{"_id":"68642b214cd8de639e0c20db","slug":"gram-panchayat-officer-suspended-on-several-charges-including-handpump-scam-lakhimpur-news-c-120-1-lkh1001-149547-2025-07-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: हैंडपंप घोटाला सहित कई आरोपों में ग्राम पंचायत अधिकारी निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: हैंडपंप घोटाला सहित कई आरोपों में ग्राम पंचायत अधिकारी निलंबित
Wed, 02 Jul 2025 12:08 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Wed, 02 Jul 2025 12:08 AM IST
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। डीपीआरओ के निरीक्षण में गांव के अधिकांश हैंडपंप खराब मिले, जबकि रिबोर व मरम्मत के नाम पर सरकारी धनराशि का भुगतान होना पाया गया। साथ ही गांव में पंचायत भवन बंद होने और गंदगी की भरमार होने पर डीपीआरओ ने संबंधित ग्राम पंचायत अधिकारी को निलंबित कर दिया। आरोपी सचिव को बिजुआ ब्लॉक में संबद्ध किया गया है। मामले की जांच बिजुआ एडीओ पंचायत को सौंपी गई है।
डीपीआरओ विशाल सिंह ने बताया कि पसगवां ब्लाॅक के ग्राम पंचायत कंजा एवं कोटरा के निरीक्षण में काफी खामियां मिली। कोटरा का सचिवालय बंद मिला और आसपास गंदगी मिली। कंजा का सचिवालय पिपराग्रंट स्कूल के पास है, वो भी निरीक्षण में बंद मिला। कोटरा में निर्मित सार्वजनिक शौचालय क्षतिग्रस्त मिला। सफाई भी ठीक नहीं मिली।
कंजा के अधिकतर हैंडपंप खराब मिले, जबकि एमआईएस पर नल मरम्मत एवं रीबोर के लिए समय-समय पर धनराशि निकाला जाना पाया गया।
कोटरा में एनएमएमएस एप पर 36 श्रमिकों की उपस्थिति दर्ज थी, जबकि मौके पर मात्र 19 मिले। चारागाह में तालाब खुदाई के लिए 40 श्रमिकों में नौ मिले। संबंधित ग्राम पंचायतों के सचिव विवेक वर्मा की लापरवाही सामने आई।
विज्ञापन
यह अधिकतर प्रगति समीक्षा बैठकों में भी नहीं जाते हैं। डीपीआरओ ने बताया कि सचिव विवेक वर्मा की लंबे समय से लापरवाही लगातार जारी रही, जिसके चलते निलंबित किया गया।
विज्ञापन
डीपीआरओ विशाल सिंह ने बताया कि पसगवां ब्लाॅक के ग्राम पंचायत कंजा एवं कोटरा के निरीक्षण में काफी खामियां मिली। कोटरा का सचिवालय बंद मिला और आसपास गंदगी मिली। कंजा का सचिवालय पिपराग्रंट स्कूल के पास है, वो भी निरीक्षण में बंद मिला। कोटरा में निर्मित सार्वजनिक शौचालय क्षतिग्रस्त मिला। सफाई भी ठीक नहीं मिली।
विज्ञापन
कंजा के अधिकतर हैंडपंप खराब मिले, जबकि एमआईएस पर नल मरम्मत एवं रीबोर के लिए समय-समय पर धनराशि निकाला जाना पाया गया।
कोटरा में एनएमएमएस एप पर 36 श्रमिकों की उपस्थिति दर्ज थी, जबकि मौके पर मात्र 19 मिले। चारागाह में तालाब खुदाई के लिए 40 श्रमिकों में नौ मिले। संबंधित ग्राम पंचायतों के सचिव विवेक वर्मा की लापरवाही सामने आई।
विज्ञापन
यह अधिकतर प्रगति समीक्षा बैठकों में भी नहीं जाते हैं। डीपीआरओ ने बताया कि सचिव विवेक वर्मा की लंबे समय से लापरवाही लगातार जारी रही, जिसके चलते निलंबित किया गया।