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लाइसेंस बगैर चल रहा दूध का चिलर प्लांट सील
लखीमपुर खीरी
Updated Sun, 18 Jan 2015 11:41 PM IST
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डीएम गौरव दयाल के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने रविवार को विशेष कार्रवाई करते हुए शहर से सटे गांव खखरा में संचालित दयाल डेयरी के चिलर प्लांट पर छापेमारी की है, जहां गंदगी पाई गई। व्यापारी द्वारा प्लांट का लाइसेंस या प्रपत्र नहीं दिखाने पर टीम ने उसे सील कर दिया है। कार्रवाई के दौरान दो नमूने दूध के लिए गए। इसके अलावा शहर में राजापुर मंडी रोड स्थित रेवाड़ी स्वीट्स के यहां से भी हलवा के दो नमूने लिए गए हैं।
अभिहित अधिकारी विनय कुमार सहाय और नायब तहलीदार आनंद तिवारी की नेतृत्व में टीम ने खखरा गांव पहुंचकर प्लांट का गहनता से निरीक्षण किया। मौके पर करीब 2500 लीटर दूध पाया गया, लेकिन इतना बड़ा कारोबार बगैर लाइसेंस के संचालित होते पाया गया। व्यापारी से कागजात मांगे गए, लेकिन वह कोई प्रपत्र नहीं दिखा सका। मौके पर गंदगी पाई गई। अभिहित अधिकारी ने बताया कि प्लांट को सील कर दिया गया है। अब व्यापारी को नोटिस भेजी जाएगी, जिसके बाद लाइसेंस प्रस्तुत न करने की दशा में खाद्य सुरक्षा अधिनियम की धारा 55 के तहत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि इस कार्रवाई के तहत दोषी व्यापारी के विरुद्ध अधिकतम पांच लाख का जुर्माना और सजा हो सकती है। प्लांट अग्रिम आदेशों तक बंद रहेगा, आयुक्त के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद टीम ने रेवाड़ी स्वीट्स का निरीक्षण किया, जिसके किचन में गंदगी पाई गई। नोटिस बोर्ड भी नहीं मिला। मौके से गाजर और मूंग हलवा के नमूने लिए गए। टीम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी एके पाठक, विजय आनंद और एमपी सिंह शामिल रहे।
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अभिहित अधिकारी विनय कुमार सहाय और नायब तहलीदार आनंद तिवारी की नेतृत्व में टीम ने खखरा गांव पहुंचकर प्लांट का गहनता से निरीक्षण किया। मौके पर करीब 2500 लीटर दूध पाया गया, लेकिन इतना बड़ा कारोबार बगैर लाइसेंस के संचालित होते पाया गया। व्यापारी से कागजात मांगे गए, लेकिन वह कोई प्रपत्र नहीं दिखा सका। मौके पर गंदगी पाई गई। अभिहित अधिकारी ने बताया कि प्लांट को सील कर दिया गया है। अब व्यापारी को नोटिस भेजी जाएगी, जिसके बाद लाइसेंस प्रस्तुत न करने की दशा में खाद्य सुरक्षा अधिनियम की धारा 55 के तहत कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि इस कार्रवाई के तहत दोषी व्यापारी के विरुद्ध अधिकतम पांच लाख का जुर्माना और सजा हो सकती है। प्लांट अग्रिम आदेशों तक बंद रहेगा, आयुक्त के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद टीम ने रेवाड़ी स्वीट्स का निरीक्षण किया, जिसके किचन में गंदगी पाई गई। नोटिस बोर्ड भी नहीं मिला। मौके से गाजर और मूंग हलवा के नमूने लिए गए। टीम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी एके पाठक, विजय आनंद और एमपी सिंह शामिल रहे।
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