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स्कूल खुले तो लौटी रौनक, पहले दिन कम संख्या में पहुंचे विद्यार्थी

Tue, 17 Aug 2021 02:59 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Tue, 17 Aug 2021 02:59 AM IST
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बालिका इंटर कॉलेज में पहले दिन पढ़ाई करतीं छात्राएं। संवाद - फोटो : LAKHIMPUR
लखीमपुर खीरी। कोरोना संक्रमण के चलते कई माह से बंद सभी बोर्ड के माध्यमिक विद्यालय सोमवार से कोविड प्रोटोकॉल के तहत खुल गए। स्कूलों का संचालन दो पालियों हुआ। पहले दिन दोनों पालियों में विद्यार्थियों की संख्या बेहद कम रही। उधर, स्कूलों का नजारा भी बदला बदला रहा। क्लास रूम में मास्क लगाकर छात्र छात्राओं ने सामाजिक दूरी पालन करते हुए शिक्षण कार्य किया। उधर, एक सितंबर से कक्षा एक से आठ तक के स्कूल भी खोले जाने के प्रदेश सरकार ने निर्देश दे दिए हैं।
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सीएम योगी के निर्देश पर सोमवार से सभी बोर्डों के माध्यमिक विद्यालयों में कक्षा नौ से 12 तक पढ़ाई शुरू हो गई। स्कूलों में कोविड प्रोटोकॉल के नियमों का पालन कराने के सारे इंतजाम थे। स्कूलों में गेट पर तापमान चेक कर और हाथ सैनिटाइज कराने के बाद ही विद्यार्थियों को क्लास रूम में सामाजिक दूरी का पालन करते हुए बैठाया गया। शासनादेश के अनुसार स्कूलों में दो पालियों में पढ़ाई हुई। पहली पाली में कक्षा नौ व 10 और दूसरी पाली में 11 और 12 के विद्यार्थी शामिल हुए।
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सनातन धर्म बालिका इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्य शिप्रा बाजपेई ने बताया कि कक्षा नौ से 12 तक 874 छात्राएं पंजीकृत हैं, जिन्हें दो पालियों में बुलाया जा रहा है। पहली पाली में 437 के सापेक्ष 120 और दूसरी पाली में 105 छात्राएं पढ़ने के लिए आईं। कुंवर खुशवक्त राय बालिका इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्य कुमारी भारती जायसवाल ने बताया कि कक्षा नौ से 12 तक की 350 छात्राएं पंजीकृत हैं। इसमें से 110 ने ही सहमति पत्र जमा किए हैं, जिसमें से पहले दिन दोनो पालियों में 60 छात्राएं ही पढ़ने के लिए विद्यालर्य आइं।
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पलिया : बंदिशों के बीच स्कूल पहुंचे छात्र
पलियाकलां। कोरोना काल के बाद स्कूल खुलने पर पहुंचे बच्चों में खासा उत्साह देखा गया। सामाजिक दूरी का पालन करते हुए दोस्तों से मुलाकात की। शिक्षकों से भी हालचाल लेने के बाद शिक्षा ग्रहण की।
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पलिया के गोल्डन फ्लावर स्कूल के शिक्षक फैजान ने बताया कि स्कूल खुलने से अब बच्चों को अच्छी शिक्षा देने का कार्य करने को मिलेगा। बच्चे अच्छी शिक्षा लेकर आगे भविष्य में कुछ बनते हैं तो अपने शिक्षकों को जरूर याद करते हैं।
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पलिया के गोल्डन फ्लावर स्कूल की छात्रा गुरनीत कौर ने बताया कि स्कूल खुलने से हम काफी खुश हैं। अब पढ़ाई अच्छे से हो पाएगी। कोरोना के कारण पढ़ाई में बहुत नुकसान हुआ है अब हम अध्यापकों की सहायता से अच्छे से पढ़ सकेंगे।
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पलिया के गोल्डन फ्लावर स्कूल के छात्र रवि कुमार यादव ने बताया कि स्कूल खुलने के बाद काफी अच्छा लग रहा है। ऑनलाइन पढ़ाई से काफी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। अब ऑनलाइन पढ़ाई से जहां छुटकारा मिलेगा वहीं स्कूल में हम एकाग्रता के साथ पढ़ सकेंगे।
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ऑन लाइन पढ़ाई तो हो रही है। मगर, क्लास रूम वाली पढ़ाई की बात ही कुछ और है। इसमें अच्छी तरह से समझ में आता है। जबकि मोबाइल पर पढ़ने में तमाम दिक्कतें आती हैं।
-शहर बानो, कक्षा-10 सी, सनातन धर्म बालिका इंटर कॉलेज
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ऑन लाइन पढ़ाई क्लास रूम का विकल्प नहीं बन सकती है। क्लास रूम में शिक्षकों से अच्छी तरह से समझा जा सकता है, जबकि मोबाइल पर समझने में दिक्कत होती है।
- नताशा वर्मा, कक्षा-10 बी, सनातन धर्म बालिका इंटर कॉलेज
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कोरोना के कारण पिछले साल से पढ़ाई चौपट है। जब सब कुछ खुल चुका है। तो स्कूल भी खुलने चाहिए, जिससे हम लोग अच्छी तरह से पढ़ाई कर सकें।
- श्रेयांशी श्रीवास्तव, कक्षा 10, कुंवर खुशवक्त राय बालिका इंटर कॉलेज
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कोरोना ने सबसे ज्यादा हम लोगों की पढ़ाई प्रभावित की है। घर पर पढ़ाई नहीं बन पाते थे। इसलिए स्कूलों का खुलना जरूरी था। कम से कम अब विधिवित पढ़ तो सकेंगे।
- शाजमीन अंसारी, कक्षा 11, कुंवर खुशवक्त राय बालिका इंटर कॉलेज
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गोला : पहले दिन छात्र संख्या काफी रही कम
गोला गोकर्णनाथ। सोमवार को माध्यमिक स्कूल तो खुले लेकिन कक्षाओं में छात्र संख्या काफी कम रही। विद्यार्थियों को दो पालियों में पढ़ाई रास नहीं आई। विद्यार्थियों ने एक ही पाली में कक्षाएं संचालित कराने की मांग की है। हालांकि, शिक्षकों को बेहतर हालात की उम्मीद है।
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पहले दिन क्लास अटेंड करके बहुत अच्छा लगा। दो पालियों की बजाए सुबह एक ही पाली में क्लास चलाई जाएं तो विद्यार्थियों के लिए ज्यादा बेहतर रहेगा।
-संजय श्रीवास्तव, कक्षा 10
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हम तीन भाई बहन छितौनिया गांव से साइकिल से आते हैं। भाई और बहन की कक्षा सुबह की पाली में है जबकि मेरा क्लास दूसरी पाली में दोपहर से है। अकेले स्कूल आने और घर जाने में दिक्कत के साथ सुनसान रास्ते में डर भी लगा रहता है।
-प्रांशी वर्मा, कक्षा 11
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मैलानी : पहले दिन 572 में 40 छात्र पहुंचे स्कूल
मैलानी। श्रीलाल बहादुर शास्त्री इंटर कॉलेज में सोमवार को कक्षा नौ से 12 तक सिर्फ 40 छात्र छात्राएं उपस्थित हुए। गेट पर थर्मल स्क्रीनिंग के बाद ही छात्रों को क्लास रूम में जाने की अनुमति मिली। प्रधानाचार्य जगदंबा प्रसाद ने बताया कि कक्षा नौ में 200, 10 में 265, 11 में 18 और 12 में 89 सहित कुल 572 छात्र पंजीकृत हैं। पहला दिन होने के कारण छात्रों की संख्या कम रही।
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दूर से आने वाले विद्यार्थियों में कुछ का क्लास पहली मीटिंग में और कुछ का क्लास दूसरी मीटिंग में है। खासकर छात्राओं के अभिभावक काफी चिंतित है। शासन को इस ओर ध्यान देना चाहिए। एक ही पाली में क्लास चलाना विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षकों के लिए काफी बेहतर रहेगा।

-डॉ लखपत राम वर्मा , प्रधानाचार्य, कृषक समाज इंटर कॉलेज गोला
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पहले दिन छात्रों की संख्या बेहद कम रही। जिन छात्रों के अभिभावक स्कूल भेजने के लिए राजी है उन्हीं बच्चों को विद्यालय बुलाया जाएगा। जबकि अन्य छात्रों के लिए ऑन लाइन पढ़ाई जारी रहेगी।
-ओपी त्रिपाठी, डीआईओएस
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