{"_id":"61901897bcc08d659d22d2a8","slug":"1238-sacks-of-dap-fertilizer-in-stock-one-sack-found-on-the-spot-lalitpur-news-jhs2087175151","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्टॉक में डीएपी खाद की 1238 बोरियां, मौके पर मिली एक बोरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्टॉक में डीएपी खाद की 1238 बोरियां, मौके पर मिली एक बोरी
विज्ञापन
महरौनी (ललितपुर)। अफसरों की टीम ने शनिवार को खाद की दुकानों के निरीक्षण में एक दुकान पर स्टॉक में डीएपी खाद की 1238 बोरियां दिखना और मौके पर मात्र एक बोरी मिली। इस पर जिला कृषि अधिकारी ने उक्त मामले में आरोपी दुकान संचालक के खिलाफ थाने में तहरीर देकर रिपोर्ट दर्ज कराई है।
जिला कृृषि अधिकारी राजीव कुमार भारती ने थाना प्रभारी तहरीर देकर बताया कि 13 नवंबर दिन शनिवार को तहसील क्षेत्र में उर्वरक की दुकानों पर आकस्मिक निरीक्षण संयुक्त रूप से एसडीएम अमित कुमार भारती के नेतृत्व में जिला उद्यान अधिकारी, उपसंभागीय कृषि प्रसार अधिकारी एवं नायब तहसीलदार ने आमोद कुमार जैन मेसर्स ज्ञान सागर फर्टिलाइजर्स टीकमगढ़ रोड महरौनी उर्वरक की दुकान पर जांच करने गए तो वहां पर दुकान /गोदाम खुली पाई गई। वहां पर उपलब्ध सुुनील अभि जैन ने बताया गया कि दुकान पर मात्र एक बोरी डीएपी उपलब्ध है। उक्त लोगों उर्वरक से संबंधित कोई भी अभिलेख व पीओएस मशीन उपलब्ध नहीं कराई। उनके द्वारा दुकान मालिक को बाहर होना बताया। सुनील ने मोबाइल से बात कराई गई तो उनको मौके पर बुलाया गया लेकिन वह नहीं आए। जबकि उनको पीओएस आईडी संख्या 38269 पर डीएपी 61-900 मीट्रिक टन (1238 बोरी) अवशेष एवं यूरिया 0.750 मीट्रिक टन अवशेष आ रही हैं। इनकी उर्वरक की दुकान पर डीएपी सिर्फ एक बोरी पाई गई, जो पीओएस मशीन आईडी से स्टॉक का अंतर पाया गया। इनके द्वारा उर्वरक का मनमाने तरीके से व्यापार किया जा रहा है, जो उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 एवं उर्वरक संचालन नियंत्रण आदेश 1973 की 3 क का स्पष्ट उल्लंघन है। थाना पुलिस ने जिला कृषि अधिकारी की तहरीर पर उक्त मामले में उर्वरक खाद की दुकान संचालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
विज्ञापन
जिला कृृषि अधिकारी राजीव कुमार भारती ने थाना प्रभारी तहरीर देकर बताया कि 13 नवंबर दिन शनिवार को तहसील क्षेत्र में उर्वरक की दुकानों पर आकस्मिक निरीक्षण संयुक्त रूप से एसडीएम अमित कुमार भारती के नेतृत्व में जिला उद्यान अधिकारी, उपसंभागीय कृषि प्रसार अधिकारी एवं नायब तहसीलदार ने आमोद कुमार जैन मेसर्स ज्ञान सागर फर्टिलाइजर्स टीकमगढ़ रोड महरौनी उर्वरक की दुकान पर जांच करने गए तो वहां पर दुकान /गोदाम खुली पाई गई। वहां पर उपलब्ध सुुनील अभि जैन ने बताया गया कि दुकान पर मात्र एक बोरी डीएपी उपलब्ध है। उक्त लोगों उर्वरक से संबंधित कोई भी अभिलेख व पीओएस मशीन उपलब्ध नहीं कराई। उनके द्वारा दुकान मालिक को बाहर होना बताया। सुनील ने मोबाइल से बात कराई गई तो उनको मौके पर बुलाया गया लेकिन वह नहीं आए। जबकि उनको पीओएस आईडी संख्या 38269 पर डीएपी 61-900 मीट्रिक टन (1238 बोरी) अवशेष एवं यूरिया 0.750 मीट्रिक टन अवशेष आ रही हैं। इनकी उर्वरक की दुकान पर डीएपी सिर्फ एक बोरी पाई गई, जो पीओएस मशीन आईडी से स्टॉक का अंतर पाया गया। इनके द्वारा उर्वरक का मनमाने तरीके से व्यापार किया जा रहा है, जो उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 एवं उर्वरक संचालन नियंत्रण आदेश 1973 की 3 क का स्पष्ट उल्लंघन है। थाना पुलिस ने जिला कृषि अधिकारी की तहरीर पर उक्त मामले में उर्वरक खाद की दुकान संचालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
विज्ञापन