फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Lalitpur News ›   Charges taken from hospitals

अस्पतालों से लिया जाएगा शुल्क

Sat, 23 Jan 2016 12:50 AM IST
ब्यूरो
ब्यूरो Updated Sat, 23 Jan 2016 12:50 AM IST
विज्ञापन
Charges taken from hospitals
ललितपुर। नगर में संचालित नर्सिंग होम और पैथालॉजी, क्लीनिक के कचरा प्रबंधन के लिए शासन के आदेश पर नगरपालिका ने शुल्क वसूलने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए सीएमओ दफ्तर से सूची मंगा ली है और अब सभी को नोटिस जारी किए जाएंगे।
विज्ञापन


शहर में संचालित नर्सिंग होम, डिस्पेंसरी, पैथालॉजी से कचरा निकलता है। यह कचरा अस्पतालों के बाहर इधर-उधर फैला रहता है। इससे तमाम तरह की बीमारियां फैल सकती हैं। इस कचरे के सही प्रबंधन की मांग उठती रही है, लेकिन उस पर अमल नहीं होता है।
विज्ञापन


नगरपालिका ही अपने संसाधनों से सफाई कराती है और चिकित्सा संबंधी कचरे को उठाकर सफाई कराती है। नगरपालिका अब तक इस कचरे  को उठाने और सफाई के लिए कोई शुल्क नहीं वसूलती थी, लेकिन अब शासन के सचिव श्रीप्रकाश सिंह द्वारा भेजे गए एक आदेश में कहा गया है कि नर्सिंग होम आदि से शुल्क वसूला जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसी क्रम में नगरपालिका ने शुल्क वसूली करने के लिए मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय से चिकित्सालयों, नर्सिंग होम, डिस्पेंसरी और पैथालॉजी की सूची मंगा ली है।

सीएमओ दफ्तर से मिली सूची के मुताबिक शहर में 6 नर्सिंग होम, 17 पैथालॉजी व एक्सरे सेंटर तथा 92 क्लीनिक हैं, जहां चिकित्सक प्रतिदिन प्रैक्टिस करते हैं। इन सभी से शुल्क लेने के लिए नोटिस जारी की जाएगी। नर्सिंग होम में बेड की संख्या के आधार पर, पैथालॉजी पर उसके क्षेत्रफल तथा उपलब्ध मशीनों के आधार पर पालिका शुल्क निर्धारित करेगी।

दरअसल, शुल्क पालिका लगाए या नहीं, इसको लेकर उच्च न्यायालय में इंडियन मेडिकल एसोसिएशन ने रिट दायर की थी। इसपर चली लंबी लड़ाई के बाद कोर्ट ने पालिका के पक्ष में फैसला देते हुए नर्सिंग होम, पैथालॉजी, एक्सरे और प्रतिदिन प्रैक्टिस करने वाले चिकित्सकों से शुल्क लेने का निर्णय सुनाया था। इसी क्रम में प्रदेश शासन के सचिव ने पालिका को सभी नर्सिंग होम पर शुल्क लगाने का निर्देश दिया।


फैला रहता है कचरा
ज्यादातर नर्सिंग होम और पैथालॉजी के बाहर व आसपास डिस्पोजल सिरिंज, पट्टी, इंजेक्शन आदि फैले रहते हैं। यह मेडिकल कचरा काफी हानिकारक होता है। हालांकि, इसके निस्तारण के लिए अलग से व्यवस्था है, लेकिन शहर में मानक का पालन नहीं होता है।

सभी नर्सिंग होम और पैथालॉजी की सूची प्राप्त हो गई है। सभी को नोटिस जारी किए जाएंगे और सभी से लाइसेंस शुल्क लिया जाएगा।
-एके अरुण, कर निर्धारण अधिकारी, नगर पालिका, ललितपुर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed