{"_id":"67c1f2bb533c35e1c00d0a41","slug":"taraweeh-prayers-will-be-held-today-first-fast-tomorrow-lakhimpur-news-c-120-1-lkh1009-140319-2025-02-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: तरावीह की नमाज आज होगी, पहला रोजा कल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: तरावीह की नमाज आज होगी, पहला रोजा कल
विज्ञापन
रमजान को लेकर मस्जिदों में इस तरह हो रही तैयारियां। संवाद
लखीमपुर खीरी। माह-ए-रमजान का चांद शनिवार को देखा जाएगा। चांद दिखने पर पहला रोजा दो मार्च को होगा। चांद दिखने के साथ ही सभी मस्जिदों में तरावीह की नमाज शुरू होगी। सभी मस्जिदों में रमजान के पूरे महीने होने वाली तरावीह की नमाज की तैयारियां शुरू हो गईं हैं।
अधिकतर मस्जिदों में तैयारियां पूरी भी हो चुकीं हैं। साफ-सफाई का काम भी पूरा किया जा चुका है। उधर, बाजार में लोग रमजान की तैयारी में इबादत के लिए टोपियां, इत्र, तस्बीह वगैरह की खरीदारी करते दिखे। शनिवार को तरावीह पढ़नी है, इसलिए शुक्रवार को दिनभर रमजान की तैयारी में खरीदारी होती रही।
रमजान में तरावीह नमाज का बहुत महत्व है। सभी मस्जिदों में तरावीह की नमाज विशेष रूप से अदा की जाती है। ज्यादातर मस्जिदों के लिए हाफिज-ए-कुरआन तय हो चुके हैं। शहर की अधिकांश मस्जिदों में ईशा यानी रात की नमाज आठ बजे होगी। नमाज के फौरान बाद तरावीह की नमाज शुरू हो जाएगी।
विज्ञापन
शहर इमाम कारी इसहाक ने बताया कि तरावीह की नमाज मर्द व औरत सबके लिए सुन्नत है। तरावीह की नमाज पूरे माह-ए-रमजान में पढ़नी है। रमजान में तरावीह नमाज के दौरान एक बार कुरआन पूरा करना सुन्नत है। दो बार खत्म करना अफजल हैं। तीन बार कुरआन मुकम्मल करना फजीलत माना गया है। उन्होंने अपील की है कि पूरे माह इबादत करें और बुराइयों से दूर रहें।
विज्ञापन
अधिकतर मस्जिदों में तैयारियां पूरी भी हो चुकीं हैं। साफ-सफाई का काम भी पूरा किया जा चुका है। उधर, बाजार में लोग रमजान की तैयारी में इबादत के लिए टोपियां, इत्र, तस्बीह वगैरह की खरीदारी करते दिखे। शनिवार को तरावीह पढ़नी है, इसलिए शुक्रवार को दिनभर रमजान की तैयारी में खरीदारी होती रही।
विज्ञापन
रमजान में तरावीह नमाज का बहुत महत्व है। सभी मस्जिदों में तरावीह की नमाज विशेष रूप से अदा की जाती है। ज्यादातर मस्जिदों के लिए हाफिज-ए-कुरआन तय हो चुके हैं। शहर की अधिकांश मस्जिदों में ईशा यानी रात की नमाज आठ बजे होगी। नमाज के फौरान बाद तरावीह की नमाज शुरू हो जाएगी।
विज्ञापन
शहर इमाम कारी इसहाक ने बताया कि तरावीह की नमाज मर्द व औरत सबके लिए सुन्नत है। तरावीह की नमाज पूरे माह-ए-रमजान में पढ़नी है। रमजान में तरावीह नमाज के दौरान एक बार कुरआन पूरा करना सुन्नत है। दो बार खत्म करना अफजल हैं। तीन बार कुरआन मुकम्मल करना फजीलत माना गया है। उन्होंने अपील की है कि पूरे माह इबादत करें और बुराइयों से दूर रहें।

रमजान को लेकर मस्जिदों में इस तरह हो रही तैयारियां। संवाद