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मंदिर से छत्र चोरी
lalitpur
Updated Tue, 17 May 2016 01:28 AM IST
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मंदिर
- फोटो : amar ujala
पाली (ललितपुर)। थाना पाली क्षेत्र के ग्राम दूधई स्थित शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर में रविवार की सुबह चोरी गए छत्र की सोमवार तक रिपोर्ट दर्ज होने से जैन समाज में आक्रोश है। मंदिर समिति ने आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की है। साथ ही पुरातत्व विभाग के खिलाफ भी उनमें रोष है।
ग्राम दूधई काफी प्राचीन स्थल है। यहां प्राचीन मूर्तियां, मंदिर व स्मारक बने हुए हैं। रविवार की सुबह पाली निवासी प्रेम कुमार जैन अपनी पत्नी व साथियों के साथ शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर पहुंचे तो वहां उन्होंने देखा कि मंदिर के ताले टूटे पड़े है और चांदी का छत्र गायब है। इसके अलावा चंवर और आरती के लिए रखा डिब्बा गायब है। सूचना मिलने पर श्री शांतिनाथ दिगंबर जैन समिति ने पुलिस को सूचना दी। साथ ही मंदिर समिति के पदाधिकारी व पुलिस मौके पर पहुंच गई, पुलिस ने स्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने अभी तक घटना का मुकदमा दर्ज नहीं किया है इससे मंदिर समिति व जैन समाज में आक्रोश है। मंदिर समिति का आरोप है कि यहां की सुरक्षा में तैनात सुरक्षा कर्मी द्वारा लापरवाही बरती जाती है, जिससे कारण यह घटना घटित हुई है।
इससे पूर्व में भी चोरी की घटनाएं हुईं। मंदिर की सुरक्षा को लेकर जैन समाज के लोगों में आक्रोश है। मंदिर तक जाने के लिए यहां पर सड़क नहीं है। यहां बाबड़ी बनी है, जिससे भगवान का अभिषेक किया जाता है, लेकिन देखरेख के अभाव में उसकी स्थिति भी काफी खराब हो गई है। यहां बने छोटे-छोटे मंदिरों की ओर पुरातत्व विभाग द्वारा ध्यान नहीं दिए जाने के कारण उनका अस्तित्व खतरे में हैं। समिति अध्यक्ष दीपक कुमार जैन ने बताया कि मंदिर की सुरक्षा को लेकर पुलिस का कोई ध्यान नहीं है। जबकि, दूधई का मंदिर काफी प्राचीन है। जल्द ही जिलाधिकारी से मुलाकात कर मंदिर जाने के लिए सड़क निर्माण कराने और मंदिर की सुरक्षा की मांग की जाएगी।
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ग्राम दूधई काफी प्राचीन स्थल है। यहां प्राचीन मूर्तियां, मंदिर व स्मारक बने हुए हैं। रविवार की सुबह पाली निवासी प्रेम कुमार जैन अपनी पत्नी व साथियों के साथ शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर पहुंचे तो वहां उन्होंने देखा कि मंदिर के ताले टूटे पड़े है और चांदी का छत्र गायब है। इसके अलावा चंवर और आरती के लिए रखा डिब्बा गायब है। सूचना मिलने पर श्री शांतिनाथ दिगंबर जैन समिति ने पुलिस को सूचना दी। साथ ही मंदिर समिति के पदाधिकारी व पुलिस मौके पर पहुंच गई, पुलिस ने स्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने अभी तक घटना का मुकदमा दर्ज नहीं किया है इससे मंदिर समिति व जैन समाज में आक्रोश है। मंदिर समिति का आरोप है कि यहां की सुरक्षा में तैनात सुरक्षा कर्मी द्वारा लापरवाही बरती जाती है, जिससे कारण यह घटना घटित हुई है।
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इससे पूर्व में भी चोरी की घटनाएं हुईं। मंदिर की सुरक्षा को लेकर जैन समाज के लोगों में आक्रोश है। मंदिर तक जाने के लिए यहां पर सड़क नहीं है। यहां बाबड़ी बनी है, जिससे भगवान का अभिषेक किया जाता है, लेकिन देखरेख के अभाव में उसकी स्थिति भी काफी खराब हो गई है। यहां बने छोटे-छोटे मंदिरों की ओर पुरातत्व विभाग द्वारा ध्यान नहीं दिए जाने के कारण उनका अस्तित्व खतरे में हैं। समिति अध्यक्ष दीपक कुमार जैन ने बताया कि मंदिर की सुरक्षा को लेकर पुलिस का कोई ध्यान नहीं है। जबकि, दूधई का मंदिर काफी प्राचीन है। जल्द ही जिलाधिकारी से मुलाकात कर मंदिर जाने के लिए सड़क निर्माण कराने और मंदिर की सुरक्षा की मांग की जाएगी।
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