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‘ट्रैक्टर-ट्रॉली के मालिकों को दिए गए लोहिया आवास’
अमर उजाला ब्यूरो लखीमपुर खीरी।
Updated Tue, 06 Dec 2016 10:06 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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शिकायत की तो मिली गालियां, धमकियां
लोहिया आवास योजना अफसरों और नेताओं के भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही है। इस बारे में शिकायत करने पर कार्रवाई तो दूर पीड़ितों को ही धमकियां मिलने लगी हैं। एसपी मनोज कुमार झा ने ऐसे ही एक मामले में फूलबेहड़ पुलिस को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
ब्लाक रमियाबेहड़ की ग्राम पतरासी निवासी अनीता देवी ने एसपी को शिकायती पत्र देते हुए बताया कि उसके गांव में टैक्टर ट्रॉली के मालिकों और पतरासी चौराहे पर दुकानों के मालिकों तक को लोहिया आवास मंजूर किए गए है, जबकि गांव की गरीब असहाय भूमिहीन विधवाओं और परित्यक्ताओं को सूची में शामिल नहीं किया गया है। पुष्पा देवी ने बताया कि गांव में लोहिया आवास चयन के लिए कभी खुली बैठक ही नहीं बुलाई गई बल्कि गलत तरीके से आवास मंजूरी का प्रस्ताव भेज दिया गया है। एसपी मनोज कुमार झा से फरियाद करते हुए बताया कि तीन दिसंबर को दिए शिकायती पत्र की जानकारी मिलते ही पांच दिसंबर को प्रधान के सगे भाई ने अपने घर बुलवाकर जातिसूचक गालियां दी है, शिकायत वापस लेने के लिए दबाव बनाते हुए जान से मार डालने की धमकी दी।
इधर, सीडीओ अमित बंसल का कहना है कि बीडीओ रमियाबेहड़ को जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच आख्या आने के बाद साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
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लोहिया आवास योजना अफसरों और नेताओं के भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ रही है। इस बारे में शिकायत करने पर कार्रवाई तो दूर पीड़ितों को ही धमकियां मिलने लगी हैं। एसपी मनोज कुमार झा ने ऐसे ही एक मामले में फूलबेहड़ पुलिस को कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
ब्लाक रमियाबेहड़ की ग्राम पतरासी निवासी अनीता देवी ने एसपी को शिकायती पत्र देते हुए बताया कि उसके गांव में टैक्टर ट्रॉली के मालिकों और पतरासी चौराहे पर दुकानों के मालिकों तक को लोहिया आवास मंजूर किए गए है, जबकि गांव की गरीब असहाय भूमिहीन विधवाओं और परित्यक्ताओं को सूची में शामिल नहीं किया गया है। पुष्पा देवी ने बताया कि गांव में लोहिया आवास चयन के लिए कभी खुली बैठक ही नहीं बुलाई गई बल्कि गलत तरीके से आवास मंजूरी का प्रस्ताव भेज दिया गया है। एसपी मनोज कुमार झा से फरियाद करते हुए बताया कि तीन दिसंबर को दिए शिकायती पत्र की जानकारी मिलते ही पांच दिसंबर को प्रधान के सगे भाई ने अपने घर बुलवाकर जातिसूचक गालियां दी है, शिकायत वापस लेने के लिए दबाव बनाते हुए जान से मार डालने की धमकी दी।
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इधर, सीडीओ अमित बंसल का कहना है कि बीडीओ रमियाबेहड़ को जांच के आदेश दिए गए हैं। जांच आख्या आने के बाद साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।