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कुशीनगर: जब जागो, तब सवेरा नाटक का मंचन
Thu, 09 Feb 2023 11:05 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Thu, 09 Feb 2023 11:05 PM IST
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मगहर महोत्सव में नाटक का मंचन करते कलाकार।संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
मगहर। संत कबीर की निर्वाण स्थली पर चल रहे मगहर महोत्सव के अंतिम दिन बृहस्पतिवार को जब जागो तब सवेरा नाटक का मंचन किया गया। इसके माध्यम से समाज को नशा से दूर रहने का संदेश दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत कबीर की अमृत वाणी से होती है। नाटक में यमलोक का दरबार सजा दिखाई देता है। यमराज जनसंख्या को लेकर चिंतित नजर आ रहे हैं कि पृथ्वी से असमय मृत्यु पाकर लोग यमलोक में आ रहे हैं और यहां संख्या अधिक हो गई है। यहां आत्माओं को रहने की जगह भी भविष्य में कम पड़ जाएगी।
इसी चिंता को ध्यान में रखते हुए दो यमदूत चंड व मुंड पृथ्वी को लोक पर अवलोकन के लिए भेजते हैं। जिसकी मुलाकात एक लकड़हारे से होती है। यमदूत उसे समझाते हैं कि पेड़ काट दोगे तो ऑक्सीजन की कमी हो जाएगी और तुम सभी असमय मौत का कारण बन जाओगे। इसे लकड़हारा समझ जाता है। आगे बढ़ते ही एक व्यक्ति खुले में शौच के लिए जाता है। खुले में शौच से हो रहे नुकसान के बारे में यमदूत उस व्यक्ति को समझाता है। इसके साथ ही शराबी व्यक्ति पर नाटक का मंचन हुआ।
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इस नाटक में यमराज की भूमिका विनोद चंद्रेश, नर्तकी प्रियंका मिश्रा व पूनम मिश्रा, दूत चंद ईश्वर राव, दूत मुंड सुजल यादव, चित्रगुप्त व जंजाली गिरजेश दुबे, जंजाली की पत्नी प्रियंका शर्मा, लकड़हारा देशबंधु, जंजाली का लड़का प्रियांशु गौड़, जंजाली की लड़की आस्था, सूत्रधार व गायन प्रिय सुप्रिया रावत ने निभाया।
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मगहर। संत कबीर की निर्वाण स्थली पर चल रहे मगहर महोत्सव के अंतिम दिन बृहस्पतिवार को जब जागो तब सवेरा नाटक का मंचन किया गया। इसके माध्यम से समाज को नशा से दूर रहने का संदेश दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत कबीर की अमृत वाणी से होती है। नाटक में यमलोक का दरबार सजा दिखाई देता है। यमराज जनसंख्या को लेकर चिंतित नजर आ रहे हैं कि पृथ्वी से असमय मृत्यु पाकर लोग यमलोक में आ रहे हैं और यहां संख्या अधिक हो गई है। यहां आत्माओं को रहने की जगह भी भविष्य में कम पड़ जाएगी।
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इसी चिंता को ध्यान में रखते हुए दो यमदूत चंड व मुंड पृथ्वी को लोक पर अवलोकन के लिए भेजते हैं। जिसकी मुलाकात एक लकड़हारे से होती है। यमदूत उसे समझाते हैं कि पेड़ काट दोगे तो ऑक्सीजन की कमी हो जाएगी और तुम सभी असमय मौत का कारण बन जाओगे। इसे लकड़हारा समझ जाता है। आगे बढ़ते ही एक व्यक्ति खुले में शौच के लिए जाता है। खुले में शौच से हो रहे नुकसान के बारे में यमदूत उस व्यक्ति को समझाता है। इसके साथ ही शराबी व्यक्ति पर नाटक का मंचन हुआ।
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इस नाटक में यमराज की भूमिका विनोद चंद्रेश, नर्तकी प्रियंका मिश्रा व पूनम मिश्रा, दूत चंद ईश्वर राव, दूत मुंड सुजल यादव, चित्रगुप्त व जंजाली गिरजेश दुबे, जंजाली की पत्नी प्रियंका शर्मा, लकड़हारा देशबंधु, जंजाली का लड़का प्रियांशु गौड़, जंजाली की लड़की आस्था, सूत्रधार व गायन प्रिय सुप्रिया रावत ने निभाया।