फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Kushinagar News ›   Testing machine in District Hospital Pathology breaks down, patients suffer

Kushinagar News: जिला अस्पताल पैथोलाॅजी में जांच मशीन खराब, मरीज खा रहे धक्के

Wed, 04 Oct 2023 12:31 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Wed, 04 Oct 2023 12:31 AM IST
विज्ञापन
Testing machine in District Hospital Pathology breaks down, patients suffer
- बिना खून की जांच कराए 100 से अधिक मरीज लौटे
विज्ञापन

- चूहे के तार काटने से व्यवस्था चरमराई
संवाद न्यूज एजेंसी
पडरौना। जिला अस्पताल के पैथालॉजी में खून जांच कराने के लिए मरीजों को धक्के खाने पड़े। एक मशीन खराब होने के कारण 100 से अधिक मरीजों को बिना जांच कराए लौटना पड़ा। अचानक जांच मशीन खराब होने के पीछे चूहे के तार काटने की बात कही जा रही है।
जिला अस्पताल में ऑटोमेटिक ब्लड जांच मशीन के तार को चूहे ने काट दिया। इसकी वजह से मशीन बंद हो गई। दो दिन आवकाश के बाद जब अस्पताल खुला तो मरीजों की भीड़ बढ़ गई। मंगलवार को 1300 से अधिक मरीजों ने ओपीडी में रजिस्ट्रेशन कराया। इसमें सर्वाधिक मरीज बुखार और पेट दर्द के शामिल रहे। बीमारी के लक्ष्ण को देखते हुए डॉक्टरों ने खून जांच के लिए लिखा था। कीट से 24 मरीजों का डेंगू जांच हुआ, जिसमें एक मरीज मिला। बाकी मरीजों की जांच प्रभावित हो गया। एक मशीन खराब होने के कारण आनन-फानन में बिना ट्रायल किए दूसरे मशीन से ब्लड सैंपल की जांच हुई। भीड़ अधिक होने के कारण पैथालॉजी हाल के अंदर कतार में खड़े लोगों के बीच धक्का-मुक्की होती रही। 2 बजे के बाद ब्लड का सैंपल लेन भी पैथालॉजी में बंद कर दिया गया। इसकी वजह से 100 से अधिक मरीजों को बिना जांच कराए लौटना पड़ा। बहुत से मरीजों को जांच रिपोर्ट भी नहीं मिली। इसके लिए बुधवार को बुलाया गया। सर्वाधिक परेशानी बुजुर्ग मरीजों को हुई।
विज्ञापन

00000000
डॉक्टरों न होने से नहीं हो सका मरीजों का इलाज
ओपीडी में सुबह 8 बजे से मरीज पहुंचने लगे। वार्ड में राउंड के बाद पहुुंचे डॉक्टरों ने मरीजों का इलाज शुरू किया। मेडिकल बोर्ड में शामिल तीन डॉक्टरों को ओपीडी से सीएमएस कक्ष में बुला लिया गया। वहीं दो डॉक्टरों की ड्यूटी कही और लग गई थी। इसकी वजह से ओपीडी में आए मरीजों को परेशान होना पड़ा। डॉक्टरों के नहीं होने से अधिकांश मरीज इलाज नहीं करा सके और 2 बजे के बाद वापस चले गए। मरीजों का कहना था कि भीड़ तो अधिक थी ही, लेकिन ओपीडी में समय से डॉक्टर बैठे होते तो सभी को इलाज मिल गया होता। बीच में भी डॉक्टर जरूरी कार्य बताकर अपने चैंबर से उठकर चले गए।
विज्ञापन
विज्ञापन



चूहा के तार काटने से ब्लड जांच की आटोमेटिक मशीन खराब हो गई। नई मशीन को चालू कराया गया। लेकिन भीड़ अधिक होने के कारण दिक्कतें हुई। जिन मरीजों की जांच नहीं हो सकी। उसकी जांच बुधवार को हो जाएगा। ओपीडी में सभी डॉक्टर मौजूद रहे, बीच में किसी काम से डॉक्टर चले गए होंगे। -डॉ. एचएस राय
सीएमएस
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed