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Kushinagar News: रास्ते के अभाव में बंद कर दिया स्कूल, दूसरे गांव में पढ़ने जा रहे बच्चे
Sat, 22 Mar 2025 02:12 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Sat, 22 Mar 2025 02:12 AM IST
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मथौली। क्षेत्र के लक्ष्मीपुर धूस गांव के रामजीत टोला में संचालित प्राथमिक विद्यालय को रास्ते के अभाव में करीब दस वर्ष से बंद कर दिया गया है। इस विद्यालय को करीब 800 मीटर दूर गांव के ही कंपोजिट विद्यालय के एक कमरे में शिफ्ट कर दिया गया है। अब विद्यालय में कक्षा एक से पांचवीं तक की कक्षाओं में नामांकित 28 बच्चों को वहां तैनात दो शिक्षक पढ़ा रहे हैं।
मोतीचक ब्लॉक के गांव लक्ष्मीपुर धूस के टोला रामजीत गांव में बचत की जमीन पर वर्ष 2013 में प्राथमिक विद्यालय का निर्माण कराया गया। विद्यालय का संचालन शुरू होने पर बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से इस विद्यालय में दो शिक्षकों की तैनाती कर दी। बाद में विद्यालय तक जाने के लिए के लिए शिक्षक और बच्चों को परेशानी होने लगी। कुछ वर्ष तक विद्यालय जाने के लिए बच्चे और शिक्षक अगल-बगल के खेत के मेड़ का सहारा लिए, लेकिन बाद में जिनके खेत थे वे लोग एतराज करने लगे। लोगों की नाराजगी देख शिक्षकों ने विभाग के उच्चाधिकारियों की सहमति पर गांव के पंचायत भवन में विद्यालय का संचालन शुरू कर दिया। बाद में उच्चाधिकारियों के निर्देश पर इस विद्यालय में नामांकित सभी शिक्षक और विद्यार्थियों को करीब 800 मीटर दूर लक्ष्मीपुर धूस में संचालित कंपोजिट विद्यालय के एक कमरे में शिफ्ट कर दिया गया। उधर प्राथमिक विद्यालय रामजीत टोला के भवन समेत अन्य संसाधनों का रख-रखाव और मरम्मत नहीं होने के चलते अब यह विद्यालय भवन पूरी तरह जर्जर हो गया है। विद्यालय के चारों तरफ से उगे झाड़-झांखाड़ की वजह से वहां कई जहरीले जीव जंतु अपना डेरा बना लिए हैं। यही नहीं विद्यालय की बाउंड्री गिर गई है।
एक कमरे में पढ़ते हैं पांचवीं तक बच्चे
कंपोजिट विद्यालय लक्ष्मीपुर धूस में संचालित प्राथमिक विद्यालय टोला में कक्षा एक से पांचवीं तक नामांकित कुल 28 बच्चों की पढ़ाई एक कमरे में होती है। आश्चर्य की बात यह है कि इस कमरे में विद्यालय का कार्यालय भी स्थापित किया गया है। इस संबंध में संविलयन विद्यालय के प्रधानाध्यापक श्यामनरायण पांडेय ने बताया मोतीचक बीईओ ने इस प्राथमिक विद्यालय को संचालित करने के लिए उनसे दो कमरे मांगे थे, लेकिन कमरों की संख्या कम होने के चलते एक ही कमरा उपलब्ध कराया गया है।
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800 मीटर दूर पढ़ने जाते हैं बच्चे
प्राथमिक विद्यालय रामजीत टोला में नामांकित विद्यालयों को करीब 800 मीटर संविलयन विद्यालय लक्ष्मीपुर धूस में शिफ्ट कर दिया गया है। इसलिए रामजीत टोला के बच्चों को 800 मीटर पैदल जाना पड़ता है, जिससे उन्हें परेशानी होती है। प्राथमिक विद्यालय रामजीत टोला की प्रधानाध्यापक खुशबू सिंह ने बताया कि विद्यालय पर जाने के लिए रास्ता नहीं है।
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मोतीचक ब्लॉक के गांव लक्ष्मीपुर धूस के टोला रामजीत गांव में बचत की जमीन पर वर्ष 2013 में प्राथमिक विद्यालय का निर्माण कराया गया। विद्यालय का संचालन शुरू होने पर बेसिक शिक्षा विभाग की तरफ से इस विद्यालय में दो शिक्षकों की तैनाती कर दी। बाद में विद्यालय तक जाने के लिए के लिए शिक्षक और बच्चों को परेशानी होने लगी। कुछ वर्ष तक विद्यालय जाने के लिए बच्चे और शिक्षक अगल-बगल के खेत के मेड़ का सहारा लिए, लेकिन बाद में जिनके खेत थे वे लोग एतराज करने लगे। लोगों की नाराजगी देख शिक्षकों ने विभाग के उच्चाधिकारियों की सहमति पर गांव के पंचायत भवन में विद्यालय का संचालन शुरू कर दिया। बाद में उच्चाधिकारियों के निर्देश पर इस विद्यालय में नामांकित सभी शिक्षक और विद्यार्थियों को करीब 800 मीटर दूर लक्ष्मीपुर धूस में संचालित कंपोजिट विद्यालय के एक कमरे में शिफ्ट कर दिया गया। उधर प्राथमिक विद्यालय रामजीत टोला के भवन समेत अन्य संसाधनों का रख-रखाव और मरम्मत नहीं होने के चलते अब यह विद्यालय भवन पूरी तरह जर्जर हो गया है। विद्यालय के चारों तरफ से उगे झाड़-झांखाड़ की वजह से वहां कई जहरीले जीव जंतु अपना डेरा बना लिए हैं। यही नहीं विद्यालय की बाउंड्री गिर गई है।
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एक कमरे में पढ़ते हैं पांचवीं तक बच्चे
कंपोजिट विद्यालय लक्ष्मीपुर धूस में संचालित प्राथमिक विद्यालय टोला में कक्षा एक से पांचवीं तक नामांकित कुल 28 बच्चों की पढ़ाई एक कमरे में होती है। आश्चर्य की बात यह है कि इस कमरे में विद्यालय का कार्यालय भी स्थापित किया गया है। इस संबंध में संविलयन विद्यालय के प्रधानाध्यापक श्यामनरायण पांडेय ने बताया मोतीचक बीईओ ने इस प्राथमिक विद्यालय को संचालित करने के लिए उनसे दो कमरे मांगे थे, लेकिन कमरों की संख्या कम होने के चलते एक ही कमरा उपलब्ध कराया गया है।
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800 मीटर दूर पढ़ने जाते हैं बच्चे
प्राथमिक विद्यालय रामजीत टोला में नामांकित विद्यालयों को करीब 800 मीटर संविलयन विद्यालय लक्ष्मीपुर धूस में शिफ्ट कर दिया गया है। इसलिए रामजीत टोला के बच्चों को 800 मीटर पैदल जाना पड़ता है, जिससे उन्हें परेशानी होती है। प्राथमिक विद्यालय रामजीत टोला की प्रधानाध्यापक खुशबू सिंह ने बताया कि विद्यालय पर जाने के लिए रास्ता नहीं है।