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Lakhimpur Kheri News: भारत बंद बेअसर.... दिनभर हुए प्रदर्शन
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लखीमपुर खीरी। अनुसूचित जाति-जनजाति के आरक्षण में उप वर्गीकरण के सिद्धांत के विरोध में बुधवार को राजनीतिक दलों का भारतबंद का आवाह्न बेअसर दिखा। नगर समेत जिलेभर में एक-दो दुकानों को छोड़कर बाजार खुले रहे। राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों ने प्रदर्शन कर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपा।
कोर्ट ने कुछ दिन पहले एससी-एसटी वर्गों के आरक्षण कोटे में पिछड़ों और वंचितों को चिह्नित कर आरक्षण दिए जाने का सिद्धांत देकर सरकार से विचार-विमर्श कर इस पर निर्णय लेने के लिए कहा था। राजनीतिक दल इस निर्णय को संविधान की मूल भावना के विपरीत बता रहे हैं। बहुजन समाज पार्टी के जिला अध्यक्ष मनमोहन मौर्य ने भाजपा सरकार पर साजिशन अनुसूचित जातियों को आपस में लड़ाने और उन पर राज करने का आरोप लगाया है।
इसका विरोध करते हुए बहुजन समाज पार्टी ने बुधवार को भारत बंद का आह्वान किया था। हालांकि जिले में बंद का कोई असर नहीं रहा, लेकिन पार्टी कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में विरोध प्रदर्शन किया। बसपा कार्यालय से कार्यकर्ता शहर के प्रमुख मार्गों से होकर कलक्ट्रेट पहुंचे और डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन कर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपा।
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वहीं, भारतीय दलित पैंथर और समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ ने भी राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपकर भारत सरकार से कानून बनाकर सर्वोच्च न्यायालय का निर्णय निरस्त करने की मांग की। बहुजन समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति से संसद का विशेष सत्र बुलाकर सुप्रीम कोर्ट का आदेश निष्प्रभावी बनाने की मांग की।
उन्होंने संविधान के अनुच्छेद 341 व 342 को नौवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग उठाई, जिससे कोर्ट एससी-एसटी के आरक्षण में हस्तक्षेप न कर सके। लखनऊ मंडल के सेक्टर प्रभारी सुशील कुमार मुन्ना ने कहा कि आजादी के बाद भी एससी-एसटी वर्गों को छुआछूत, अन्य प्रकार के शोषण और उत्पीड़न सहने पड़े हैं।
इस मौके पर जिला प्रभारी उमाशंकर गौतम, धर्मेश्वर दयाल, विपिन गौतम, अजय चौधरी, रामकुमार चौधरी, प्रदीप गौतम, हेमराज वर्मा, रवि चौधरी समेत हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहे। भारतीय दलित पैंथर और समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के कार्यकर्ताओं ने भी बड़ी संख्या में कलक्ट्रेट में एकत्रित होकर सरकार विरोधी नारेबाजी की और सरकार को आरक्षण विरोधी बताया।
जिला अध्यक्ष हेमंत भार्गव की अगुवाई में समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ ने प्रदर्शन किया। उन्होंने मांग की कि लैटरल एंट्री समाप्त हो या इसमें भी आरक्षण लागू किया जाए। राज्यसभा व विधान परिषद में भी आरक्षण लागू किया जाए। इसके अलावा तमाम मांगें रखीं। इस मौके पर सपा के जिला अध्यक्ष रामपाल सिंह यादव, जिला महामंत्री अंसार महलूद, अजय सिंह, धर्मेंद्र कुमार समेत दर्जनों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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निघासन, पलिया और गोला में भी प्रदर्शन
निघासन/गोला/पलिया। आरक्षण कोटे में कोटा निर्णय के विरोध में बसपा के भारत बंद के आह्वान का भीम आर्मी, सपा और कांग्रेस ने समर्थन कर निघासन, पलिया और गोला में रैली निकालकर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
निघासन में सदर चौराहे पर राजनीतिक दलों ने धरना प्रदर्शन किया। उसके बाद प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति को संबोधित 11 सूत्रीय ज्ञापन एसडीएम राजीव निगम को सौंपा। इस दौरान रमेश गौतम, पतिराम मौर्य, राजकिशोर, सपा से विधान सभा अध्यक्ष भंडारी यादव, कौशल चौधरी आदि मौजूद रहे। गोला में भी आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरोध में एससी-एसटी समाज के लोगों ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता को सौंपा। राजनीतिक दलों ने अलीगंज रोड, आंबेडकर तिराहा, सदर चौराहा होकर तहसील तक जुलूस निकाला। इस मौके पर बीआर गौतम, अधिवक्ता रामकुमार गौतम, लाल बिहारी, ठाकुर प्रसाद गौतम, रमाकांत चौधरी, अशर्फी लाल गौतम, विवेक कुमार गौतम, बाबूराम गौतम आदि मौजूद रहे।
पलिया में थारू जनकल्याण संस्था ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन तहसील में सौंपा। थारू क्षेत्र के कई ग्राम प्रधानों व ग्रामीणों ने इस निर्णय को निरस्त करने की मांग की है। इस दौरान संस्था के अध्यक्ष छैल बिहारी, महामंत्री रामचंद्र राना, बनकटी प्रधान जय बहादुर, धुस्किया प्रधान राम सहाय, शेर सिंह, मनखुशी राम राना समेत भारी संख्या में थारू क्षेत्र के लोग मौजूद रहे। संवाद
कोर्ट ने कुछ दिन पहले एससी-एसटी वर्गों के आरक्षण कोटे में पिछड़ों और वंचितों को चिह्नित कर आरक्षण दिए जाने का सिद्धांत देकर सरकार से विचार-विमर्श कर इस पर निर्णय लेने के लिए कहा था। राजनीतिक दल इस निर्णय को संविधान की मूल भावना के विपरीत बता रहे हैं। बहुजन समाज पार्टी के जिला अध्यक्ष मनमोहन मौर्य ने भाजपा सरकार पर साजिशन अनुसूचित जातियों को आपस में लड़ाने और उन पर राज करने का आरोप लगाया है।
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इसका विरोध करते हुए बहुजन समाज पार्टी ने बुधवार को भारत बंद का आह्वान किया था। हालांकि जिले में बंद का कोई असर नहीं रहा, लेकिन पार्टी कार्यकर्ताओं ने बड़ी संख्या में विरोध प्रदर्शन किया। बसपा कार्यालय से कार्यकर्ता शहर के प्रमुख मार्गों से होकर कलक्ट्रेट पहुंचे और डीएम कार्यालय पर प्रदर्शन कर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपा।
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वहीं, भारतीय दलित पैंथर और समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ ने भी राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपकर भारत सरकार से कानून बनाकर सर्वोच्च न्यायालय का निर्णय निरस्त करने की मांग की। बहुजन समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति से संसद का विशेष सत्र बुलाकर सुप्रीम कोर्ट का आदेश निष्प्रभावी बनाने की मांग की।
उन्होंने संविधान के अनुच्छेद 341 व 342 को नौवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग उठाई, जिससे कोर्ट एससी-एसटी के आरक्षण में हस्तक्षेप न कर सके। लखनऊ मंडल के सेक्टर प्रभारी सुशील कुमार मुन्ना ने कहा कि आजादी के बाद भी एससी-एसटी वर्गों को छुआछूत, अन्य प्रकार के शोषण और उत्पीड़न सहने पड़े हैं।
इस मौके पर जिला प्रभारी उमाशंकर गौतम, धर्मेश्वर दयाल, विपिन गौतम, अजय चौधरी, रामकुमार चौधरी, प्रदीप गौतम, हेमराज वर्मा, रवि चौधरी समेत हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहे। भारतीय दलित पैंथर और समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के कार्यकर्ताओं ने भी बड़ी संख्या में कलक्ट्रेट में एकत्रित होकर सरकार विरोधी नारेबाजी की और सरकार को आरक्षण विरोधी बताया।
जिला अध्यक्ष हेमंत भार्गव की अगुवाई में समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ ने प्रदर्शन किया। उन्होंने मांग की कि लैटरल एंट्री समाप्त हो या इसमें भी आरक्षण लागू किया जाए। राज्यसभा व विधान परिषद में भी आरक्षण लागू किया जाए। इसके अलावा तमाम मांगें रखीं। इस मौके पर सपा के जिला अध्यक्ष रामपाल सिंह यादव, जिला महामंत्री अंसार महलूद, अजय सिंह, धर्मेंद्र कुमार समेत दर्जनों कार्यकर्ता मौजूद रहे।
निघासन, पलिया और गोला में भी प्रदर्शन
निघासन/गोला/पलिया। आरक्षण कोटे में कोटा निर्णय के विरोध में बसपा के भारत बंद के आह्वान का भीम आर्मी, सपा और कांग्रेस ने समर्थन कर निघासन, पलिया और गोला में रैली निकालकर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।
निघासन में सदर चौराहे पर राजनीतिक दलों ने धरना प्रदर्शन किया। उसके बाद प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति को संबोधित 11 सूत्रीय ज्ञापन एसडीएम राजीव निगम को सौंपा। इस दौरान रमेश गौतम, पतिराम मौर्य, राजकिशोर, सपा से विधान सभा अध्यक्ष भंडारी यादव, कौशल चौधरी आदि मौजूद रहे। गोला में भी आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के विरोध में एससी-एसटी समाज के लोगों ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन एसडीएम विनोद कुमार गुप्ता को सौंपा। राजनीतिक दलों ने अलीगंज रोड, आंबेडकर तिराहा, सदर चौराहा होकर तहसील तक जुलूस निकाला। इस मौके पर बीआर गौतम, अधिवक्ता रामकुमार गौतम, लाल बिहारी, ठाकुर प्रसाद गौतम, रमाकांत चौधरी, अशर्फी लाल गौतम, विवेक कुमार गौतम, बाबूराम गौतम आदि मौजूद रहे।
पलिया में थारू जनकल्याण संस्था ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन तहसील में सौंपा। थारू क्षेत्र के कई ग्राम प्रधानों व ग्रामीणों ने इस निर्णय को निरस्त करने की मांग की है। इस दौरान संस्था के अध्यक्ष छैल बिहारी, महामंत्री रामचंद्र राना, बनकटी प्रधान जय बहादुर, धुस्किया प्रधान राम सहाय, शेर सिंह, मनखुशी राम राना समेत भारी संख्या में थारू क्षेत्र के लोग मौजूद रहे। संवाद