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सरकार पर डाक कर्मियों की अनदेखी का लगाया आरोप
Updated Wed, 06 Jun 2018 01:44 AM IST
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सरकार पर डाक कर्मियों की अनदेखी का लगाया आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। प्रधान डाकघर प्रांगण में डाक सेवकों की चल रही अनिश्चितकालीन हड़ताल आज भी जारी रही 7 वक्ताओं ने केंद्र सरकार सहित डाक विभाग पर डाक सेवको की अनदेखी का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि विभाग ने अपने वायदे से मुकरते हुए विभाग के ही एक अधिकारी वेतन संबंधी कमेटी का चेयरमैन बना दिया है। वहीं कमलेश चंद्र कमेटी की सिफारिशें लागू नहीं होने से भी रोष व्याप्त है।
उन्होंने कहा कि कमलेश चन्द्र कमेटी की सिफ़ारिशो को लागू किए जाने की मांग को लेकर डाक सेवक आंदोलनरत हैं। पिछले कुछ दिनों में 5 डाक सेवक हड़ताल के दौरान आत्महत्या कर चुके हैं। इसके बाद भी न तो भारत सरकार और न ही डाक विभाग पसीज रहा है। इससे कार्यरत डाक कर्मियों में रोष पनप रहा है। डाक विभाग अब भी ग्रामीण डाक कर्मियों की मांगे पूरी करने की जगह आश्वासन देकर ठगना चाहता है। इससे पहले भी डाक सेवको की एक यूनियन के साथ विभाग का एक समझौता हुआ था, जिसमें डाक सेवको की वेतन संबंधी कमेटी का चेयरमैन सुप्रीमकोर्ट या हाईकोर्ट का न्यायाधीश बनाने की बात कही थी, लेकिन उनकी तैनाती की जगह डाक सेवको का शोषण करने वाले अपने ही एक अधिकारी को कमेटी का चेयरमैन बना दिया है।7 अब विराट डाक सेवक वर्ग जाग चुका है और वह सालों से चले आ रहे शोषण के खिलाफ किसी भी हद तक जाने को तैयार है। इस मौके पर वीरेंद्र बुंदेला, बनवारीलाल , श्रीराम, भजनलाल, पुरषोत्तम मिश्रा, राकेश जैन, कमलेश, दशरथ अहिरवार, शोभाराम, देवेंद्र, प्रीतमसिंह, ओमप्रकाश, रतनलाल, रेखा, दीप्ति, नेहा शगुन आदि डाक सेवक उपस्थित रहे।
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अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। प्रधान डाकघर प्रांगण में डाक सेवकों की चल रही अनिश्चितकालीन हड़ताल आज भी जारी रही 7 वक्ताओं ने केंद्र सरकार सहित डाक विभाग पर डाक सेवको की अनदेखी का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि विभाग ने अपने वायदे से मुकरते हुए विभाग के ही एक अधिकारी वेतन संबंधी कमेटी का चेयरमैन बना दिया है। वहीं कमलेश चंद्र कमेटी की सिफारिशें लागू नहीं होने से भी रोष व्याप्त है।
उन्होंने कहा कि कमलेश चन्द्र कमेटी की सिफ़ारिशो को लागू किए जाने की मांग को लेकर डाक सेवक आंदोलनरत हैं। पिछले कुछ दिनों में 5 डाक सेवक हड़ताल के दौरान आत्महत्या कर चुके हैं। इसके बाद भी न तो भारत सरकार और न ही डाक विभाग पसीज रहा है। इससे कार्यरत डाक कर्मियों में रोष पनप रहा है। डाक विभाग अब भी ग्रामीण डाक कर्मियों की मांगे पूरी करने की जगह आश्वासन देकर ठगना चाहता है। इससे पहले भी डाक सेवको की एक यूनियन के साथ विभाग का एक समझौता हुआ था, जिसमें डाक सेवको की वेतन संबंधी कमेटी का चेयरमैन सुप्रीमकोर्ट या हाईकोर्ट का न्यायाधीश बनाने की बात कही थी, लेकिन उनकी तैनाती की जगह डाक सेवको का शोषण करने वाले अपने ही एक अधिकारी को कमेटी का चेयरमैन बना दिया है।7 अब विराट डाक सेवक वर्ग जाग चुका है और वह सालों से चले आ रहे शोषण के खिलाफ किसी भी हद तक जाने को तैयार है। इस मौके पर वीरेंद्र बुंदेला, बनवारीलाल , श्रीराम, भजनलाल, पुरषोत्तम मिश्रा, राकेश जैन, कमलेश, दशरथ अहिरवार, शोभाराम, देवेंद्र, प्रीतमसिंह, ओमप्रकाश, रतनलाल, रेखा, दीप्ति, नेहा शगुन आदि डाक सेवक उपस्थित रहे।
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