जनसंख्या नियंत्रण के लिए कानून बनाए सरकार: स्वामी यतींद्रानंद
गोला को तीर्थाटन के रूप में विकसित करने की जताई आवश्यकता
विस्तार
महामंडलेश्वर ने नेपाल में भारत के खिलाफ पनपते विरोध को समाप्त करने की उठाई मांग
लखीमपुर खीरी। नीमगांव के लखनियापुर में हो रहे यज्ञ में शामिल होने पहुंचे जूना अखाड़ा के महामंडलेश्वर स्वामी यतींद्रानंद गिरि ने कहा कि सरकार जल्द ही जनसंख्या नियंत्रण कानून लाए। 2019 में पीएम मोदी द्वारा लाल किले से दिए भाषण की याद दिलाते हुए महामंडलेश्वर ने कहा कि तेजी से बढ़ती जनसंख्या देश के लिए बड़ी समस्या बन रही है, जिसे कानून बनाकर हर हाल में नियंत्रित करना होगा।
सदर ब्लॉक के निवर्तमान प्रमुख प्रतिनिधि आशुतोष वर्मा के आवास पर जलपान के दौरान महामंडलेश्वर स्वामी यतींद्रानंद गिरि ने पत्रकारों से वार्ता की, जिसमें उन्होंने देश में सनातन धर्म के खिलाफ चल रही साजिशों पर चिंता जताई। उन्होंने जल्द कड़े निर्णय लेने की केंद्र सरकार से मांग करते हुए तीर्थाटन और पर्यटन को अलग-अलग ढंग से विकसित करने की आवश्यकता जताई। सांस्कृतिक और धार्मिक स्थलों को विशेष तौर पर प्लान बनाकर विकसित करने की आवश्यकता जताई। अयोध्या की भांति मथुरा, वृंदावन, वाराणसी आदि स्थलों के विकास की मांग सरकार से की।
उन्होंने तीर्थ स्थल को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने पर चिंता जाहिर की। छोटी काशी गोला को तीर्थाटन के तौर पर विकसित करने की योजना पर काम करने की आवश्यकता जताई। इसके लिए प्रशासन और स्थानीय प्रबंधन को मिलकर विस्तार की रूपरेखा तैयार करने के लिए कहा। पड़ोसी देश नेपाल में चीन की घुसपैठ से पनप रहे भारत विरोधी स्वर को समाप्त करने के लिए केंद्र सरकार को जल्द कोई कदम उठाने की बात कही। कैलाश मानसरोवर को पुन: भारत में विलय करने और तिब्बत को चीन से मुक्त कराने की मांग सरकार से की।