{"_id":"60f9bcdc8ebc3e79b36d5767","slug":"sp-district-president-accused-of-giving-post-in-exchange-for-money-told-conspiracy-lakhimpur-news-bly4539184176","type":"story","status":"publish","title_hn":"पैसे के बदले पद देने का आरोप, सपा जिलाध्यक्ष ने बताया षड्यंत्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पैसे के बदले पद देने का आरोप, सपा जिलाध्यक्ष ने बताया षड्यंत्र
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। सपा का जिलाध्यक्ष बनने के बाद पहली बार जिला कार्यकारिणी की घोषणा करने वाले रामपाल सिंह यादव पर कार्यकारिणी में ही सदस्य अंजलि सिंह ने पैसा लेकर पद देने के आरोप लगाए हैं। वहीं, जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह यादव ने अंजलि सिंह को विरोधी दलों के षड्यंत्र का शिकार बताया है।
बृहस्पतिवार दोपहर सपा जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह यादव ने अपनी कार्यकारिणी का एलान किया, लेकिन दोपहर बाद पार्टी कार्यालय लोहिया भवन के बाहर अंजलि सिंह ने हंगामा किया और सपा जिलाध्यक्ष पर एक लाख रुपये लेेकर पद बांटने का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि तीन महिलाओं के साथ सपा जिलाध्यक्ष के घर जाकर उन्होंने सचिव पद की मांग की थी। लेकिन, उन्हें सचिव नहीं बनाया। आरोप लगाया कि जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह यादव और महासचिव अंसार महलूद ने उनसे एक लाख रुपये की मांग की। बताया कि उनके पति बीमार थे, इसलिये पैसा नहीं दे पाईं। उन्होंने आरोप लगाया कि जिलाध्यक्ष ने उन्हें पहले की तरह ही महज जिला कार्यकारिणी में सदस्य बनाकर छोड़ दिया। उन्होंने राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव तक मामला पहुंचाने की बात कही। इधर, सपा जिलाध्यक्ष ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि अंजलि सिंह को जिला कार्यकारिणी में दोबारा सदस्य बनाया गया है।
अगर किसी को कोई दिक्कत है तो वह पार्टी फोरम पर अपनी बात कहे। संतुष्ट न होने पर वरिष्ठ नेताओं से कहें या प्रदेश नेतृत्व तक अपनी बात पहुंचाए, लेकिन इस तरह मीडिया में बात कहना समझ से परे है। पैसा लेकर पद देने की सपा की कभी संस्कृति नहीं रही है। अंजलि सिंह विरोधी दलों के षड्यंत्र का शिकार हो गई हैं।
विज्ञापन
- रामपाल सिंह यादव, जिलाध्यक्ष सपा
विज्ञापन
बृहस्पतिवार दोपहर सपा जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह यादव ने अपनी कार्यकारिणी का एलान किया, लेकिन दोपहर बाद पार्टी कार्यालय लोहिया भवन के बाहर अंजलि सिंह ने हंगामा किया और सपा जिलाध्यक्ष पर एक लाख रुपये लेेकर पद बांटने का आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि तीन महिलाओं के साथ सपा जिलाध्यक्ष के घर जाकर उन्होंने सचिव पद की मांग की थी। लेकिन, उन्हें सचिव नहीं बनाया। आरोप लगाया कि जिलाध्यक्ष रामपाल सिंह यादव और महासचिव अंसार महलूद ने उनसे एक लाख रुपये की मांग की। बताया कि उनके पति बीमार थे, इसलिये पैसा नहीं दे पाईं। उन्होंने आरोप लगाया कि जिलाध्यक्ष ने उन्हें पहले की तरह ही महज जिला कार्यकारिणी में सदस्य बनाकर छोड़ दिया। उन्होंने राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव तक मामला पहुंचाने की बात कही। इधर, सपा जिलाध्यक्ष ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि अंजलि सिंह को जिला कार्यकारिणी में दोबारा सदस्य बनाया गया है।
विज्ञापन
अगर किसी को कोई दिक्कत है तो वह पार्टी फोरम पर अपनी बात कहे। संतुष्ट न होने पर वरिष्ठ नेताओं से कहें या प्रदेश नेतृत्व तक अपनी बात पहुंचाए, लेकिन इस तरह मीडिया में बात कहना समझ से परे है। पैसा लेकर पद देने की सपा की कभी संस्कृति नहीं रही है। अंजलि सिंह विरोधी दलों के षड्यंत्र का शिकार हो गई हैं।
विज्ञापन
- रामपाल सिंह यादव, जिलाध्यक्ष सपा