{"_id":"121-55133","slug":"Lakhimpur-55133-121","type":"story","status":"publish","title_hn":"आग लगने से हजारों की क्षति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आग लगने से हजारों की क्षति
Lakhimpur
Updated Sat, 17 Nov 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
लखीमपुर खीरी। विभिन्न घटनाओं में आग लगने से हजारों का नुकसान हो गया।
मंहगापुर। चार घरों में लगी आग से हजारों का सामान राख हो गया।
त्रिकोलिया निवासी जन्नत पत्नी पुत्तु के घर अचानक आग लग गई। रात के समय घर के लोग सोए हुए थे तपिश मालूम होने पर वह किसी तरह अपनी जान बचाकर वहां से भागे। आग विकराल हो गई और पड़ोस के शाजिद, शाहिद और वहीद के घरों को भी अपनी चपेट में लेकर राख में बदल दिया। चारों घरों में करीब एक लाख के नुकसान का अनुमान लगाया गया है।
फरधान। थाना क्षेत्र के ग्राम पचपेड़ा निवासी रामआसरे की छप्पर में रखी दुकान में शुक्रवार अचानक आग लग गई। जिससे दुकान में रखा हजारों का सामान जलकर राख हो गया।
सुंदरवल। चौकी क्षेत्र के अग्गर खुर्द गांव में एक परचून की दुकान में आग लगने से सारी सामग्री जलकर राख हो गई। दुकानदार ने अज्ञात लोगों के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी है। दुकान स्वामी रोजअली ने बताया बुधवार शाम उसे दुकान में आग लगने की खबर मिली । बताया की जबतक आग पर काबू पाया जाता तब तक सारा समान जलकर राख हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
मंहगापुर। चार घरों में लगी आग से हजारों का सामान राख हो गया।
त्रिकोलिया निवासी जन्नत पत्नी पुत्तु के घर अचानक आग लग गई। रात के समय घर के लोग सोए हुए थे तपिश मालूम होने पर वह किसी तरह अपनी जान बचाकर वहां से भागे। आग विकराल हो गई और पड़ोस के शाजिद, शाहिद और वहीद के घरों को भी अपनी चपेट में लेकर राख में बदल दिया। चारों घरों में करीब एक लाख के नुकसान का अनुमान लगाया गया है।
फरधान। थाना क्षेत्र के ग्राम पचपेड़ा निवासी रामआसरे की छप्पर में रखी दुकान में शुक्रवार अचानक आग लग गई। जिससे दुकान में रखा हजारों का सामान जलकर राख हो गया।
विज्ञापन
सुंदरवल। चौकी क्षेत्र के अग्गर खुर्द गांव में एक परचून की दुकान में आग लगने से सारी सामग्री जलकर राख हो गई। दुकानदार ने अज्ञात लोगों के खिलाफ पुलिस को तहरीर दी है। दुकान स्वामी रोजअली ने बताया बुधवार शाम उसे दुकान में आग लगने की खबर मिली । बताया की जबतक आग पर काबू पाया जाता तब तक सारा समान जलकर राख हो गया।
विज्ञापन