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लखहा की प्रधानाध्यापक निलंबित
लखीमपुर खीरी
Updated Fri, 12 Dec 2014 07:22 PM IST
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बीएसए ने शुक्रवार को विकास खंड पलिया और बिजुआ के कई प्राथमिक और उच्च
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प्राथमिक विद्यालयों का निरीक्षण किया। यहां एमडीएम में धन के दुरुपयोग का
मामला सामने आया। विद्यालयों में गंदगी मिली। बीएसए ने इसके लिए एक
प्रधानाध्यापक को निलंबित कर दिया है तथा एक अनुदेशक की संविदा समाप्त करने
के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कई अध्यापकों की वेतन वृद्धि भी रोक दी है।
निरीक्षण के दौरान उच्च प्राथमिक विद्यालय लखहा अलीगंज में प्रधानाध्यापक रंजना बरनवाल आकस्मिक अवकाश पर थीं। विद्यालय में नामांकित 145 बच्चों के सापेक्ष 31 बच्चे ही उपस्थित मिले। निरीक्षण में पाया गया कि आठ दिसंबर को 77 बच्चों के लिए केवल तीन किलो आटे का ही उपयोग किया गया। यहां एमडीएम की गणुवत्ता संतोषजनक नहीं मिली। निरीक्षण में सामने आया कि प्रधानाध्यापक ने एमडीएम रजिस्टर में फर्जी छात्र संख्या अंकित कर कनवर्जन कास्ट एवं खाद्य पदार्थ की धनराशि का दुरुपयोग किया। विद्यालय में बच्चों का शैक्षिक स्तर भी निमभन कोटि का मिला। परिसर में गंदगी मिली। बीएसए डॉ. ओपी राय ने प्रधानाध्याध्पक को निलंबित कर दिया है तथा एमडीएम समन्वयक ऋतुराज सिंह को जांच कर एक सप्ताह में रिपोर्ट देने को कहा है।
इसके अलावा प्राथमिक विद्यालय लखहा अलीगंज में नामांकित 138 बच्चों के सापेक्ष 30 बच्चे उपस्थित मिले। यहां भी एमडीएम की गुणवत्ता संतोष जनक नहीं मिली। बीएसए ने एमडीएम समन्वयक को निर्देश दिए हैं कि एक सप्ताह में कनर्वजन कास्ट और छात्रों की सही संख्या का आकलन कर रिपोर्ट देें। साथ ही प्रधानाध्यापक और शिक्षामित्र से स्पष्टीकरण मांगा है। उच्च प्राथमिक विद्यालय मझौरा में अनुदेशक अनामिका पुरवार 10 अूक्तूबर से 26 अक्तूबर तक तथा पांच नवंबर से 10 दिसंबर तक बिना सूचना के अनुपस्थित मिलीं। यहां भी एमडीएम में गड़बड़ी मिली। बीएसए ने अनुदेशक की संविदा समाप्त करने के निर्देश खंड शिक्षा अधिकारी को दिए तथा एमडीएम की जांच के साथ सहायक अध्यापक सुरेश कुमार की एक अस्थाई वार्षिक वेतन वृद्धि रोक दी है। बीएसए ने इसके अलावा प्राथमिक विद्यालय मझौरा, विकास खंड पलिया के प्राथमिक विद्यालय श्रीनगर, प्राथमिक विद्यालय सरखना पूरब, और मड़वा पश्चिम तथा उच्च प्राथमिक विद्यालय सरखना का भी निरीक्षण किया। सभी विद्यालयों में नामांकित बच्चों के सापेक्ष उपस्थित बच्चों की संख्या कम मिली है। बीएसए ने बच्चों की संख्या बढ़ाने और शैक्षिक गुणवत्ता में सुधार के निर्देश दिए हैं।
निरीक्षण के दौरान उच्च प्राथमिक विद्यालय लखहा अलीगंज में प्रधानाध्यापक रंजना बरनवाल आकस्मिक अवकाश पर थीं। विद्यालय में नामांकित 145 बच्चों के सापेक्ष 31 बच्चे ही उपस्थित मिले। निरीक्षण में पाया गया कि आठ दिसंबर को 77 बच्चों के लिए केवल तीन किलो आटे का ही उपयोग किया गया। यहां एमडीएम की गणुवत्ता संतोषजनक नहीं मिली। निरीक्षण में सामने आया कि प्रधानाध्यापक ने एमडीएम रजिस्टर में फर्जी छात्र संख्या अंकित कर कनवर्जन कास्ट एवं खाद्य पदार्थ की धनराशि का दुरुपयोग किया। विद्यालय में बच्चों का शैक्षिक स्तर भी निमभन कोटि का मिला। परिसर में गंदगी मिली। बीएसए डॉ. ओपी राय ने प्रधानाध्याध्पक को निलंबित कर दिया है तथा एमडीएम समन्वयक ऋतुराज सिंह को जांच कर एक सप्ताह में रिपोर्ट देने को कहा है।
इसके अलावा प्राथमिक विद्यालय लखहा अलीगंज में नामांकित 138 बच्चों के सापेक्ष 30 बच्चे उपस्थित मिले। यहां भी एमडीएम की गुणवत्ता संतोष जनक नहीं मिली। बीएसए ने एमडीएम समन्वयक को निर्देश दिए हैं कि एक सप्ताह में कनर्वजन कास्ट और छात्रों की सही संख्या का आकलन कर रिपोर्ट देें। साथ ही प्रधानाध्यापक और शिक्षामित्र से स्पष्टीकरण मांगा है। उच्च प्राथमिक विद्यालय मझौरा में अनुदेशक अनामिका पुरवार 10 अूक्तूबर से 26 अक्तूबर तक तथा पांच नवंबर से 10 दिसंबर तक बिना सूचना के अनुपस्थित मिलीं। यहां भी एमडीएम में गड़बड़ी मिली। बीएसए ने अनुदेशक की संविदा समाप्त करने के निर्देश खंड शिक्षा अधिकारी को दिए तथा एमडीएम की जांच के साथ सहायक अध्यापक सुरेश कुमार की एक अस्थाई वार्षिक वेतन वृद्धि रोक दी है। बीएसए ने इसके अलावा प्राथमिक विद्यालय मझौरा, विकास खंड पलिया के प्राथमिक विद्यालय श्रीनगर, प्राथमिक विद्यालय सरखना पूरब, और मड़वा पश्चिम तथा उच्च प्राथमिक विद्यालय सरखना का भी निरीक्षण किया। सभी विद्यालयों में नामांकित बच्चों के सापेक्ष उपस्थित बच्चों की संख्या कम मिली है। बीएसए ने बच्चों की संख्या बढ़ाने और शैक्षिक गुणवत्ता में सुधार के निर्देश दिए हैं।