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कर्ज मिलने पर मिलें करेंगी बकाया भुगतान
लखीमपुर खीरी
Updated Tue, 18 Aug 2015 11:57 PM IST
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जिले की नौ चीनी मिलों पर बकाया गन्ना मूल्य के भुगतान को लेकर सीडीओ नितीश कुमार ने मिल अध्यासियों के साथ बैठक कर जवाब तलब किया है। हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद भुगतान न करने की बाबत सीडीओ ने अध्यासियों से जवाब मांगा है। साथ ही अध्यासियों से बकाया गन्ना मूल्य के भुगतान करने के संबंध में समयावधि निश्चित करने के निर्देश दिए हैं। सभी नौ मिलों पर अभी भी किसानों का 816 करोड़ 79 लाख 54 हजार रुपये बकाया हैं।
सीडीओ कार्यालय में सोमवार की देर शाम हुई बैठक में सीडीओ नितीश कुमार ने मिलवार अध्यासियों से भुगतान न करने के बारे में जवाब मांगा, जिसके जवाब में मिल अध्यासियों ने अपनी समस्याएं गिनाईं। साथ ही भुगतान के विकल्पों पर चर्चा की। बैठक में जिला गन्ना अधिकारी जगदीश चंद्र यादव ने बकाया गन्ना मूल्य के बारे में मिलवार जानकारी सामने रखी। बलरामपुर ग्रुप की कुंभी और गुलरिया मिलों के अध्यासियों ने कहा है कि सॉफ्ट लोन के लिए भारत सरकार के पास आवेदन किया गया, जिसके पांच-छह दिनों में स्वीकृत होने की उम्मीद है। बजाज ग्रुप की गोला, पलिया और खंभारखेड़ा मिलों के अध्यासियों ने भी सॉफ्ट लोन की कहानी दोहराई है और अध्यासियों ने कहा है कि सॉफ्ट लोन के लिए आवेदन किया जा चुका है। लोन मिलने और चीनी बिक्री होने पर भुगतान किया जाएगा। ऐरा मिल के अध्यासी ने बताया है कि बैंक से प्राइवेट लोन की बातचीत चल रही है और चीनी बिक्री के प्रयास किए जा रहे हैं। अध्यासी ने कहा है कि 20 अगस्त तक करीब 20 करोड़ का भुगतान कर दिया जाएगा। वहीं अजबापुर मिल के अध्यासी ने बताया हैै कि प्रदेश सरकार से 8.60 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से मिली इंसेटिव धनराशि का दो-तीन में किसानों के खातों में भुगतान भेजा जाएगा, जिसके लिए एडबाइज तैयार कर ली गई है और उसका परीक्षण कराया जा रहा है। इसी तरह सहकारी क्षेत्र की बेलरायां और संपूर्णानगर मिलों के प्रबंधकों ने प्रदेश सरकार से अनुपूरक बजट मिलने के बाद किसानों को भुगतान करने की बात कही है।
कोर्ट की अवहेलना पर चुप्पी
हाईकोर्ट के दो बार भुगतान के संबंध में दिए गए आदेशों का पालन न करने के बावजूद चीनी मिलों के खिलाफ कोई सख्त कदम नहीं उठाए गए हैं। डीसीओ जगदीश चंद्र यादव ने बताया है कि कोर्ट आदेशों की अवहेलना के संबंध में मिलों को कड़ी चेेतावनी दी गई है, जिसमें गन्ना आयुक्त, जिला स्तर से एडीएम ने मिलों को नोटिस जारी की गई हैं।
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सीडीओ कार्यालय में सोमवार की देर शाम हुई बैठक में सीडीओ नितीश कुमार ने मिलवार अध्यासियों से भुगतान न करने के बारे में जवाब मांगा, जिसके जवाब में मिल अध्यासियों ने अपनी समस्याएं गिनाईं। साथ ही भुगतान के विकल्पों पर चर्चा की। बैठक में जिला गन्ना अधिकारी जगदीश चंद्र यादव ने बकाया गन्ना मूल्य के बारे में मिलवार जानकारी सामने रखी। बलरामपुर ग्रुप की कुंभी और गुलरिया मिलों के अध्यासियों ने कहा है कि सॉफ्ट लोन के लिए भारत सरकार के पास आवेदन किया गया, जिसके पांच-छह दिनों में स्वीकृत होने की उम्मीद है। बजाज ग्रुप की गोला, पलिया और खंभारखेड़ा मिलों के अध्यासियों ने भी सॉफ्ट लोन की कहानी दोहराई है और अध्यासियों ने कहा है कि सॉफ्ट लोन के लिए आवेदन किया जा चुका है। लोन मिलने और चीनी बिक्री होने पर भुगतान किया जाएगा। ऐरा मिल के अध्यासी ने बताया है कि बैंक से प्राइवेट लोन की बातचीत चल रही है और चीनी बिक्री के प्रयास किए जा रहे हैं। अध्यासी ने कहा है कि 20 अगस्त तक करीब 20 करोड़ का भुगतान कर दिया जाएगा। वहीं अजबापुर मिल के अध्यासी ने बताया हैै कि प्रदेश सरकार से 8.60 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से मिली इंसेटिव धनराशि का दो-तीन में किसानों के खातों में भुगतान भेजा जाएगा, जिसके लिए एडबाइज तैयार कर ली गई है और उसका परीक्षण कराया जा रहा है। इसी तरह सहकारी क्षेत्र की बेलरायां और संपूर्णानगर मिलों के प्रबंधकों ने प्रदेश सरकार से अनुपूरक बजट मिलने के बाद किसानों को भुगतान करने की बात कही है।
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कोर्ट की अवहेलना पर चुप्पी
हाईकोर्ट के दो बार भुगतान के संबंध में दिए गए आदेशों का पालन न करने के बावजूद चीनी मिलों के खिलाफ कोई सख्त कदम नहीं उठाए गए हैं। डीसीओ जगदीश चंद्र यादव ने बताया है कि कोर्ट आदेशों की अवहेलना के संबंध में मिलों को कड़ी चेेतावनी दी गई है, जिसमें गन्ना आयुक्त, जिला स्तर से एडीएम ने मिलों को नोटिस जारी की गई हैं।
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