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Lakhimpur Kheri News: अनदेखी पर भड़के बीडीसी सदस्यों ने किया विरोध-प्रदर्शन
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मांगों को लेकर डीएम को ज्ञापन देने पहुंचे बीडीसी सदस्य- संवाद
लखीमपुर खीरी। अनदेखी का दंश झेल रहे बीडीसी सदस्यों ने सोमवार को अपनी मांगों को लेकर विरोध-प्रदर्शन किया। डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल को ज्ञापन सौंपकर हक दिलाने की मांग की। कहा कि बीडीसी सदस्यों की लगातार अनदेखी की जा रही है। कहा कि मांगों पर ध्यान नहीं दिया तो अनिश्चित कालीन धरना व इस्तीफा देने को बेबस होंगे।
प्रधान क्षेत्र पंचायत स्वाभिमान संघ के तहत तमाम बीडीसी सदस्यों सोमवार को कलक्ट्रेट पहुंचे। बताया कि दो वर्ष पहले शासन ने बीडीसी सदस्यों के लिए शासनादेश जारी किया गया था, जिसको आज तक लागू नहीं किया गया। उनको अधिकारों से वंचित किया जा रहा है। यह तो लोकतांत्रिक व्यवस्था का अपमान है। सदस्यों की वर्ष में छह बैठकें होनी चाहिए, ताकि वह भी अपने-अपने क्षेत्र की समस्याओं को सदन में रख सकें। इसका जीओ भी है, लेकिन इसका पालन नहीं होता है।
गांव स्तर पर काफी विकास कार्य होते हैं, लेकिन किसी भी कार्य में बीडीसी की सहभागिता नहीं ली जाती है। विकास कार्यों के लिए पंचायत सचिव व लेखपाल सीधे प्रधान से संपर्क कर काम कराते हैं। यह बीडीसी सदस्यों का अपमान है। अपने क्षेत्र में कोई भी कार्य न करा पाने पर अपमान सहना पड़ता है। इसका निवारण होना चाहिए।
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बीडीसी सदस्यों ने चेतावनी दी कि अगर मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो इस्तीफा देने को बेबस होंगे। विरोध प्रदर्शन में जिलाध्यक्ष सरोज गुप्ता, शिवम सैनी, प्रमोद शुक्ला, रूपराम, संतोष वर्मा, सुरजीत, अंकुर, सुरेश कुमार, गीतादेवी, नीलम आदि मौजूद रहे।
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प्रधान क्षेत्र पंचायत स्वाभिमान संघ के तहत तमाम बीडीसी सदस्यों सोमवार को कलक्ट्रेट पहुंचे। बताया कि दो वर्ष पहले शासन ने बीडीसी सदस्यों के लिए शासनादेश जारी किया गया था, जिसको आज तक लागू नहीं किया गया। उनको अधिकारों से वंचित किया जा रहा है। यह तो लोकतांत्रिक व्यवस्था का अपमान है। सदस्यों की वर्ष में छह बैठकें होनी चाहिए, ताकि वह भी अपने-अपने क्षेत्र की समस्याओं को सदन में रख सकें। इसका जीओ भी है, लेकिन इसका पालन नहीं होता है।
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गांव स्तर पर काफी विकास कार्य होते हैं, लेकिन किसी भी कार्य में बीडीसी की सहभागिता नहीं ली जाती है। विकास कार्यों के लिए पंचायत सचिव व लेखपाल सीधे प्रधान से संपर्क कर काम कराते हैं। यह बीडीसी सदस्यों का अपमान है। अपने क्षेत्र में कोई भी कार्य न करा पाने पर अपमान सहना पड़ता है। इसका निवारण होना चाहिए।
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बीडीसी सदस्यों ने चेतावनी दी कि अगर मांगों पर ध्यान नहीं दिया गया तो इस्तीफा देने को बेबस होंगे। विरोध प्रदर्शन में जिलाध्यक्ष सरोज गुप्ता, शिवम सैनी, प्रमोद शुक्ला, रूपराम, संतोष वर्मा, सुरजीत, अंकुर, सुरेश कुमार, गीतादेवी, नीलम आदि मौजूद रहे।