{"_id":"5fce7c748ebc3ecfce53b708","slug":"civic-amenities-lakhimpur-news-bly429444139","type":"story","status":"publish","title_hn":"आवास में गड़बड़ी के आरोप में अमेठी की सचिव निलंबित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आवास में गड़बड़ी के आरोप में अमेठी की सचिव निलंबित
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लखीमपुर खीरी। मितौली ब्लॉक की ग्राम पंचायत अमेठी में प्रधानमंत्री आवास योजना में गड़बड़ी करने के मामले में डीपीआरओ मनोज कुमार ने ग्राम पंचायत अधिकारी (सचिव) नीरज प्रियदर्शिनी को निलंबित कर दिया है। इस मामले में डेढ़ साल पहले शिकायत की गई थी, जिसके बाद काफी समय तक कार्रवाई लंबित रही। डीपीआरओ ने निलंबित सचिव को निघासन ब्लॉक में संबद्ध किया है और प्रकरण की जांच एडीओ पंचायत निघासन को सौंपी है।
अमेठी निवासी बाबूराम ने 28 जुलाई 2019 को शिकायत करते हुए आरोप लगाया था कि बाबूराम पुत्र परशुराम और बाबूराम पुत्र हरद्वारी की फैमिली आईडी से छेड़छाड़ कर बाबूराम पुत्र परशुराम को दोबारा आवास का लाभ दिया गया है। तत्कालीन सीडीओ ने मामले की जांच पीडी रामकृपाल चौधरी से कराई, जिसमें आरोपों की पुष्टि हुई। पीडी ने मामले में कार्रवाई के लिए रिपोर्ट डीपीआरओ को भेजी थी, लेकिन काफी समय तक मामला फाइलों में दबा रहा। हाल में सीडीओ अरविंद सिंह ने प्रधानमंत्री आवास योजना में गड़बड़ी के मामलों में सख्ती दिखाई, जिसके बाद हरकत में आए डीपीआरओ ने सचिव को निलंबित कर दिया। डीपीआरओ ने जांच अधिकारी एडीओ पंचायत निघासन को 15 दिन में जांच पूरी कर आरोप पत्र जारी करने के निर्देश दिए हैं। संवाद
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अमेठी निवासी बाबूराम ने 28 जुलाई 2019 को शिकायत करते हुए आरोप लगाया था कि बाबूराम पुत्र परशुराम और बाबूराम पुत्र हरद्वारी की फैमिली आईडी से छेड़छाड़ कर बाबूराम पुत्र परशुराम को दोबारा आवास का लाभ दिया गया है। तत्कालीन सीडीओ ने मामले की जांच पीडी रामकृपाल चौधरी से कराई, जिसमें आरोपों की पुष्टि हुई। पीडी ने मामले में कार्रवाई के लिए रिपोर्ट डीपीआरओ को भेजी थी, लेकिन काफी समय तक मामला फाइलों में दबा रहा। हाल में सीडीओ अरविंद सिंह ने प्रधानमंत्री आवास योजना में गड़बड़ी के मामलों में सख्ती दिखाई, जिसके बाद हरकत में आए डीपीआरओ ने सचिव को निलंबित कर दिया। डीपीआरओ ने जांच अधिकारी एडीओ पंचायत निघासन को 15 दिन में जांच पूरी कर आरोप पत्र जारी करने के निर्देश दिए हैं। संवाद
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