लखीमपुर खीरी। स्मार्ट सिटी की तरह अब गांवों को भी स्मार्ट विलेज बनाया जाएगा। स्मार्ट विलेज बनाने के लिए शासन ने गाइड लाइन जारी कर दी है। पहले चरण में हर ब्लॉक की एक-एक ग्राम पंचायत को स्मार्ट बनाना है। इसमें कई विभागों को जिम्मेदारी दी गई है। यह विभाग तय गाइड लाइन के 10 पैरामीटर के आधार पर गांव में काम कराएंगे। इसके लिए पंचायत राज विभाग के साथ ही अन्य विभागों को जो जिम्मेदारी दी गई उसके कार्यों की सूची विभागाध्यक्षों का भेज दी गई हैं। डीपीआरओ सौम्य शील सिंह ने बताया कि कुल 10 पैरामीटर्स में दिए गए सभी बिंदुओं पर पर काम पूरा होने के बाद ही ग्राम पंचायत स्मार्ट बनेगी। इसमें ग्राम पंचायत में कम से काम आठ सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इसके अलावा स्ट्रीट लाइटें लगेंगी। गांव की सभी गलियां इंटरलॉकिंग होंगी। सालिड लिक्विड मैनेजमेंट की व्यवस्था होगी। इसके अलावा पार्क, खेलकूद के इंतजाम, तालाबों का सौंदर्यीकरण होगा। साथ ही सामुदायिक भवन का निर्माण कराया जाएगा। प्रधान, सचिव, लेखपाल, शिक्षक, आशा, आंगनबाड़ी, रोजगार सेवक के साथ ही समूह का नाम आदि वेबसाइट पर अंकित किया जाएगा। इन सभी के मोबाइल नम्बर भी होंगे। गांव को स्मार्ट बनाने के लिए आठ सीसीटीवी कैमरे लगेंगे। पब्लिक एड्रेस सिस्टम, सालिड लिक्विड मैनेजमेंट की व्यवस्था होगी। सभी लाभार्थियों को पेंशन, कन्या सुमंगला का लाभ, उज्ज्वला योजना का लाभ, सभी के आयुष्मान कार्ड, सभी का वैक्सीनेशन होना जरूरी है। मृदा परीक्षण, पेयजल की जांच के साथ ही शिकायतों का त्वरित शिकायत निस्तारण, आंगनबाड़ी भवन, प्राथमिक स्कूल में स्मार्ट क्लास, आरओ का पानी, युवाओं का कौशल विकास, समूह से जोड़ना आदि हैं। सभी बिंदुओं पर काम पूरा होने के बाद ही गांव स्मार्ट बनेगा। डीपीआरओ ने बताया कि कुछ ग्राम पंचायतों का चयन होना शेष है।