{"_id":"23c13532e6aa86ee6684ebe741375860","slug":"dudhwa-employee-stood-36th-day-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"36 वें दिन भी डटे रहे दुधवा कर्मचारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
36 वें दिन भी डटे रहे दुधवा कर्मचारी
पलियाकलां।
Updated Thu, 03 Mar 2016 06:59 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दुधवा नेशनल पार्क कर्मियों का आंदोलन थमने का नाम नहीं ले रहा है। कर्मियों की हड़ताल फेडरेशन आफ फॉरेस्ट के बैनर तले 36वें दिन भी जारी रही। कर्मियों ने पलिया स्थित दुधवा मुख्यालय परिसर में नारेबाजी और प्रदर्शन किया। दुधवा का पर्यटन ठप है और सैलानी भी नहीं पहुंच रहे हैं।
गौरतलब है कि 27 जनवरी को दुधवा नेशनल पार्क के जिप्सी चालकों और गाइडों ने डीएम पर कई आरोप लगाते हुुए हड़ताल कर दी थी जिसमे पांच फरवरी को दुधवा कर्मी भी शामिल हो गए थे। हड़ताल केे चलते पार्क का पर्यटन ठप हो गया है। कार्रवाई की मांग पूूरी न होने पर दुुधवा के कर्मियों ने 16 फरवरी को अपने राजकीय शस्त्र भी जमा कर दिए थे। फिर भी कार्रवाई न हुई तो कर्मियों ने दुधवा के पालतू हाथियों को भी पार्क प्रशासन के हवाले कर दिया था। उनके आंदोलन को वृहस्पतिवार को 36 दिन हो गए हैं। वृहस्पतिवार को कर्मियों नेे मुख्यालय पर नारेबाजी और प्रदर्शन किया। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती है तब तक आंदोलन जारी रहेगा औैर नौ मार्च को वह लखनऊ में एक रैली करेंगे। इस पर भी कार्रवाई नहीं हुुई तो वह उसी दिन आगे केे निर्णय लेेंगे।
विज्ञापन
गौरतलब है कि 27 जनवरी को दुधवा नेशनल पार्क के जिप्सी चालकों और गाइडों ने डीएम पर कई आरोप लगाते हुुए हड़ताल कर दी थी जिसमे पांच फरवरी को दुधवा कर्मी भी शामिल हो गए थे। हड़ताल केे चलते पार्क का पर्यटन ठप हो गया है। कार्रवाई की मांग पूूरी न होने पर दुुधवा के कर्मियों ने 16 फरवरी को अपने राजकीय शस्त्र भी जमा कर दिए थे। फिर भी कार्रवाई न हुई तो कर्मियों ने दुधवा के पालतू हाथियों को भी पार्क प्रशासन के हवाले कर दिया था। उनके आंदोलन को वृहस्पतिवार को 36 दिन हो गए हैं। वृहस्पतिवार को कर्मियों नेे मुख्यालय पर नारेबाजी और प्रदर्शन किया। उनका कहना है कि जब तक उनकी मांग पूरी नहीं होती है तब तक आंदोलन जारी रहेगा औैर नौ मार्च को वह लखनऊ में एक रैली करेंगे। इस पर भी कार्रवाई नहीं हुुई तो वह उसी दिन आगे केे निर्णय लेेंगे।
विज्ञापन