{"_id":"68e6bd81fa1ecbfa2d0af3ab","slug":"testing-of-cough-syrup-begins-three-samples-taken-medicine-will-be-available-on-doctors-prescription-kushinagar-news-c-205-1-ksh1001-146802-2025-10-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: कफ सिरप की जांच शुरू, तीन नमूने लिए, डाक्टर की पर्ची पर मिलेगी दवा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: कफ सिरप की जांच शुरू, तीन नमूने लिए, डाक्टर की पर्ची पर मिलेगी दवा
Thu, 09 Oct 2025 01:07 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Thu, 09 Oct 2025 01:07 AM IST
विज्ञापन
दवा दुकान पर सैंपल लेती टीम। स्रोत-सोशल मीडिया
पडरौना। सहायक आयुक्त (औषधि) के निर्देश पर बुधवार को खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की ओर से जिले में अभियान चलाकर कफ सिरप समेत अन्य दवाओं की जांच की गई। इस दौरान संदेह के आधार पर कफ सिरप के तीन नमूने एकत्र कर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया। वहीं दवा दुकानदारों को डॉक्टर के पर्चे पर सिरप देने का निर्देश दिया गया।
औषधि निरीक्षक दीपक कुमार पांडेय ने बताया कि एक कंपनी द्वारा विनिर्मित औषधि में कोल्ड्रिफ सिरप में डायथिलीन ग्लाइकोल का अपमिश्रण पाया गया है। यह एक हानिकारक अवयव है। इसका अपमिश्रण मरीजों के लिए जानलेवा हो सकता है। इसको गंभीरता से लेते हुए जिले में अभियान चलाकर दवाओं की दुकानों पर मिल रहे कफ सिरप समेत अन्य दवाओं की जांच की जा रही है।
बुधवार को पडरौना में संचालित दवा की दुकानों की जांच की गई, जिसमें संदेह के आधार पर कफ सिरप के तीन नमूने एकत्र कर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। उन्होंने कहा कि औषधि विक्रेताओं द्वारा कफ सिरप की बिकी चिकित्सक की परामर्श के अनुसार ही किया जाय। खांसी, बुखार जैसे सामान्य प्रतीत होने वाले रोग के उपचार के लिए घर में रखी पुरानी औषधियों का उपयोग न करें। डॉक्टर से सलाह लेकर ही औषधियों का प्रयोग करें।
विज्ञापन
विज्ञापन
औषधि निरीक्षक दीपक कुमार पांडेय ने बताया कि एक कंपनी द्वारा विनिर्मित औषधि में कोल्ड्रिफ सिरप में डायथिलीन ग्लाइकोल का अपमिश्रण पाया गया है। यह एक हानिकारक अवयव है। इसका अपमिश्रण मरीजों के लिए जानलेवा हो सकता है। इसको गंभीरता से लेते हुए जिले में अभियान चलाकर दवाओं की दुकानों पर मिल रहे कफ सिरप समेत अन्य दवाओं की जांच की जा रही है।
विज्ञापन
बुधवार को पडरौना में संचालित दवा की दुकानों की जांच की गई, जिसमें संदेह के आधार पर कफ सिरप के तीन नमूने एकत्र कर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है। उन्होंने कहा कि औषधि विक्रेताओं द्वारा कफ सिरप की बिकी चिकित्सक की परामर्श के अनुसार ही किया जाय। खांसी, बुखार जैसे सामान्य प्रतीत होने वाले रोग के उपचार के लिए घर में रखी पुरानी औषधियों का उपयोग न करें। डॉक्टर से सलाह लेकर ही औषधियों का प्रयोग करें।
विज्ञापन