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जीआईएस से जुड़ेंगे बिजली के खंभे
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 09 Sep 2016 12:40 AM IST
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bitut bibhag, lalitpur news
- फोटो : demo
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ललितपुर। विद्युत विभाग शहर के सभी विद्युत खंभों से जुड़े कनेक्शनों को जीआईएस (जियोग्राफीकल इंफोर्मेशन सिस्टम) से जोड़ेगा। इसके लिए शहर के सभी खंभों के कनेक्शनों की लखनऊ से मॉनीटरिंग की जा सकेगी और खंभे पर विद्युत खपत की जानकारी ली जा सकेगी।
विद्युत विभाग द्वारा शहर में 24 हजार विद्युत उपभोक्ताओं को बिजली कनेक्शन जारी किए गए हैं। इसके लिए विभाग द्वारा विभिन्न क्षमता के 295 विद्युत ट्रांसफार्मर और कनेक्शनों के सापेक्ष विद्युत खंभे स्थापित किए गए हैं, जिनके माध्यम से विद्युत कनेक्शन उपभोक्ताओं तक पहुंचाए गए हैं। कौन सा उपभोक्ता किस खंभे और किस सब स्टेशन से जुड़ा हुआ है और उस खंभे पर कनेक्शनों के आधार पर कितना लोड है इसकी जानकारी उत्तर प्रदेश पावर कार्पोरेशन द्वारा लखनऊ से ही मॉनीटरिंग की जा सकेगी।
इसके लिए कार्पोरेशन द्वारा शहर के विद्युत ट्रांसफार्मरों पर लगे हाई रीडिंग मीटर में एक चिप को लगाया गया है, जिससे उस ट्रांसफार्मर के अंतर्गत विद्युत खंभों, सब स्टेशन और टाउन कोड को फीड किया गया
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है। सभी विद्युत खंभों पर पीले रंग से पेंट कर उस पर सब स्टेशन कोड, टाउन कोड और पोला कोड लिखा जा रहा है। ताकि किसी भी उपभोक्ता के कनेक्शन के डाटा की जानकारी उस सब स्टेशन और उससे जुड़े खंभे के अनुसार मीटरों में लगी चिप के माध्यम से ऑन-लाइन आसानी से ली जा सके ।
इस कार्य का जिम्मा कार्पोरेशन द्वारा एचसीएल कंपनी को सौंपा गया है। कंपनी द्वारा लो-टेंशन और हाइटेंशन दोनों प्रकार के खंभों के लिए अलग-अलग एल और एच कोड को दर्शाया गया है। हालांकि शहर में अब अंडर ग्राउंड केबल भी बिछाई जा रही है, जिससे खुले तार व लटक रहीं बंच केबलों से भी मुक्ति मिल जाएगी। ऐसे में अब बिजली विभाग पूरी तरह से हाइटेक हो जाएगा, जिसकी मॉनीटरिंग लखनऊ से कार्पोरेशन के अधिकारियों द्वारा की जा सकेगी।
शहर में एचसीएल कंपनी द्वारा खंभों पर कनेक्शनों की ऑनलाइन मॉनीटरिंग के लिए कोड को लिखाया जा रहा है। अंडर ग्राउंड केबल भी बिछाई जा रही है, जिससे झूलते तार तो हट जाएंगे, लेकिन खंभों के सहारे घरों को जाने वाली केबल को लगाने से खंभे नहीं हटाए जाएंगे।
-अखिलेश कुमार वर्मा, उपखंड अधिकारी प्रथम, विद्युत।
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विद्युत विभाग द्वारा शहर में 24 हजार विद्युत उपभोक्ताओं को बिजली कनेक्शन जारी किए गए हैं। इसके लिए विभाग द्वारा विभिन्न क्षमता के 295 विद्युत ट्रांसफार्मर और कनेक्शनों के सापेक्ष विद्युत खंभे स्थापित किए गए हैं, जिनके माध्यम से विद्युत कनेक्शन उपभोक्ताओं तक पहुंचाए गए हैं। कौन सा उपभोक्ता किस खंभे और किस सब स्टेशन से जुड़ा हुआ है और उस खंभे पर कनेक्शनों के आधार पर कितना लोड है इसकी जानकारी उत्तर प्रदेश पावर कार्पोरेशन द्वारा लखनऊ से ही मॉनीटरिंग की जा सकेगी।
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इसके लिए कार्पोरेशन द्वारा शहर के विद्युत ट्रांसफार्मरों पर लगे हाई रीडिंग मीटर में एक चिप को लगाया गया है, जिससे उस ट्रांसफार्मर के अंतर्गत विद्युत खंभों, सब स्टेशन और टाउन कोड को फीड किया गया
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है। सभी विद्युत खंभों पर पीले रंग से पेंट कर उस पर सब स्टेशन कोड, टाउन कोड और पोला कोड लिखा जा रहा है। ताकि किसी भी उपभोक्ता के कनेक्शन के डाटा की जानकारी उस सब स्टेशन और उससे जुड़े खंभे के अनुसार मीटरों में लगी चिप के माध्यम से ऑन-लाइन आसानी से ली जा सके ।
इस कार्य का जिम्मा कार्पोरेशन द्वारा एचसीएल कंपनी को सौंपा गया है। कंपनी द्वारा लो-टेंशन और हाइटेंशन दोनों प्रकार के खंभों के लिए अलग-अलग एल और एच कोड को दर्शाया गया है। हालांकि शहर में अब अंडर ग्राउंड केबल भी बिछाई जा रही है, जिससे खुले तार व लटक रहीं बंच केबलों से भी मुक्ति मिल जाएगी। ऐसे में अब बिजली विभाग पूरी तरह से हाइटेक हो जाएगा, जिसकी मॉनीटरिंग लखनऊ से कार्पोरेशन के अधिकारियों द्वारा की जा सकेगी।
शहर में एचसीएल कंपनी द्वारा खंभों पर कनेक्शनों की ऑनलाइन मॉनीटरिंग के लिए कोड को लिखाया जा रहा है। अंडर ग्राउंड केबल भी बिछाई जा रही है, जिससे झूलते तार तो हट जाएंगे, लेकिन खंभों के सहारे घरों को जाने वाली केबल को लगाने से खंभे नहीं हटाए जाएंगे।
-अखिलेश कुमार वर्मा, उपखंड अधिकारी प्रथम, विद्युत।