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सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर कहीं खुशी कहीं गम का रहा माहौल
Updated Wed, 26 Jul 2017 03:02 AM IST
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सुप्रीम कोर्ट के फैसले को लेकर शिक्षामित्रों में बना रहा संशय
ललितपुर। मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व में सहायक अध्यापक पद पर समायोजित हुए प्रदेश के शिक्षामित्रों के मामले में अपना फैसला सुना दिया है। कुछ शिक्षामित्र इस फैसले अपने पक्ष में इसे मान रहे हैं, तो कुछ इसे विपरीत बता रहे हैं। अधिकारी भी इससे बचते रहे। प्रदेश में तैनात लगभग 1.72 लाख शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक के पद पर समायोजित किया गया था, जिसके खिलाफ हाईकोर्ट ने शिक्षामित्रों के खिलाफ फैसला दिया था। इसके विरोध में सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई थी। काफी लंबी सुनवाई के बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया। इस फैसले को लेकर देर शाम तक स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी। इससे शिक्षा मित्रों में बेचैनी में देखी गई। फैसला समायोजित शिक्षामित्रों के पक्ष में हुआ या फिर विरोध में। देर शाम तक शिक्षा मित्र इसकी पुष्टी करते रहे। चैनलों व सोशल मीडिया में चली खबरों ने इसे और भी गहरा कर दिया। हालांकि कुछ शिक्षामित्रों को इस बात का अहसास हो गया कि फैसला उनके खिलाफ गया है। इस संबंध में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अंबरीष कुमार का कहना है कि अभी कुछ साफ नहीं है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले की प्रति आने पर ही कुछ कहा जा सकता है।
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ललितपुर। मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व में सहायक अध्यापक पद पर समायोजित हुए प्रदेश के शिक्षामित्रों के मामले में अपना फैसला सुना दिया है। कुछ शिक्षामित्र इस फैसले अपने पक्ष में इसे मान रहे हैं, तो कुछ इसे विपरीत बता रहे हैं। अधिकारी भी इससे बचते रहे। प्रदेश में तैनात लगभग 1.72 लाख शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक के पद पर समायोजित किया गया था, जिसके खिलाफ हाईकोर्ट ने शिक्षामित्रों के खिलाफ फैसला दिया था। इसके विरोध में सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई थी। काफी लंबी सुनवाई के बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया। इस फैसले को लेकर देर शाम तक स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी। इससे शिक्षा मित्रों में बेचैनी में देखी गई। फैसला समायोजित शिक्षामित्रों के पक्ष में हुआ या फिर विरोध में। देर शाम तक शिक्षा मित्र इसकी पुष्टी करते रहे। चैनलों व सोशल मीडिया में चली खबरों ने इसे और भी गहरा कर दिया। हालांकि कुछ शिक्षामित्रों को इस बात का अहसास हो गया कि फैसला उनके खिलाफ गया है। इस संबंध में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अंबरीष कुमार का कहना है कि अभी कुछ साफ नहीं है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के फैसले की प्रति आने पर ही कुछ कहा जा सकता है।