{"_id":"67fc033c5b30b762ec0ec263","slug":"allegations-of-underweighing-in-magalganj-mandi-farmers-anger-erupted-lakhimpur-news-c-120-1-lkh1008-143488-2025-04-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Lakhimpur Kheri News: मैगलगंज मंडी में घटतौली का आरोप, किसानों का फूटा गुस्सा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Lakhimpur Kheri News: मैगलगंज मंडी में घटतौली का आरोप, किसानों का फूटा गुस्सा
विज्ञापन
घटतौली पर अपनी समस्या रखते किसान। सोशल मीडिया
मैगलगंज। मैगलगंज नवीन मंडी परिसर में तौल व्यवस्था को लेकर किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। गेहूं की तौल में भारी अंतर सामने आने के बाद किसानों ने जमकर हंगामा किया। मंडी कर्मचारियों पर घटतौली का आरोप लगाया।
किसान पवन सिंह निवासी मैगलगंज जब अपनी चार ट्रॉलियों में गेहूं भरकर मंडी में बेचने पहुंचे तो पहली ट्रॉली की तौल के बाद उन्हें शक हुआ कि वजन ठीक नहीं है। उन्होंने अपनी दूसरी ट्रॉली को मंडी परिसर से बाहर स्थित प्राइवेट धर्मकांटे पर तौलवाया। वहां गेहूं का वजन 110 क्विंटल निकला। इसके बाद जब उसी ट्रॉली को मंडी परिसर के कांटे पर तौलवाया गया तो वजन 102 क्विंटल निकला।
यह फर्क सामने आते ही पवन सिंह ने मंडी के तौल लिपिक दिवाकर से जवाब मांगा, लेकिन उन्होंने कुछ भी बताने से इन्कार कर दिया। इससे नाराज होकर मौके पर मौजूद अन्य किसानों ने भी विरोध शुरू कर दिया। मंडी कर्मचारियों ने विवाद बढ़ता देख कांटा खराब होने की बात एक कागज पर चस्पा कर स्थिति संभालने की कोशिश की।
विज्ञापन
मंडी सचिव नरेशचंद्र रस्तोगी ने कहा कि कांटे की खराबी की सूचना कर्मचारियों को तत्काल देनी चाहिए थी। तौल लिपिक की शिकायत मिली है। मुख्यालय को रिपोर्ट भेज दी गई है। कांटे को जल्द ही ठीक कराया जाएगा।
विज्ञापन
किसान पवन सिंह निवासी मैगलगंज जब अपनी चार ट्रॉलियों में गेहूं भरकर मंडी में बेचने पहुंचे तो पहली ट्रॉली की तौल के बाद उन्हें शक हुआ कि वजन ठीक नहीं है। उन्होंने अपनी दूसरी ट्रॉली को मंडी परिसर से बाहर स्थित प्राइवेट धर्मकांटे पर तौलवाया। वहां गेहूं का वजन 110 क्विंटल निकला। इसके बाद जब उसी ट्रॉली को मंडी परिसर के कांटे पर तौलवाया गया तो वजन 102 क्विंटल निकला।
विज्ञापन
यह फर्क सामने आते ही पवन सिंह ने मंडी के तौल लिपिक दिवाकर से जवाब मांगा, लेकिन उन्होंने कुछ भी बताने से इन्कार कर दिया। इससे नाराज होकर मौके पर मौजूद अन्य किसानों ने भी विरोध शुरू कर दिया। मंडी कर्मचारियों ने विवाद बढ़ता देख कांटा खराब होने की बात एक कागज पर चस्पा कर स्थिति संभालने की कोशिश की।
विज्ञापन
मंडी सचिव नरेशचंद्र रस्तोगी ने कहा कि कांटे की खराबी की सूचना कर्मचारियों को तत्काल देनी चाहिए थी। तौल लिपिक की शिकायत मिली है। मुख्यालय को रिपोर्ट भेज दी गई है। कांटे को जल्द ही ठीक कराया जाएगा।