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फर्जी खाते खोलकर जालसाजी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग
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प्रदर्शन करते लोग।
लखीमपुर खीरी। रमियाबेहड़ ब्लाक के गौरिया गांव के ग्रामीणों ने सोमवार को डीएम कार्यालय पर पहुंच कर धोखाधड़ी के मामले में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
ग्रामीणों ने डीएम को प्रार्थनापत्र देकर कहा कि गांव के लोगों के फर्जी हस्ताक्षर बनाकर जिला सहकारी बैक की तिकुनिया शाखा फर्जी खाते खुलवाकर धान/ गेहूं खरीद का लाखों रुपया उनके नाम से खुले खातों में जमा कराकर निकाले गए।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें इस बात का पता तब चला जब उनका राशनकार्ड निरस्त हो गया। पूछने पर कोटेदार ने बताया कि उनके बैंक खातों में लाखों का लेनदेन हुआ है। इसलिए अब वह पात्रता की श्रेणी से बाहर हो गए है। जब पूर्ति कार्यालय राशनकार्ड की जांच कराई तो पता चला कि उनका खाता जिला सहकारी बैंक की शाखा तिकुनिया में खुला है, जबकि इन ग्रामीणों को यह भी पता नहीं है कि जिला सहकारी बैंक की तिकुनिया शाखा कहां है।
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ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि किसी व्यक्ति ने उनकी गरीबी का फायदा उठाया है। राशनकार्ड निरस्त हो जाने से उनका परिवार भूखों मरने की कगार पर है। उन्होंने मामले की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
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ग्रामीणों ने डीएम को प्रार्थनापत्र देकर कहा कि गांव के लोगों के फर्जी हस्ताक्षर बनाकर जिला सहकारी बैक की तिकुनिया शाखा फर्जी खाते खुलवाकर धान/ गेहूं खरीद का लाखों रुपया उनके नाम से खुले खातों में जमा कराकर निकाले गए।
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ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें इस बात का पता तब चला जब उनका राशनकार्ड निरस्त हो गया। पूछने पर कोटेदार ने बताया कि उनके बैंक खातों में लाखों का लेनदेन हुआ है। इसलिए अब वह पात्रता की श्रेणी से बाहर हो गए है। जब पूर्ति कार्यालय राशनकार्ड की जांच कराई तो पता चला कि उनका खाता जिला सहकारी बैंक की शाखा तिकुनिया में खुला है, जबकि इन ग्रामीणों को यह भी पता नहीं है कि जिला सहकारी बैंक की तिकुनिया शाखा कहां है।
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ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि किसी व्यक्ति ने उनकी गरीबी का फायदा उठाया है। राशनकार्ड निरस्त हो जाने से उनका परिवार भूखों मरने की कगार पर है। उन्होंने मामले की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।