{"_id":"5c33bb03bdec225697311f91","slug":"121546894083-lalitpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"जिलाधिकारी ने हरीझंडी दिखाकर क्षयरोगी टीम को किया रवाना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जिलाधिकारी ने हरीझंडी दिखाकर क्षयरोगी टीम को किया रवाना
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डीएम ने क्षयरोगी टीम को हरी झंडी दिखाई
ललितपुर। सोमवार को डीएम मानवेंद्र सिंह ने पुनरीक्षित राष्ट्रीय क्षय नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत तृतीय चरण के सक्रिय क्षय रोगी खोज अभियान का शुभारंभ नवीन कलक्ट्रेट परिसर में हरी झंडी दिखाकर टीमों को रवाना किया गया। इस दौरान जिला क्षयरोग अधिकारी डॉ. जेएस बक्शी ने बताया कि जिले में यह अभियान सात से 17 जनवरी 2019 तक चलाया जाएगा, जिसके लिए 58 टीमें घर-घर जाकर टीबी के संभावित लक्षणों वाले मरीजों के बलगम के दो नमूने लेकर नजदीक के बलगम जांच केंद्र पर जांच कराई जायेगी। टीबी की पुष्टि होने पर रोगी को घर पर ही दवा उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही इनका 48 घंटे के अंदर उपचार शुरू करवाना है। इसके लिए 13 सुपरवाइजर और सभी ब्लॉकों के चिकित्सा अधीक्षक/चिकित्सा अधिकारी को जिम्मेदार बनाया गया है। इस दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रताप सिंह व टीम सदस्य व स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारीगण मौजूद रहे।
यह हैं टीबी के लक्षण
15 दिन से लगातार खांसी का आना।
15 दिन से अधिक बुखार का आना।
पिछले 6 महीने में कभी भी बलगम में खून का आना।
पिछले 01 महीने में कभी भी सीने में दर्द की शिकायत का होना।
वजन का कम होना।
पुराने टीबी के मरीज स्नको उपरोक्त में से कोई भी एक लक्षण हों
विज्ञापन
ललितपुर। सोमवार को डीएम मानवेंद्र सिंह ने पुनरीक्षित राष्ट्रीय क्षय नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत तृतीय चरण के सक्रिय क्षय रोगी खोज अभियान का शुभारंभ नवीन कलक्ट्रेट परिसर में हरी झंडी दिखाकर टीमों को रवाना किया गया। इस दौरान जिला क्षयरोग अधिकारी डॉ. जेएस बक्शी ने बताया कि जिले में यह अभियान सात से 17 जनवरी 2019 तक चलाया जाएगा, जिसके लिए 58 टीमें घर-घर जाकर टीबी के संभावित लक्षणों वाले मरीजों के बलगम के दो नमूने लेकर नजदीक के बलगम जांच केंद्र पर जांच कराई जायेगी। टीबी की पुष्टि होने पर रोगी को घर पर ही दवा उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही इनका 48 घंटे के अंदर उपचार शुरू करवाना है। इसके लिए 13 सुपरवाइजर और सभी ब्लॉकों के चिकित्सा अधीक्षक/चिकित्सा अधिकारी को जिम्मेदार बनाया गया है। इस दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रताप सिंह व टीम सदस्य व स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारीगण मौजूद रहे।
यह हैं टीबी के लक्षण
15 दिन से लगातार खांसी का आना।
15 दिन से अधिक बुखार का आना।
पिछले 6 महीने में कभी भी बलगम में खून का आना।
पिछले 01 महीने में कभी भी सीने में दर्द की शिकायत का होना।
वजन का कम होना।
पुराने टीबी के मरीज स्नको उपरोक्त में से कोई भी एक लक्षण हों