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Lakhimpur Kheri News: बाघिन का शव मिला, संघर्ष में मौत की आशंका
Tue, 05 May 2026 11:11 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Tue, 05 May 2026 11:11 PM IST
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मझगई। उत्तर खीरी वन प्रभाग के मझगई रेंज के तहत नौनिया बीट के जंगल में मंगलवार सुबह एक वयस्क बाघिन का शव मिलने से हड़कंप मच गया। सूचना पर क्षेत्रीय वन अधिकारी और रेंज स्टाफ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की।
घटनास्थल के निरीक्षण के दौरान टीम को वहां किसी अन्य बाघ के पैरों के निशान मिले हैं, जिससे माना जा रहा है कि मौत से पहले बाघिन का सामना किसी दूसरे शिकारी से हुआ था। बाघिन के शरीर पर दूसरे बाघ के नुकीले दांतों और नाखूनों के गहरे निशान मिले हैं।
बताया गया है कि संघर्ष इतना जबरदस्त था कि मृत बाघिन के पंजों में भी किसी अन्य वन्य जीव के बाल फंसे हुए पाए गए हैं, जो इस बात का प्रमाण है कि बाघिन ने अपनी जान बचाने के लिए कड़ा मुकाबला किया था।
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वन विभाग के अधिकारियों का प्रथम दृष्टया मानना है कि यह मौत आपसी क्षेत्र टेरिटरी के वर्चस्व को लेकर हुए संघर्ष के कारण हुई है। हालांकि विभाग पूरी सावधानी बरत रहा है और राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण के कड़े प्रोटोकॉल के तहत मामले की तफ्तीश की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि बाघिन के शव का पोस्टमाॅर्टम विशेषज्ञों के एक पैनल द्वारा कराया जा रहा है और विसरा के नमूने भी सुरक्षित किए जा रहे हैं। वास्तविक मौत के कारणों की अंतिम पुष्टि पोस्टमाॅर्टम और प्रयोगशाला की विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद ही की जाएगी। मझगईं वन क्षेत्रीय अधिकारी अंकित सिंह ने बताया कि सुबह करीब 7 बजे के आसपास गश्त के दौरान बाघिन का शव महेंद्र नगर वन ब्लॉक के पास पाया गया था। प्रथम दृष्टया आपसी संघर्ष से मौत होना पाया गया है। घटनास्थल के पास आठ कमरे लगाए गए हैं।
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घटनास्थल के निरीक्षण के दौरान टीम को वहां किसी अन्य बाघ के पैरों के निशान मिले हैं, जिससे माना जा रहा है कि मौत से पहले बाघिन का सामना किसी दूसरे शिकारी से हुआ था। बाघिन के शरीर पर दूसरे बाघ के नुकीले दांतों और नाखूनों के गहरे निशान मिले हैं।
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बताया गया है कि संघर्ष इतना जबरदस्त था कि मृत बाघिन के पंजों में भी किसी अन्य वन्य जीव के बाल फंसे हुए पाए गए हैं, जो इस बात का प्रमाण है कि बाघिन ने अपनी जान बचाने के लिए कड़ा मुकाबला किया था।
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वन विभाग के अधिकारियों का प्रथम दृष्टया मानना है कि यह मौत आपसी क्षेत्र टेरिटरी के वर्चस्व को लेकर हुए संघर्ष के कारण हुई है। हालांकि विभाग पूरी सावधानी बरत रहा है और राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण के कड़े प्रोटोकॉल के तहत मामले की तफ्तीश की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि बाघिन के शव का पोस्टमाॅर्टम विशेषज्ञों के एक पैनल द्वारा कराया जा रहा है और विसरा के नमूने भी सुरक्षित किए जा रहे हैं। वास्तविक मौत के कारणों की अंतिम पुष्टि पोस्टमाॅर्टम और प्रयोगशाला की विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद ही की जाएगी। मझगईं वन क्षेत्रीय अधिकारी अंकित सिंह ने बताया कि सुबह करीब 7 बजे के आसपास गश्त के दौरान बाघिन का शव महेंद्र नगर वन ब्लॉक के पास पाया गया था। प्रथम दृष्टया आपसी संघर्ष से मौत होना पाया गया है। घटनास्थल के पास आठ कमरे लगाए गए हैं।