{"_id":"64a7011c27f4cca3ff08b426","slug":"teacher-and-headmaster-found-absent-lakhimpur-news-c-120-1-lkh1002-712-2023-07-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: शिक्षक और हेड मास्टर मिले गैरहाजिर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: शिक्षक और हेड मास्टर मिले गैरहाजिर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
धौरहरा। शिक्षकों की लापरवाही के चलते बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा नहीं मिल पा रही है। बृहस्पतिवार की सुबह कोड़ियाना स्कूल में बच्चे तो मौजूद थे लेकिन शिक्षक नहीं पहुंचे थे।
वारिनटोला में महज दो शिक्षक बच्चों को पढ़ाते हुए दिखाई दिए। पड़ताल के दौरान पता चला कि वारिनटोला में तैनात हेड मास्टर जावेद अख्तर महीने में एकाध दिन ही स्कूल आते हैं। बताया जाता है कि यह विद्यालय बीआरसी से कुछ ही दूरी पर स्थित है, लेकिन बीआरसी पर तैनात अधिकारियों की अनदेखी के चलते शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है। धौरहरा के प्राथमिक विद्यालय वारिनटोला में बच्चों को रोटी-दाल व सब्जी का मेन्यू निर्धारित था मगर चावल व आलू की सब्जी परोसी जा रही थी।
हेडमास्टर ने बताया कि वह एक दिन पहले ही सड़क हादसे में घायल हो गए हैं। महीने में एकाध दिन स्कूल जाने की बात गलत है। पढ़ाने के अलावा कई और भी विभागीय कार्य होते हैं, जिन्हें वह ही करते हैं। वहीं, बीईओ आशीष कुमार पांडेय ने बताया कि धौरहरा क्षेत्र में डेढ़ सौ से ज्यादा विद्यालयों का संचालन किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान यदि हेड मास्टर मौजूद नहीं मिलते थे तो उनका अवकाश पत्र मिलता है। वह अब खुद इस विद्यालय की निगरानी करेंगे। बीएसए प्रवीण कुमार तिवारी ने कहा कि यदि धौहररा के वारिनटोला के हेड मास्टर जावेद अख्तर रोज विद्यालय नहीं पहुंचे रहे हैं तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
वारिनटोला में महज दो शिक्षक बच्चों को पढ़ाते हुए दिखाई दिए। पड़ताल के दौरान पता चला कि वारिनटोला में तैनात हेड मास्टर जावेद अख्तर महीने में एकाध दिन ही स्कूल आते हैं। बताया जाता है कि यह विद्यालय बीआरसी से कुछ ही दूरी पर स्थित है, लेकिन बीआरसी पर तैनात अधिकारियों की अनदेखी के चलते शिक्षण कार्य प्रभावित हो रहा है। धौरहरा के प्राथमिक विद्यालय वारिनटोला में बच्चों को रोटी-दाल व सब्जी का मेन्यू निर्धारित था मगर चावल व आलू की सब्जी परोसी जा रही थी।
विज्ञापन
हेडमास्टर ने बताया कि वह एक दिन पहले ही सड़क हादसे में घायल हो गए हैं। महीने में एकाध दिन स्कूल जाने की बात गलत है। पढ़ाने के अलावा कई और भी विभागीय कार्य होते हैं, जिन्हें वह ही करते हैं। वहीं, बीईओ आशीष कुमार पांडेय ने बताया कि धौरहरा क्षेत्र में डेढ़ सौ से ज्यादा विद्यालयों का संचालन किया जा रहा है। निरीक्षण के दौरान यदि हेड मास्टर मौजूद नहीं मिलते थे तो उनका अवकाश पत्र मिलता है। वह अब खुद इस विद्यालय की निगरानी करेंगे। बीएसए प्रवीण कुमार तिवारी ने कहा कि यदि धौहररा के वारिनटोला के हेड मास्टर जावेद अख्तर रोज विद्यालय नहीं पहुंचे रहे हैं तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन