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बाइक सवार युवकों पर हमला, एक की मौत
मझगईं (खीरी)
Updated Fri, 08 May 2015 07:37 PM IST
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पकरिया गांव से अपने गांव बबौरा लौट रहे दो बाइक सवार युवकों पर कुछ लोगों ने गुरुवार रात दस बजे लाठी-डंडों से हमला कर दिया। दोनों को बुरी तरह पीटा गया, जिसमें एक की मौत हो गई और दूसरा जख्मी हो गया। गंभीर रूप से जख्मी युवक को जिला अस्पताल रेफर किया गया है, जबकि मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पुलिस ने चार लोगों पर गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया है।
बबौरा निवासी बदलू किसान का 35 वर्षीय पुत्र कमलेश उर्फ रामनिवास दोस्त अशोक के साथ बाइक से बृहस्पतिवार को पकरिया गांव में रिश्तेदारी में गया था। जहां देर रात दोनों बाइक से घर वापस आ रहे थे। पलिया-निघासन मार्ग पर जब वह बेलागांव के पास रपटा पुल पर पहुंचे तो वहां पहले से ही घात लगाए बैठे कुछ लोगों ने बाइक को डंडा मारकर गिरा दिया। बाइक सवार कुछ समझ पाते इससे पहले ही हमलावरों ने दोनो पर डंडों से ताबड़तोड़ प्रहार करना शुरू कर दिए, जिसमें कमलेश ने मौके पर ही दम तोड़ दिया और अशोक गंभीर रूप से जख्मी हो गया। कोई वाहन आता देख हमलावर मौके से फरार हो गए। जानकारी मिलने पर पुलिस और घरवाले मौके पर पहुंचे और अशोक को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया, जहां हालत गंभीर होने पर उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। बड़े भाई रामधार की तहरीर पर गांव के ही रामविलास पुत्र नत्थू, पप्पू पुत्र जगदीश, प्रताप पुत्र बोधे, सोनू पुत्र भूपराम के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। सभी आरोपी फरार बताए जा रहे हैं।
...तो 15 साल पुराना मामला
बना हत्या की वजह
हत्या की पीछे 15 साल पुराना एक मामला सामने आया है।
मृतक कमलेश के बड़े भाई रामधार ने बताया कि आरोपी रामविलास के चाचा श्यामलाल की करीब 15 वर्ष पहले मौत हो गई थी। जिसमें हत्या के आरोपियों में उसके पिता बदलू को शामिल कर दिया गया। उसका कहना था कि उनके पिता इसमें शामिल नहीं थे। बाद में उन्हें क्लीन चिट भी मिल गई। इसी मामले से श्यामलाल के लड़के, भतीजे और पोते उनके परिवार से रंजिश मानने लगे। आरोप है कि इसी के चलते उन्होंने घात लगाकर उसके भाई पर हमला किया और उसे मार डाला।
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...सभी को अखर रही है कमलेश की कमी
मृतककमलेश उर्फ रामनिवास तीन भाइयों में सबसे छोटा था, जिसके चलते वह सभी का दुलारा था। उसकी दो बेटियां अंजू देवी, छोटी और दो पुत्र राम, अंकुर हैं उसकी मौत से बच्चों का हाल तो खराब है ही साथ ही उसकी पत्नी सुनीता की तो दुनियां ही उजड़ गई है। पति की मौत की खबर के बाद से वह बदहवास है। बडे़ भाई रामधार, वेदराम, बहन, मां और पिता का रो रोकर बुरा हाल है।
‘दुश्मनी मेरे से थी तो लेते मेरी जान’
मृतक के पिता बदलू रोते हुए कह रहे थे कि दुश्मनी जब उनसे थी तो उनकी जान ले लेते उनके लाडले ने क्या बिगाड़ा था।
सपा नेता ने बंधाया ढाढ़स
सपा नेता वहीद खां मृतक के घर पहुंचे और घरवालों को ढाढ़स बंधाया। कहा कि कोई भी आरोपी बचेगा नहीं जल्द ही पुलिस पर गिरफ्तारी का दबाव बनाया जाएगा।
गैर इरादतन हत्या का मुकदमा सवालों के घेरे में
घात लगाकर किए गए हमले के बाद हुई मौत के मामले में पुलिस की ओर से गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया जाना सवालों के घेरे में आ गया है। लोगों का कहना है कि तस्वीर साफ है कि हत्या योजनाबद्ध तरीके से की गई तो फिर सीधे हत्या का मुकदमा क्यों नहीं दर्ज किया गया।
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बबौरा निवासी बदलू किसान का 35 वर्षीय पुत्र कमलेश उर्फ रामनिवास दोस्त अशोक के साथ बाइक से बृहस्पतिवार को पकरिया गांव में रिश्तेदारी में गया था। जहां देर रात दोनों बाइक से घर वापस आ रहे थे। पलिया-निघासन मार्ग पर जब वह बेलागांव के पास रपटा पुल पर पहुंचे तो वहां पहले से ही घात लगाए बैठे कुछ लोगों ने बाइक को डंडा मारकर गिरा दिया। बाइक सवार कुछ समझ पाते इससे पहले ही हमलावरों ने दोनो पर डंडों से ताबड़तोड़ प्रहार करना शुरू कर दिए, जिसमें कमलेश ने मौके पर ही दम तोड़ दिया और अशोक गंभीर रूप से जख्मी हो गया। कोई वाहन आता देख हमलावर मौके से फरार हो गए। जानकारी मिलने पर पुलिस और घरवाले मौके पर पहुंचे और अशोक को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया, जहां हालत गंभीर होने पर उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। बड़े भाई रामधार की तहरीर पर गांव के ही रामविलास पुत्र नत्थू, पप्पू पुत्र जगदीश, प्रताप पुत्र बोधे, सोनू पुत्र भूपराम के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। सभी आरोपी फरार बताए जा रहे हैं।
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...तो 15 साल पुराना मामला
बना हत्या की वजह
हत्या की पीछे 15 साल पुराना एक मामला सामने आया है।
मृतक कमलेश के बड़े भाई रामधार ने बताया कि आरोपी रामविलास के चाचा श्यामलाल की करीब 15 वर्ष पहले मौत हो गई थी। जिसमें हत्या के आरोपियों में उसके पिता बदलू को शामिल कर दिया गया। उसका कहना था कि उनके पिता इसमें शामिल नहीं थे। बाद में उन्हें क्लीन चिट भी मिल गई। इसी मामले से श्यामलाल के लड़के, भतीजे और पोते उनके परिवार से रंजिश मानने लगे। आरोप है कि इसी के चलते उन्होंने घात लगाकर उसके भाई पर हमला किया और उसे मार डाला।
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...सभी को अखर रही है कमलेश की कमी
मृतककमलेश उर्फ रामनिवास तीन भाइयों में सबसे छोटा था, जिसके चलते वह सभी का दुलारा था। उसकी दो बेटियां अंजू देवी, छोटी और दो पुत्र राम, अंकुर हैं उसकी मौत से बच्चों का हाल तो खराब है ही साथ ही उसकी पत्नी सुनीता की तो दुनियां ही उजड़ गई है। पति की मौत की खबर के बाद से वह बदहवास है। बडे़ भाई रामधार, वेदराम, बहन, मां और पिता का रो रोकर बुरा हाल है।
‘दुश्मनी मेरे से थी तो लेते मेरी जान’
मृतक के पिता बदलू रोते हुए कह रहे थे कि दुश्मनी जब उनसे थी तो उनकी जान ले लेते उनके लाडले ने क्या बिगाड़ा था।
सपा नेता ने बंधाया ढाढ़स
सपा नेता वहीद खां मृतक के घर पहुंचे और घरवालों को ढाढ़स बंधाया। कहा कि कोई भी आरोपी बचेगा नहीं जल्द ही पुलिस पर गिरफ्तारी का दबाव बनाया जाएगा।
गैर इरादतन हत्या का मुकदमा सवालों के घेरे में
घात लगाकर किए गए हमले के बाद हुई मौत के मामले में पुलिस की ओर से गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया जाना सवालों के घेरे में आ गया है। लोगों का कहना है कि तस्वीर साफ है कि हत्या योजनाबद्ध तरीके से की गई तो फिर सीधे हत्या का मुकदमा क्यों नहीं दर्ज किया गया।