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हफ्ते भर में तीसरी बार सोनौवा में बदमाशों का धावा
अमर उजाला ब्यूरो उचौलिया।
Updated Tue, 13 Dec 2016 11:07 PM IST
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बदमाश
- फोटो : अमर उजाला
दरवाजा न खुलवाने पर वृद्धा की पिटाई कर बांधकर डाला
पुलिस बेपरवाह, लोगों में दहशत
हफ्ते में तीसरी बार बदमाशों ने गांव सोनौवा में धावा बोल दिया। बदमाशों ने घर के बाहर सो रही विधवा 65 वर्षीय शांती देवी को बंधक बना लिया और उससे दरवाजा खुलवाने को कहा। दरवाजा न खुलवाने पर उसकी पिटाई की। हाथ-पैर बांधकर उसे डालकर मौके से भाग निकले।
गांव सोनौवा निवासी विधवा शांति देवी ने बताया कि सोमवार की रात वह अपने घर के अहाते में छप्पर के नीचे सो रहीं थीं। परिवार के अन्य लोग घर के अंदर सो रहे थे। रात करीब 12 बजे करीब एक दर्जन बदमाश अहाते में आ धमके और उसकी कनपटी पर तमंचा लगाकर कब्जे में कर लिया। शोर मचाने पर गोली मार देने की धमकी दी। वृद्धा के मुताबिक बदमाशों ने आवाज लगाकर दरवाजा खुलवाने को कहा। जब उसने आवाज लगाने से मना किया तो उसकी मुंह बंद कर पिटाई कर दी और बाद में हाथ-पैर बांधकर डाल दिया और भाग निकले। बदमाशों के कुछ दूर जाने के बाद विधवा ने शोर शराबा किया। जिस पर उसका पुत्र राकेश और रमेश के अलावा गांव के कई लोग मौके पर आ गए। ग्रामीणों ने बदमाशों की तलाश की, मगर उनका कहीं पता नही चला। सूचना पाकर पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस विधवा और ग्रामीणों से पूछताछ कर वापस लौट गई। एक हफ्ते में सोनौवा में यह तीसरी वारदात है। इससे पहले बदमाश राधेश्याम के घर से नगदी-जेवर समेत दो लाख का सामान लूट ले गए थे। तीन दिन पहले भी गांव में घुसे थे, लेकिन ग्रामीणों की सजगता से कामयाब नहीं हुए। लगातार बदमाशों की चहलकदमी के बाद भी पुलिस सक्रिय नहीं हुई है।
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पुलिस बेपरवाह, लोगों में दहशत
हफ्ते में तीसरी बार बदमाशों ने गांव सोनौवा में धावा बोल दिया। बदमाशों ने घर के बाहर सो रही विधवा 65 वर्षीय शांती देवी को बंधक बना लिया और उससे दरवाजा खुलवाने को कहा। दरवाजा न खुलवाने पर उसकी पिटाई की। हाथ-पैर बांधकर उसे डालकर मौके से भाग निकले।
गांव सोनौवा निवासी विधवा शांति देवी ने बताया कि सोमवार की रात वह अपने घर के अहाते में छप्पर के नीचे सो रहीं थीं। परिवार के अन्य लोग घर के अंदर सो रहे थे। रात करीब 12 बजे करीब एक दर्जन बदमाश अहाते में आ धमके और उसकी कनपटी पर तमंचा लगाकर कब्जे में कर लिया। शोर मचाने पर गोली मार देने की धमकी दी। वृद्धा के मुताबिक बदमाशों ने आवाज लगाकर दरवाजा खुलवाने को कहा। जब उसने आवाज लगाने से मना किया तो उसकी मुंह बंद कर पिटाई कर दी और बाद में हाथ-पैर बांधकर डाल दिया और भाग निकले। बदमाशों के कुछ दूर जाने के बाद विधवा ने शोर शराबा किया। जिस पर उसका पुत्र राकेश और रमेश के अलावा गांव के कई लोग मौके पर आ गए। ग्रामीणों ने बदमाशों की तलाश की, मगर उनका कहीं पता नही चला। सूचना पाकर पुलिस भी मौके पर पहुंची। पुलिस विधवा और ग्रामीणों से पूछताछ कर वापस लौट गई। एक हफ्ते में सोनौवा में यह तीसरी वारदात है। इससे पहले बदमाश राधेश्याम के घर से नगदी-जेवर समेत दो लाख का सामान लूट ले गए थे। तीन दिन पहले भी गांव में घुसे थे, लेकिन ग्रामीणों की सजगता से कामयाब नहीं हुए। लगातार बदमाशों की चहलकदमी के बाद भी पुलिस सक्रिय नहीं हुई है।
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