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Kushinagar News: डीआईजी ने थानाध्यक्ष तुर्कपट्टी को दिया प्रशस्ति पत्र
Thu, 30 Apr 2026 01:50 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Thu, 30 Apr 2026 01:50 AM IST
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तुर्कपट्टी। जनपद कुशीनगर में एक चर्चित दुष्कर्म मामले में अदालत द्वारा दोषी को फांसी की सजा सुनाए जाने के बाद पुलिस की कार्यशैली की व्यापक सराहना हो रही है। त्वरित कार्रवाई, सशक्त विवेचना और प्रभावी पैरवी के लिए डीआईजी गोरखपुर परिक्षेत्र डॉ एस चन्नप्पा ने जटहां बाजार के तत्कालीन एवं वर्तमान में तुर्कपट्टी थाना प्रभारी निरीक्षक आलोक कुमार यादव को प्रशस्ति पत्र दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो कोर्ट)/अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, अभियुक्त पिंटू उर्फ कोयल, निवासी हिरनही बिन टोला, थाना जटहां बाजार को दोषी करार देते हुए मृत्युदंड (फांसी) एवं 3,25,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया। अदालत का यह फैसला 25 मार्च 2026 को सुनाया गया। इस गंभीर मामले में थाना जटहां बाजार पुलिस द्वारा घटना के अनावरण से लेकर आरोपी की गिरफ्तारी, साक्ष्य संकलन, वैज्ञानिक विवेचना और न्यायालय में प्रभावी पैरवी तक हर स्तर पर उच्च गुणवत्ता का कार्य किया गया। पुलिस की इसी तत्परता और पेशेवर दक्षता के चलते पीड़ित को न्याय मिला और समाज में कानून के प्रति विश्वास मजबूत हुआ। पुलिस उप महानिरीक्षक ने अपने प्रशंसा पत्र में कहा है कि इस प्रकार की उत्कृष्ट कार्यशैली न केवल पुलिस विभाग की छवि को सुदृढ़ करती है, बल्कि आम जनता में सुरक्षा और न्याय की भावना को भी सशक्त बनाती है। उन्होंने संबंधित पुलिस टीम के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए आगे भी इसी समर्पण के साथ कार्य करने की अपेक्षा जताई है।
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प्राप्त जानकारी के अनुसार, विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो कोर्ट)/अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश, अभियुक्त पिंटू उर्फ कोयल, निवासी हिरनही बिन टोला, थाना जटहां बाजार को दोषी करार देते हुए मृत्युदंड (फांसी) एवं 3,25,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया गया। अदालत का यह फैसला 25 मार्च 2026 को सुनाया गया। इस गंभीर मामले में थाना जटहां बाजार पुलिस द्वारा घटना के अनावरण से लेकर आरोपी की गिरफ्तारी, साक्ष्य संकलन, वैज्ञानिक विवेचना और न्यायालय में प्रभावी पैरवी तक हर स्तर पर उच्च गुणवत्ता का कार्य किया गया। पुलिस की इसी तत्परता और पेशेवर दक्षता के चलते पीड़ित को न्याय मिला और समाज में कानून के प्रति विश्वास मजबूत हुआ। पुलिस उप महानिरीक्षक ने अपने प्रशंसा पत्र में कहा है कि इस प्रकार की उत्कृष्ट कार्यशैली न केवल पुलिस विभाग की छवि को सुदृढ़ करती है, बल्कि आम जनता में सुरक्षा और न्याय की भावना को भी सशक्त बनाती है। उन्होंने संबंधित पुलिस टीम के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए आगे भी इसी समर्पण के साथ कार्य करने की अपेक्षा जताई है।
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