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Lakhimpur Kheri News: गन्ने का बीज बना रहे मजदूर पर शावकों के साथ बाघिन का हमला
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बांकेगंज के निकट खेत में गन्ने की पताई में छिपा बैठा बाघ शावक।
बांकेगंज। दक्षिण खीरी वन प्रभाग की गोला रेंज में बरौंछा नाला के निकट मंगलवार को खेत में गन्ने का बीज बना रहे मजदूरों पर दो शावकों के साथ बाघिन ने हमला कर दिया। मजदूरों के शोर मचाने पर बाघिन एक शावक के साथ भाग गई, जबकि दूसरा बाघिन से बिछड़ गया। वह दूसरी दिशा में भागकर खेत की मेड़ पर गन्ने की सूखी पताई के बीच छिप गया। सूचना पर शावक को देखने के लिए वहां भीड़ जुट गई। मौके पर पहुंचे मैलानी रेंज के वनकर्मियों ने शावक की निगरानी शुरू कर दी है।
दक्षिण खीरी वन प्रभाग की गोला रेंज की पश्चिम बीट और बांकेगंज-कुकरा मार्ग पर मंगलवार सुबह आठ बजे बरौंछा नाले से सटे खेत में हरदुआ गांव निवासी मुलहे अपने परिजनों और मजदूरों के साथ गन्ने का बीज छील रहे थे। खेत में दो शावकों के साथ बाघिन पहले से छिपी थी, अचानक बाघिन ने शावकों के साथ मुलहे के 30 वर्षीय पुत्र कौशल के ऊपर झपट्टा मार दिया। यह देख वहां मौजूद विजय पाल समेत अन्य मजदूरों ने शोर मचाया तो बाघिन भाग खड़ी हुई। एक शावक तो बाघिन के साथ भाग गया, जबकि दूसरा बिछड़कर दूसरे खेत की मेड़ पर पड़ी सूखी गन्ने की पत्तियों के ढेर में छिप गया।
ग्रामीणों ने घटना की जानकारी मैलानी रेंज के वन कर्मियों को दी। इस पर जटपुरा बीट के फॉरेस्टर अखिलेश सिंह, मुशर्रफ, राम सिंह, मेवा और अनीस मौके पर पहुंच गए। मामला गोला रेंज का होने के कारण इसकी सूचना गोला रेंज के वनकर्मियों को दी गई। इसके बाद पहुंचे गोला रेंज के वनकर्मियों ने शावक की निगरानी शुरू कर दी।
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वनकर्मी शावक से दूरी बनाकर उसकी निगरानी कर रहे हैं। वनकर्मियों का कहना है कि शावक को छूने से बाघिन अपने शावक का त्याग कर सकती है, इसलिए ग्रामीणों को भी खेत से दूर रहने के लिए कहा गया है। ग्रामीणों के मुताबिक, बाघिन पास ही गन्ने के खेतों में मौजूद है। शावक के बिछड़ जाने से वह लगातार गुर्रा रही है। आशंका है कि वह किसी समय हमलावर हो सकती है।
काफी देर तक इधर-उधर भागता रहा शावक
गन्ने के खेत में बाघिन से बिछड़ा शावक सुरक्षित ठिकाने की तलाश में काफी देर तक आसपास के खेतों में इधर-उधर भटकता रहा। जिन खेतों में शावक भाग रहा था उसमें खड़ी गन्ना फसल की किसान छिलाई कर चुके थे। खेतों में सूखी पत्तियां जमा थीं। शावक को खेत में भागते देख मौके पर जमा ग्रामीणों की भीड़ शोर मचाते हुए उसकी वीडियो बनाते रहे। सूचना पाकर घटनास्थल पर पहुंची मैलानी रेंज वन कर्मियों की टीम और थाना मैलानी क्षेत्र की कुकरा पुलिस चौकी इंचार्ज ने ग्रामीणों को समझाकर किसी तरह शांत किया।
गोला रेंज में बरौंछा नाले के निकट एक खेत की मेड़ पर गन्ने की सूखी पत्तियों के ढेर में शावक के छिपे होने की सूचना मिली है। वन विभाग लगातार शावक की निगरानी करा रहा है। ग्रामीणों को शावक से दूरी बनाकर रहने को कहा गया है। - संजय बिश्वाल, डीएफओ, दक्षिण खीरी वन प्रभाग
नौ घंटे बाद बिछड़े शावक को संग ले गई बाघिन
बांकेगंज। बांकेगंज-कुकरा मार्ग के निकट हरदुआ गांव निवासी मुलहे के गन्ने के खेत से शाम पांच बजे निकली बाघिन अपने बिछड़े शावक को साथ लेकर फिर खेत की ओर चली गई। बाघिन को गन्ने के खेत से निकलते देख शावक की निगरानी कर रही गोला वन कर्मियों की टीम वहां से दूरी बनाकर खड़ी हो गई। नौ घंटे बाद निगरानी टीमों ने राहत की सांस ली। उधर, दक्षिण खीरी वन प्रभाग के डीएफओ संजय बिश्वाल ने बाघिन द्वारा शावक को साथ ले जाने की पुष्टि की है। संवाद
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दक्षिण खीरी वन प्रभाग की गोला रेंज की पश्चिम बीट और बांकेगंज-कुकरा मार्ग पर मंगलवार सुबह आठ बजे बरौंछा नाले से सटे खेत में हरदुआ गांव निवासी मुलहे अपने परिजनों और मजदूरों के साथ गन्ने का बीज छील रहे थे। खेत में दो शावकों के साथ बाघिन पहले से छिपी थी, अचानक बाघिन ने शावकों के साथ मुलहे के 30 वर्षीय पुत्र कौशल के ऊपर झपट्टा मार दिया। यह देख वहां मौजूद विजय पाल समेत अन्य मजदूरों ने शोर मचाया तो बाघिन भाग खड़ी हुई। एक शावक तो बाघिन के साथ भाग गया, जबकि दूसरा बिछड़कर दूसरे खेत की मेड़ पर पड़ी सूखी गन्ने की पत्तियों के ढेर में छिप गया।
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ग्रामीणों ने घटना की जानकारी मैलानी रेंज के वन कर्मियों को दी। इस पर जटपुरा बीट के फॉरेस्टर अखिलेश सिंह, मुशर्रफ, राम सिंह, मेवा और अनीस मौके पर पहुंच गए। मामला गोला रेंज का होने के कारण इसकी सूचना गोला रेंज के वनकर्मियों को दी गई। इसके बाद पहुंचे गोला रेंज के वनकर्मियों ने शावक की निगरानी शुरू कर दी।
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वनकर्मी शावक से दूरी बनाकर उसकी निगरानी कर रहे हैं। वनकर्मियों का कहना है कि शावक को छूने से बाघिन अपने शावक का त्याग कर सकती है, इसलिए ग्रामीणों को भी खेत से दूर रहने के लिए कहा गया है। ग्रामीणों के मुताबिक, बाघिन पास ही गन्ने के खेतों में मौजूद है। शावक के बिछड़ जाने से वह लगातार गुर्रा रही है। आशंका है कि वह किसी समय हमलावर हो सकती है।
काफी देर तक इधर-उधर भागता रहा शावक
गन्ने के खेत में बाघिन से बिछड़ा शावक सुरक्षित ठिकाने की तलाश में काफी देर तक आसपास के खेतों में इधर-उधर भटकता रहा। जिन खेतों में शावक भाग रहा था उसमें खड़ी गन्ना फसल की किसान छिलाई कर चुके थे। खेतों में सूखी पत्तियां जमा थीं। शावक को खेत में भागते देख मौके पर जमा ग्रामीणों की भीड़ शोर मचाते हुए उसकी वीडियो बनाते रहे। सूचना पाकर घटनास्थल पर पहुंची मैलानी रेंज वन कर्मियों की टीम और थाना मैलानी क्षेत्र की कुकरा पुलिस चौकी इंचार्ज ने ग्रामीणों को समझाकर किसी तरह शांत किया।
गोला रेंज में बरौंछा नाले के निकट एक खेत की मेड़ पर गन्ने की सूखी पत्तियों के ढेर में शावक के छिपे होने की सूचना मिली है। वन विभाग लगातार शावक की निगरानी करा रहा है। ग्रामीणों को शावक से दूरी बनाकर रहने को कहा गया है। - संजय बिश्वाल, डीएफओ, दक्षिण खीरी वन प्रभाग
नौ घंटे बाद बिछड़े शावक को संग ले गई बाघिन
बांकेगंज। बांकेगंज-कुकरा मार्ग के निकट हरदुआ गांव निवासी मुलहे के गन्ने के खेत से शाम पांच बजे निकली बाघिन अपने बिछड़े शावक को साथ लेकर फिर खेत की ओर चली गई। बाघिन को गन्ने के खेत से निकलते देख शावक की निगरानी कर रही गोला वन कर्मियों की टीम वहां से दूरी बनाकर खड़ी हो गई। नौ घंटे बाद निगरानी टीमों ने राहत की सांस ली। उधर, दक्षिण खीरी वन प्रभाग के डीएफओ संजय बिश्वाल ने बाघिन द्वारा शावक को साथ ले जाने की पुष्टि की है। संवाद