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Lakhimpur Kheri News: तीस दिन काम के बदले मिलता है 26 दिन का वेतन
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लखीमपुर खीरी। नगर पालिका में तैनात ठेका कर्मचारियों को महीने भर काम के बदले महज 26 दिनों का वेतन दिया जाता है। 26 दिनों का वेतन दिये जाने के पीछे पालिका के अधिकारी महीने में चार छुट्टी होने का तर्क देते हैं, जबकि कर्मचारियों का कहना है कि वह पूरे महीने काम करते हैं, मांगने पर भी बड़ी मुश्किल से छुट्टी मिल पाती है।
नगर पालिका लखीमपुर में कर्मचारियों की कमी के चलते ठेका कर्मचारियों को काम पर लगाया गया है। इसमें ट्यूबवेल ऑपरेटरों के अलावा सफाई कर्मचारी शामिल हैं। आरोप है कि कर्मचारियों से तीस दिन काम लिया जाता है, लेकिन वेतन 26 दिनों का दिया जाता है। कर्मचारी नौकरी के डर से कई बार शांत हो जाते हैं। कर्मचारियों का कहना है कि आवाज उठाने पर पालिका के अधिकारी नौकरी से हटा देते हैं।
बता दें कि नगर पालिका में सौ के आस पास ट्यूबवेल ऑपरेटरों के अलावा पांच से अधिक सफाई कर्मचारी तैनात हैं, इनमें से ज्यादातर कर्मचारी दैनिक भत्ते पर रखे गए हैं। ट्यूबवेल ऑपरेटर ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि पालिका के अधिकारी काम पूरे महीने लेते हैं लेकिन चार छुट्टी बताकर वेतन केवल 26 दिनों का ही देते हैं।
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छुट्टी तो कभी मिलती नहीं, वेतन जरूर मिलता है कम
पालिका में आवश्यक सेवाएं दे रहे ट्यूबवेल ऑपरेटरों का कहना है कि वह चाहकर भी छुट्टी नहीं ले पाते हैं। हर रोज उन्हें नियमित समय पर ड्यूटी पर जाना होता है। जरूरी होने पर अधिकारियों के सामने छुट्टी के लिए गिड़गिड़ाना पड़ता है। इसके बावजूद छुट्टी नहीं मिल पाती है। जितने दिन पालिका काम कराए उतने दिन का वेतन भी दे, लेकिन नियमों का पालन होता हुआ नहीं दिखाई दे रहा है।
नगर पंचायत खीरी टाउन के कर्मचारियों ने सौंपा ज्ञापन
शुक्रवार को उत्तर प्रदेशीय सफाई कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों ने डीएम को ज्ञापन सौंपकर पूरे माह का वेतन देने की मांग की है। संगठन के जिलाध्यक्ष अशोक बाल्मीकि ने बताया कि नगर पंचायत खीरी टाउन में ठेका कर्मचारियों को 26 दिनों का वेतन दिया जा रहा है। संगठन के पदाधिकारियों का कहना था कि यदि 26 दिनों का वेतन दिया जा रहा है, तो रविवार का अवकाश भी दिया जाए। कर्मचारियों का प्रतिदिन के हिसाब से वेतन भुगतान करने की मांग की।
ठेका कर्मचारियों को प्रतिदिन के हिसाब से वेतन दिया जा रहा है। जरूरत पड़ने पर यदि किसी कर्मचारियों को बुलाया जाता है तो उसे अगले किसी भी दिन छुट्टी दी जाती है। खीरी नगर पंचायत में ठेका समाप्त हो चुका है, नया ठेका कराकर इस मामले को देखा जाएगा।
संजय कुमार, ईओ नगर पालिका लखीमपुर
ठेका कर्मचारियों से 26 दिनों का कार्य लिया जाता है। जिसके बदले उन्हें 26 दिनों का वेतन दिया जाता है। यदि कोई कर्मचारी इस तरह की शिकायत कर रहा है तो ईओ से मिलकर बात कर ले, छुट्टी के दिन किसी भी कर्मचारी को नहीं बुलाया जाता है।
- डॉ. इरा श्रीवास्तव, पालिकाध्यक्ष नगर पालिका लखीमपुर
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नगर पालिका लखीमपुर में कर्मचारियों की कमी के चलते ठेका कर्मचारियों को काम पर लगाया गया है। इसमें ट्यूबवेल ऑपरेटरों के अलावा सफाई कर्मचारी शामिल हैं। आरोप है कि कर्मचारियों से तीस दिन काम लिया जाता है, लेकिन वेतन 26 दिनों का दिया जाता है। कर्मचारी नौकरी के डर से कई बार शांत हो जाते हैं। कर्मचारियों का कहना है कि आवाज उठाने पर पालिका के अधिकारी नौकरी से हटा देते हैं।
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बता दें कि नगर पालिका में सौ के आस पास ट्यूबवेल ऑपरेटरों के अलावा पांच से अधिक सफाई कर्मचारी तैनात हैं, इनमें से ज्यादातर कर्मचारी दैनिक भत्ते पर रखे गए हैं। ट्यूबवेल ऑपरेटर ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि पालिका के अधिकारी काम पूरे महीने लेते हैं लेकिन चार छुट्टी बताकर वेतन केवल 26 दिनों का ही देते हैं।
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छुट्टी तो कभी मिलती नहीं, वेतन जरूर मिलता है कम
पालिका में आवश्यक सेवाएं दे रहे ट्यूबवेल ऑपरेटरों का कहना है कि वह चाहकर भी छुट्टी नहीं ले पाते हैं। हर रोज उन्हें नियमित समय पर ड्यूटी पर जाना होता है। जरूरी होने पर अधिकारियों के सामने छुट्टी के लिए गिड़गिड़ाना पड़ता है। इसके बावजूद छुट्टी नहीं मिल पाती है। जितने दिन पालिका काम कराए उतने दिन का वेतन भी दे, लेकिन नियमों का पालन होता हुआ नहीं दिखाई दे रहा है।
नगर पंचायत खीरी टाउन के कर्मचारियों ने सौंपा ज्ञापन
शुक्रवार को उत्तर प्रदेशीय सफाई कर्मचारी संघ के पदाधिकारियों ने डीएम को ज्ञापन सौंपकर पूरे माह का वेतन देने की मांग की है। संगठन के जिलाध्यक्ष अशोक बाल्मीकि ने बताया कि नगर पंचायत खीरी टाउन में ठेका कर्मचारियों को 26 दिनों का वेतन दिया जा रहा है। संगठन के पदाधिकारियों का कहना था कि यदि 26 दिनों का वेतन दिया जा रहा है, तो रविवार का अवकाश भी दिया जाए। कर्मचारियों का प्रतिदिन के हिसाब से वेतन भुगतान करने की मांग की।
ठेका कर्मचारियों को प्रतिदिन के हिसाब से वेतन दिया जा रहा है। जरूरत पड़ने पर यदि किसी कर्मचारियों को बुलाया जाता है तो उसे अगले किसी भी दिन छुट्टी दी जाती है। खीरी नगर पंचायत में ठेका समाप्त हो चुका है, नया ठेका कराकर इस मामले को देखा जाएगा।
संजय कुमार, ईओ नगर पालिका लखीमपुर
ठेका कर्मचारियों से 26 दिनों का कार्य लिया जाता है। जिसके बदले उन्हें 26 दिनों का वेतन दिया जाता है। यदि कोई कर्मचारी इस तरह की शिकायत कर रहा है तो ईओ से मिलकर बात कर ले, छुट्टी के दिन किसी भी कर्मचारी को नहीं बुलाया जाता है।
- डॉ. इरा श्रीवास्तव, पालिकाध्यक्ष नगर पालिका लखीमपुर