुआ है।
विज्ञापन

सभी प्रवासी मजदूर अधिकतर अपने गांव पहुंच गए हैं। बाहर से आए मजदूरों ने कभी सोचा भी नहीं होगा कि ऐसा ही समय आएगा और उन्हें गोवंशों के बीच बैठकर खाना-पीना करना पड़ेगा। ऐसा समय भी आया है कि मजदूर गोशाला में रुके और विश्राम किया। अपनी थकान को दूर किया। इस गौशाला में लोगों की पीड़ा भी देखी कि लोग छांव के लिए दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर हुए लोग घर जाने के लिए उतावले दिखे। गोशाला में हजारों की संख्या में लोग आ रहे थे, लेकिन तीन दिन से दोपहर के बाद सन्नाटा पसरा रहता है। जो प्रवासी मजदूर महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश, गुजरात अन्य प्रदेशों से अपने घरों को पैदल चल दिए थे, उन्हें रास्ते में बड़ी मुसीबतों का सामना करना पड़ा था।
विज्ञापन
विज्ञापन

मजदूरों के आने की भीड़ कम हो गई है। रात में 11 बसें भेजी गईं थी जिनमें 586 मजदूर गए थे। दिन में दो बसें गईं और एक सैकङा मजदूर भेजे गए।
- फूल सिंह, पुलिस क्षेत्राधिकारी पाली।
मजदूरों की आवाजाही कम हो गई है। ट्रेन चलने के कारण अब भूले- भटके लोग ही आ रहे हैं। इन्हें तत्काल बसों में सुरक्षित बैठाकर पहुंचाया जा रहा है।
- अभिषेक कुमार सिंह, तहसीलदार पाली
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed