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Lakhimpur Kheri News: मकर संक्रांति 15 को, इस बार बाघ पर सवार हैं देवी
Sun, 11 Jan 2026 11:11 PM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Sun, 11 Jan 2026 11:11 PM IST
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पं. रामदेव मिश्र शस्त्राी।
बांकेगंज। ग्रहों के राजा सूर्य 14 जनवरी को मकर राशि में प्रवेश करेंगे। इसके बाद मकर संक्रांति 15 जनवरी को धूमधाम और श्रद्धा से मनाई जाएगी। पर्व पर श्रद्धालु पवित्र नदियों एवं तीर्थों में स्नान कर खिचड़ी एवं तिल के लड्डू आदि दान कर परंपरा का निर्वहन करेंगे।
सनातन धर्म में मकर संक्रांति पर्व का विशेष महत्व है। इस समय सूर्य के धनु राशि में होने से सभी मांगलिक कार्य बंद हैं। सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने पर मांगलिक एवं शुभ कार्य फिर शुरू हो जाएंगे। छोटी काशी गोला गोकर्णनाथ के ज्योतिषाचार्य पं. रामदेव मिश्र शास्त्री के मुताबिक, इस बार संक्रांति देवी का वाहन बाघ एवं उप वाहन अश्व है।
14 जनवरी को दोपहर 03:07 बजे सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेंगे। 15 जनवरी को पुण्यकाल में श्रद्धालु स्नान एवं दान करेंगे। संक्रांति देवी पीले वस्त्र धारण कर हाथ में गदा लिए हैं और चांदी के बर्तन में खीर खा रही हैं। इसका संकेत है कि इस बार फसल अच्छी होगी और व्यापार तरक्की करेगा। ज्योतिषाचार्य के मुताबिक, 14 को अनुराधा नक्षत्र एवं 15 जनवरी को ज्येष्ठा नक्षत्र रहेगा। श्रद्धालु सूर्य मंत्र का उच्चारण कर भगवान भास्कर को अर्घ्य अर्पण करेंगे।
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सनातन धर्म में मकर संक्रांति पर्व का विशेष महत्व है। इस समय सूर्य के धनु राशि में होने से सभी मांगलिक कार्य बंद हैं। सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने पर मांगलिक एवं शुभ कार्य फिर शुरू हो जाएंगे। छोटी काशी गोला गोकर्णनाथ के ज्योतिषाचार्य पं. रामदेव मिश्र शास्त्री के मुताबिक, इस बार संक्रांति देवी का वाहन बाघ एवं उप वाहन अश्व है।
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14 जनवरी को दोपहर 03:07 बजे सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेंगे। 15 जनवरी को पुण्यकाल में श्रद्धालु स्नान एवं दान करेंगे। संक्रांति देवी पीले वस्त्र धारण कर हाथ में गदा लिए हैं और चांदी के बर्तन में खीर खा रही हैं। इसका संकेत है कि इस बार फसल अच्छी होगी और व्यापार तरक्की करेगा। ज्योतिषाचार्य के मुताबिक, 14 को अनुराधा नक्षत्र एवं 15 जनवरी को ज्येष्ठा नक्षत्र रहेगा। श्रद्धालु सूर्य मंत्र का उच्चारण कर भगवान भास्कर को अर्घ्य अर्पण करेंगे।
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