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ठंड से किसान की मौत
ब्यूरो
Updated Wed, 13 Jan 2016 01:40 AM IST
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तालबेहट (ललितपुर)। कोतवाली अंतर्गत ग्राम ककड़ारी में ठंड लगने से एक व्यक्ति की मौत हो गई। जानकारी के बाद उपजिलाधिकारी एवं नायव तहसीलदार स्वयं मौके पर गए। मौके पर गए अधिकारियों को ग्रामीणों ने बताया कि मृतक की रात में खेत पर लगी फसल को पानी देते समय मौत हो गई। बाद में पुलिस ने शव को शील कर परीक्षण के लिए जिला मुख्यालय भिजवा दिया।
ककड़ारी निवासी पूरन पुत्र चतरा बंशकार उम्र करीब 46 वर्ष के पास खेती की मात्र साढें तीन एकड़ भूमि है। जिस पर वह खेती कर अपने तीन बच्चों का भरण पोषण करता आ रहा है। पिछलें तीन फसलें बर्बाद होने एवं इस बार भी पानी की कमी के चलते वह नहर चालू होने पर रात में अपनी फसल को पानी दे रहा था।
उसी समय ठंड लगने से उसकी मौत हो गई। सुबह जब वह घर पर नहीं पहुंचा तो परिवार के लोग खेत पर पहुचें। वहां उसका शव मिला। मृतक पर केसीसी के एक लाख रूपए के कर्जें के अलावा गांव के कुछ साहूकारों का भी पैैसा उधार था। लगातार फसल बर्बाद होने पर उसके ऊपर कर्ज भी बढ़ता जा रहा था।
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जानकारी के बाद उपजिलाधिकारी रत्नाकर मिश्र एवं नायव तहसीलदार सुबोध मणि शर्मा,राजस्व निरीक्षक शिवकुमार चौबे, लेखपाल राजेन्द्र प्रसाद श्रीवास्तव मौके पर गए। बाद में पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भिजवा दिया। इस संबंध में ग्रामीणों ने मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता दिलाने की गुहार लगाई। जिस पर उपजिलाधिकारी ने शासन द्वारा मिलने वाली सहायता दिलाने का भरोसा दिया।
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ककड़ारी निवासी पूरन पुत्र चतरा बंशकार उम्र करीब 46 वर्ष के पास खेती की मात्र साढें तीन एकड़ भूमि है। जिस पर वह खेती कर अपने तीन बच्चों का भरण पोषण करता आ रहा है। पिछलें तीन फसलें बर्बाद होने एवं इस बार भी पानी की कमी के चलते वह नहर चालू होने पर रात में अपनी फसल को पानी दे रहा था।
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उसी समय ठंड लगने से उसकी मौत हो गई। सुबह जब वह घर पर नहीं पहुंचा तो परिवार के लोग खेत पर पहुचें। वहां उसका शव मिला। मृतक पर केसीसी के एक लाख रूपए के कर्जें के अलावा गांव के कुछ साहूकारों का भी पैैसा उधार था। लगातार फसल बर्बाद होने पर उसके ऊपर कर्ज भी बढ़ता जा रहा था।
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जानकारी के बाद उपजिलाधिकारी रत्नाकर मिश्र एवं नायव तहसीलदार सुबोध मणि शर्मा,राजस्व निरीक्षक शिवकुमार चौबे, लेखपाल राजेन्द्र प्रसाद श्रीवास्तव मौके पर गए। बाद में पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भिजवा दिया। इस संबंध में ग्रामीणों ने मृतक के परिजनों को आर्थिक सहायता दिलाने की गुहार लगाई। जिस पर उपजिलाधिकारी ने शासन द्वारा मिलने वाली सहायता दिलाने का भरोसा दिया।