फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   Govind Sagar Dam will be filled by taking water from Rajghat

Lalitpur News: राजघाट से पानी लेकर भरा जाएगा गोविंद सागर बांध

Mon, 13 May 2024 03:06 AM IST
Jhansi Bureau झांसी ब्यूरो
Updated Mon, 13 May 2024 03:06 AM IST
विज्ञापन
Govind Sagar Dam will be filled by taking water from Rajghat
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

ललितपुर। राजघाट बांध से पानी लेकर गोविंद सागर बांध को भरा जाएगा। सिंचाई विभाग इसकी कार्ययोजना तैयार करने में जुटा है। चुनाव आचार संहिता समाप्त होने के बाद काम शुरू होने की उम्मीद है।
शहजाद नदी पर निर्मित गोविंद सागर बांध सबसे पुराने बांधों में शुमार है। इस बांध में प्राचीन पद्धति की साइफन प्रणाली लगी है। बांध का पूर्ण जलस्तर 363.93 मीटर है। यहां के पानी का 60 फीसदी हिस्सा फसलों की सिंचाई के लिए आरक्षित रखा गया है, जबकि शेष पानी से शहर व रेलवे विभाग को पेयजल आपूर्ति की जाती है। इस बांध में वर्षभर पानी बना रहे, इसके लिए गोविंद सागर बांध को केन बेतवा लिंक परियोजना से जोड़ा गया है। इसके तहत राजघाट बांध से गोविंद सागर बांध तक करीब 57.6 एमसीएम (मिलियन क्यूबिक मीटर) पानी पहुंचाया जाना प्रस्तावित है। पानी एक फीडर चैनल के जरिये पहुंचाने की योजना सिंचाई विभाग ने बनाई है। सिंचाई विभाग इसका सर्वे भी पूर्व में एक कंपनी से करा चुकी है। अब सिंचाई विभाग राजघाट बांध से गोविंद सागर बांध तक फीडर चैनल बनाने की कार्ययोजना तैयार करने में जुट गया है।
विज्ञापन

अधिकारियों के अनुसार इस फीडर चैनल के बन जाने से राजघाट बांध से पानी लिफ्ट करके गोविंद सागर बांध तक पहुंचाया जाएगा। इससे बांध में वर्ष भर पानी रहेगा। शहरी और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की पानी की समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी। सहायक अभियंता राजघाट निर्माण खंड इं. मनोज त्रिपाठी ने बताया कि राजघाट बांध से गोविंद सागर बांध तक फीडर चैनल बनाने की कार्ययोजना तैयार की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

--------
राजघाट बांध में यूपी के हिस्से का है 22 टीएमसी पानी
बेतवा नदी पर निर्मित राजघाट बांध यूपी-एमपी सीमा पर है। बांध के पानी के लिए यूपी-एमपी के बीच एक समझौता हुआ है, जिसके तहत 22-22 टीएमसी पानी दोनों राज्यों को मिलना तय किया गया था। यूपी अपने हिस्से के 22 टीएमसी पानी में से आठ टीएमसी पानी को अन्य उपयोग में लेता है, जबकि 14 टीएमसी पानी को झांसी, पारीछा में मांग के अनुसार छोड़ा जाता है। अब इस 14 टीएमसी पानी में से दो टीएमसी पानी गोविंद सागर बांध के लिए देना सुनिश्चित किया है। वहीं, केन बेतवा लिंक परियोजना पूरी होने के बाद झांसी, पारीछा सहित अन्य जनपदों को पानी की समस्या नहीं होगी।
--------
फैक्ट फाइल
- 363.93 मीटर पूर्ण जलस्तर
- 357.83 मीटर न्यूनतम जलस्तर
- 190.09 लंबाई की नहर प्रणाली
- 10,820 हेक्टेयर सिंचाई क्षमता
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed