{"_id":"5bbb4752867a55684f1c8f64","slug":"201539000146-lakhimpur-kheri-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मेंहदी गांव में पूर्व प्रधान के झाले में घुसी बाघिन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मेंहदी गांव में पूर्व प्रधान के झाले में घुसी बाघिन
Updated Mon, 08 Oct 2018 05:32 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
मेंहदी गांव में पूर्व ग्राम प्रधान के झाले में घुसी बाघिन
ग्रामीणों ने पटाखे बजाकर उसे खदेड़ा
अमर उजाला ब्यूरो
महेवागंज/सुंदरवल। थाना फूलबहेड़ के गांव मेंहदी निवासी पूर्व प्रधान के झाले में रविवार की रात बाघिन दो शावकों के साथ घुस गई। इससे वहां हड़कंप मच गया। शोर होने पर ग्रामीणों ने शोरगुल्ल और पटाखे छोड़कर उसे भगाया। घटना के बाद से इलाके में दशहत है।
सदर कोतवाली और थाना फूलबेहड़ क्षेत्र के करीब 12 से अधिक गांवों में पिछले बीस दिनों से बाघ के साथ शावकों के होने का हल्ला मच रहा है। शोर के पीछे वन कर्मी भी भागने को मजबूर है। स्पष्ट पग चिह्न नहीं मिले हैं, जिससे वनकर्मी भी पशोपेश में है। हालांकि वन विभाग ने लकड़बग्घा या तेंदुआ होने की भी आशंका जताई है। दहशत का आलम यह कि शाम होते ही ग्रामीण खेतों की तरफ जाने से कतराने लगे है। रविवार रात फूलबेहड़ के मेहंदी गांव के पश्चिम पूर्व प्रधान राज सिंह के झाले पर बाघ और दो शावकों के घुसने से हड़कंप मच गया। ग्रामीणों की माने तो पटाखे दगाकर बाघ को भगाया गया। ग्रामीणों ने पुलिस और वन विभाग को सूचना दी पर कोई नहीं पहुंचा, जबकि उसी गांव के प्रधान पुत्र रजी खां ने बताया कि रात आठ बजे वह बाइक से घर जा रहा था। तभी गांव के पश्चिम रपटा पुल के पास खेत के किनारे उसे बाघिन दिखाई दी। शहर से सटे बनवारीपुर, सिंगारपुर, मंझरा, बन्नी, मोहनपुरवा के बाद फूलबेहड़ के सैदापुर, मेहंदी, बडग़ांव, गंगाबेहड़, मिदनिया, राजापुर में भी शोर होता रहा। वन दरोगा संजय आजाद ने बताया कि क्षेत्र में कई दिनों से बाघिन और शावक होने का हल्ला हो रहा है। टीमें निगरानी कर रही हैं। ग्रामीणों से सतर्क रहने को कहा गया है।
ग्रामीणों ने पटाखे बजाकर उसे खदेड़ा
अमर उजाला ब्यूरो
महेवागंज/सुंदरवल। थाना फूलबहेड़ के गांव मेंहदी निवासी पूर्व प्रधान के झाले में रविवार की रात बाघिन दो शावकों के साथ घुस गई। इससे वहां हड़कंप मच गया। शोर होने पर ग्रामीणों ने शोरगुल्ल और पटाखे छोड़कर उसे भगाया। घटना के बाद से इलाके में दशहत है।
सदर कोतवाली और थाना फूलबेहड़ क्षेत्र के करीब 12 से अधिक गांवों में पिछले बीस दिनों से बाघ के साथ शावकों के होने का हल्ला मच रहा है। शोर के पीछे वन कर्मी भी भागने को मजबूर है। स्पष्ट पग चिह्न नहीं मिले हैं, जिससे वनकर्मी भी पशोपेश में है। हालांकि वन विभाग ने लकड़बग्घा या तेंदुआ होने की भी आशंका जताई है। दहशत का आलम यह कि शाम होते ही ग्रामीण खेतों की तरफ जाने से कतराने लगे है। रविवार रात फूलबेहड़ के मेहंदी गांव के पश्चिम पूर्व प्रधान राज सिंह के झाले पर बाघ और दो शावकों के घुसने से हड़कंप मच गया। ग्रामीणों की माने तो पटाखे दगाकर बाघ को भगाया गया। ग्रामीणों ने पुलिस और वन विभाग को सूचना दी पर कोई नहीं पहुंचा, जबकि उसी गांव के प्रधान पुत्र रजी खां ने बताया कि रात आठ बजे वह बाइक से घर जा रहा था। तभी गांव के पश्चिम रपटा पुल के पास खेत के किनारे उसे बाघिन दिखाई दी। शहर से सटे बनवारीपुर, सिंगारपुर, मंझरा, बन्नी, मोहनपुरवा के बाद फूलबेहड़ के सैदापुर, मेहंदी, बडग़ांव, गंगाबेहड़, मिदनिया, राजापुर में भी शोर होता रहा। वन दरोगा संजय आजाद ने बताया कि क्षेत्र में कई दिनों से बाघिन और शावक होने का हल्ला हो रहा है। टीमें निगरानी कर रही हैं। ग्रामीणों से सतर्क रहने को कहा गया है।
विज्ञापन