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नहीं बने आधार, कैसे मिलेगा बच्चों को मिड डे मील
अमर उजाला ब्यूरो लखीमपुर खीरी।
Updated Tue, 04 Jul 2017 11:29 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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परिषदीय स्कूलों में नामित एजेंसी ने शासन की मंशा को दिखाया ठेंगा
बच्चों के आधार नहीं बनने से अभिभावक परेशान, मई में पूरा करना था कार्य
आधार नामांकन के अनुसार मिड डे मील बांटने की है योजना
परिषदीय स्कूलों में बच्चों का आधार बनाने के लिए नामित एजेंसी यूपीडेस्को ने शासन की मंशा को ठेंगा दिखाते हुए स्कूलों में अभी तक कैंप नहीं लगाए हैं। जबकि मई 2017 तक सभी स्कूलों में कैंप लगाकर बच्चों का आधार कार्ड बनाना था। ताकि जुलाई से आधार नामांकन के मुताबिक बच्चों को मिड डे मील मिल सके। इसके लिए मिड डे मील प्राधिकरण ने वेबसाइट पर बच्चों के आधार नामांकन की फीडिंग कराने के आदेश दिए हैं, जिस पर बीएसए संजय कुमार शुक्ला ने सभी बीईओ को निर्देश भी जारी कर दिए हैं। बच्चों के आधार नहीं बनने से अभिभावक परेशान हैं।
बता दें कि केंद्र सरकार ने एक जुलाई 2017 से सभी परिषदीय विद्यालयों में मिड डे मील का वितरण आधार नामांकन के मुताबिक कराने का निर्णय लिया था। आधार नामांकन के लिए सरकार ने यूपीडेस्को को अप्रैल 2017 में जिम्मा सौंपा था, जिसे मई 2017 तक स्कूलों में कैंप लगाकर सभी बच्चों के आधार कार्ड बनाने थे। करीब तीन माह बीतने के बावजूद बच्चों के आधार बनाने का कार्य रफ्तार नहीं पकड़ सका है। विभागीय सूत्र बताते हैं कि एजेंसी ने कुछ ब्लॉकों के एक-दो विद्यालयों में कैंप लगाकर खानापूर्ति की है। ग्रामीण इलाकों में एक बार भी कैंप नहीं लगाया गया है। एजेंसी के कर्मचारी इस बावत जवाब देने से कतरा रहे हैं। वहीं मिड डे मील प्राधिकरण ने प्रत्येक शुक्रवार को ब्लॉक मुख्यालय स्थित बीआरसी पर बच्चों का आधार नामांकन वेबसाइट पर फीड कराने का आदेश दिया है। इससे अधिकारियों की धड़कने तेज हो गई हैं। कुछ अभिभावकों ने अपने प्रयासों से बच्चों के आधार बनवाएं हैं, लेकिन अन्य अभिभावकों की परेशानी बढ़ सकती है। यह तय है कि बगैर आधार नामांकन के बच्चों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने में दिक्कतें पेश आएंगी।
जिले के 3853 परिषदीय स्कूलों में करीब 5.62 लाख बच्चे पंजीकृत हैं, जिनके आधार बनाने का जिम्मा यूपीडेस्को को दिया गया है। सूचना मिली है कि एजेंसी ने ग्रामीण इलाकों के स्कूलों में अभी कैंप नहीं लगाए हैं, जिससे बच्चों के आधार नहीं बन पाए हैं। मामले की सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई है।
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संजय कुमार शुक्ला, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी
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बच्चों के आधार नहीं बनने से अभिभावक परेशान, मई में पूरा करना था कार्य
आधार नामांकन के अनुसार मिड डे मील बांटने की है योजना
परिषदीय स्कूलों में बच्चों का आधार बनाने के लिए नामित एजेंसी यूपीडेस्को ने शासन की मंशा को ठेंगा दिखाते हुए स्कूलों में अभी तक कैंप नहीं लगाए हैं। जबकि मई 2017 तक सभी स्कूलों में कैंप लगाकर बच्चों का आधार कार्ड बनाना था। ताकि जुलाई से आधार नामांकन के मुताबिक बच्चों को मिड डे मील मिल सके। इसके लिए मिड डे मील प्राधिकरण ने वेबसाइट पर बच्चों के आधार नामांकन की फीडिंग कराने के आदेश दिए हैं, जिस पर बीएसए संजय कुमार शुक्ला ने सभी बीईओ को निर्देश भी जारी कर दिए हैं। बच्चों के आधार नहीं बनने से अभिभावक परेशान हैं।
बता दें कि केंद्र सरकार ने एक जुलाई 2017 से सभी परिषदीय विद्यालयों में मिड डे मील का वितरण आधार नामांकन के मुताबिक कराने का निर्णय लिया था। आधार नामांकन के लिए सरकार ने यूपीडेस्को को अप्रैल 2017 में जिम्मा सौंपा था, जिसे मई 2017 तक स्कूलों में कैंप लगाकर सभी बच्चों के आधार कार्ड बनाने थे। करीब तीन माह बीतने के बावजूद बच्चों के आधार बनाने का कार्य रफ्तार नहीं पकड़ सका है। विभागीय सूत्र बताते हैं कि एजेंसी ने कुछ ब्लॉकों के एक-दो विद्यालयों में कैंप लगाकर खानापूर्ति की है। ग्रामीण इलाकों में एक बार भी कैंप नहीं लगाया गया है। एजेंसी के कर्मचारी इस बावत जवाब देने से कतरा रहे हैं। वहीं मिड डे मील प्राधिकरण ने प्रत्येक शुक्रवार को ब्लॉक मुख्यालय स्थित बीआरसी पर बच्चों का आधार नामांकन वेबसाइट पर फीड कराने का आदेश दिया है। इससे अधिकारियों की धड़कने तेज हो गई हैं। कुछ अभिभावकों ने अपने प्रयासों से बच्चों के आधार बनवाएं हैं, लेकिन अन्य अभिभावकों की परेशानी बढ़ सकती है। यह तय है कि बगैर आधार नामांकन के बच्चों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने में दिक्कतें पेश आएंगी।
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जिले के 3853 परिषदीय स्कूलों में करीब 5.62 लाख बच्चे पंजीकृत हैं, जिनके आधार बनाने का जिम्मा यूपीडेस्को को दिया गया है। सूचना मिली है कि एजेंसी ने ग्रामीण इलाकों के स्कूलों में अभी कैंप नहीं लगाए हैं, जिससे बच्चों के आधार नहीं बन पाए हैं। मामले की सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई है।
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संजय कुमार शुक्ला, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी