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सुप्रीम व हाई कोर्ट के अन्य आदेशों का क्यों पालन नहीं करा रही प्रदेश सरकार
Updated Sat, 09 Sep 2017 01:32 AM IST
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कोर्ट के अन्य फैसले लागू नहीं कर रही सरकार
ललितपुर। संयुक्त शिक्षा मित्र संघर्ष समिति के तत्वावधान में स्थानीय कंपनी बाग में शिक्षामित्रों की बैठक आयोजित की गई। इसमें आगामी समय में प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर आंदोलन करने की रणनीति तय की गई। इसके अलावा अपनी मांगों को मुख्यमंत्री तक पहुंचाने के लिए ज्ञापन उत्तर प्रदेश सरकार के श्रम सेवायोजन मंत्री मनोहर लाल पंथ और सदर विधायक रामरतन कुशवाहा सौंपा। इस दौरान वक्ताओं ने
कहा कि इतनी निर्दयी सरकार उत्तर प्रदेश में है, जो शिक्षा मित्रों की मजबूरी को नहीं जान रही है। इसी क्रम में जिलाध्यक्ष भगबत सिंह बैस ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा अन्य आदेश भी पारित हुए, लेकिन इस सरकार ने वह लागू नहीं किए हैं। जैसे उच्चतम न्यायालय द्वारा आदेश पारित हुआ था कि सभी राजनेता अधिकारी कर्मचारी एवं अन्य सभी जनप्रतिनिधि प्राथमिक विद्यालयों में अपने बच्चों के नाम अंकित करवाए। लेकिन सरकार उसे अमल में नहीं ला पाई है। माननीय कोर्ट से अपील की गई है कि सभी फैसले लागू करवाए तो उचित होगा। बैठक में प्रमुख रूप से अवंति रिछारिया, सुनीता, राघवेंद्र चौहान, किरण यादव, अनिता, सीमा, ब्रजेश कुमारी, कमलापति, आदेश पुरोहित, अनिल रजक, दयाली राम, रामसिंह उपस्थित रहे।
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ललितपुर। संयुक्त शिक्षा मित्र संघर्ष समिति के तत्वावधान में स्थानीय कंपनी बाग में शिक्षामित्रों की बैठक आयोजित की गई। इसमें आगामी समय में प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर आंदोलन करने की रणनीति तय की गई। इसके अलावा अपनी मांगों को मुख्यमंत्री तक पहुंचाने के लिए ज्ञापन उत्तर प्रदेश सरकार के श्रम सेवायोजन मंत्री मनोहर लाल पंथ और सदर विधायक रामरतन कुशवाहा सौंपा। इस दौरान वक्ताओं ने
कहा कि इतनी निर्दयी सरकार उत्तर प्रदेश में है, जो शिक्षा मित्रों की मजबूरी को नहीं जान रही है। इसी क्रम में जिलाध्यक्ष भगबत सिंह बैस ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा अन्य आदेश भी पारित हुए, लेकिन इस सरकार ने वह लागू नहीं किए हैं। जैसे उच्चतम न्यायालय द्वारा आदेश पारित हुआ था कि सभी राजनेता अधिकारी कर्मचारी एवं अन्य सभी जनप्रतिनिधि प्राथमिक विद्यालयों में अपने बच्चों के नाम अंकित करवाए। लेकिन सरकार उसे अमल में नहीं ला पाई है। माननीय कोर्ट से अपील की गई है कि सभी फैसले लागू करवाए तो उचित होगा। बैठक में प्रमुख रूप से अवंति रिछारिया, सुनीता, राघवेंद्र चौहान, किरण यादव, अनिता, सीमा, ब्रजेश कुमारी, कमलापति, आदेश पुरोहित, अनिल रजक, दयाली राम, रामसिंह उपस्थित रहे।
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