Tikunia Case: आरोप तय करने को लेकर बहस जारी, 20 जुलाई को फिर सुनवाई
तिकुनिया हिंसा मामले में शनिवार को भी आशीष मिश्र मोनू की ओर से अदालत में दी गई डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर सुनवाई पूरी नहीं हो सकी। आशीष मिश्र मोनू की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अवधेश सिंह डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर बहस कर रहे थे।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
तिकुनिया हिंसा मामले में शनिवार को भी मुख्य आरोपी आशीष मिश्र मोनू की डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर बहस चलती रही। समय समाप्त होने के बाद अदालत ने डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर शेष बहस के लिए अगली तारीख 20 जुलाई की तिथि तय की है।
तिकुनिया हिंसा मामले में शनिवार को भी आशीष मिश्र मोनू की ओर से अदालत में दी गई डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर सुनवाई पूरी नहीं हो सकी। आशीष मिश्र मोनू की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अवधेश सिंह डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर बहस कर रहे थे। इसी दौरान अभियोजन पक्ष के समर्थन में वादी के व्यक्तिगत अधिवक्ता सुरेश सिंह मुन्ना ने अदालत से निवेदन किया कि कानून के अनुसार एक अभियुक्त की ओर से एक ही अधिवक्ता को अपनी बात रखने का अधिकार प्राप्त है, लिहाजा इस मामले में एक आरोपी की ओर से एक ही अधिवक्ता को उपस्थित होने और बहस करने की अनुमति दी जानी चाहिए।
इस पर आशीष मिश्र मोनू की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता अवधेश दुबे ने एतराज जताया। जिला जज मुकेश मिश्र ने इस नोकझोंक पर पटाक्षेप करते हुए अधिवक्ताओं को निर्देशित किया और कहा कि अभी तो आशीष मिश्र की ओर से ही डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर बहस की जा रही है। अदालती कार्रवाई शीघ्र पूरी होने में सभी को सहयोग देना चाहिए।
अपनी बहस में अवधेश सिंह ने अभियोजन पक्ष की ओर से आरोप पत्र में उल्लेखित किए गए आंखों देखे गवाहों के बयानों में विसंगतियों पर विस्तार से प्रकाश डाला। इस दौरान बचाव पक्ष की ओर से शैलेंद्र सिंह गौड़, राम आशीष मिश्र, चंद्र मोहन सिंह, अनिल प्रकाश त्रिवेदी प्रमुख रूप से मौजूद रहे तो अभियोजन की ओर से डीजीसी अरविंद त्रिपाठी और वादी के व्यक्तिगत अधिवक्ता सुरेश सिंह मुन्ना, विनय सिंह आदि अभियोजन टीम के वकील मौजूद रहे।
क्रॉस केस के मामले में सुनवाई 18 तारीख को
तिकुनिया हिंसा के क्रास केस मुकदमे में जिला जज मुकेश मिश्र 18 जुलाई को सुनवाई करेंगे। इस मामले में भी आरोपियों ने डिस्चार्ज एप्लीकेशन दे रखी है, जिस पर दो आरोपियों की ओर से दी गई डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर अभी राज्य सरकार की ओर से आपत्ति नहीं प्रस्तुत की गई है। लिहाजा उम्मीद है कि सोमवार की सुनवाई में अभियोजन की ओर से डिस्चार्ज एप्लीकेशन पर आपत्तियां रखी जाएंगी।