{"_id":"66722b5e96e40307be0a0b47","slug":"tehsildar-accused-of-indecent-behavior-memorandum-to-sdm-kushinagar-news-c-205-1-ksh1001-118456-2024-06-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: तहसीलदार पर अमर्यादित व्यवहार का आरोप, एसडीएम को ज्ञापन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: तहसीलदार पर अमर्यादित व्यवहार का आरोप, एसडीएम को ज्ञापन
Wed, 19 Jun 2024 06:20 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Wed, 19 Jun 2024 06:20 AM IST
विज्ञापन
पडरौना। तहसील सभागार में मंगलवार को लेखपाल संघ की बैठक हुई। सदर तहसीलदार पर अमर्यादित व्यवहार करने और अनुचित कार्य करने का दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए नाराजगी जताई। इसके बाद एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की।
लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष मनीष पांडेय ने बताया कि सदर तहसीलदार के कार्यप्रणाली से तहसील के सभी लेखपालों में नाराजगी है। वे अमर्यादित व्यवहार करने और अनुचित कार्य करने के लिए लेखपालों पर दबाव बनाते हैं। यदि उनके व्यवहार में शीघ्र बदलाव नहीं आया तो सभी लेखपाल अतिरिक्त चार्ज छोड़ देंगे। लेखपालों ने कहा कि सरकार कर्मचारियों से आठ घंटे ही काम कराने के लिए नियम बनाया है। लेकिन, पडरौना तहसील के लेखपालों से बंधुआ मजदूर की तरह से 10 से 12 घंटे तक कार्य लिया जा रहा है। यह अनुचित है। इसके बाद लेखपालों ने एसडीएम व्यास नारायन उमराव को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की गई। एसडीएम ने लेखपालों की बात गंभीरता से सुनकर वार्ता के लिए बुधवार को बुलाया है।
इस दौरान लेखपाल संघ के जिलामंत्री योगेंद्र गुप्ता, तहसील मंत्री रामदर्शन शर्मा, मार्कंडेय मणि, बंशबहादुर यादव, बलराम कुशवाहा, रामअवध प्रसाद, अवधेश मिश्रा, रविंद्र लाल, शीतल सिंह, संदीप सिंह, अग्निवेश पांडेय, विवेक कुमार, विक्रांत मिश्रा, राजकुमार सिंह, संतोष गुप्ता, रंजीत जायसवाल, नीरज दुबे, धनंजय पांडेय, उत्कर्ष चौबे आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
0
खसरा फीडिंग का कार्य चल रहा है। इसके चलते थोड़ा कार्य का दबाव है। इसलिए कुछ लेखपाल नाराज हैं। सरकारी कार्य है। उसे करना है। नाराज लेखपालों को समझा-बुझाकर सरकारी कार्य कराया जाएगा। - सुमित सिंह, तहसीलदार, पडरौना।
विज्ञापन
लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष मनीष पांडेय ने बताया कि सदर तहसीलदार के कार्यप्रणाली से तहसील के सभी लेखपालों में नाराजगी है। वे अमर्यादित व्यवहार करने और अनुचित कार्य करने के लिए लेखपालों पर दबाव बनाते हैं। यदि उनके व्यवहार में शीघ्र बदलाव नहीं आया तो सभी लेखपाल अतिरिक्त चार्ज छोड़ देंगे। लेखपालों ने कहा कि सरकार कर्मचारियों से आठ घंटे ही काम कराने के लिए नियम बनाया है। लेकिन, पडरौना तहसील के लेखपालों से बंधुआ मजदूर की तरह से 10 से 12 घंटे तक कार्य लिया जा रहा है। यह अनुचित है। इसके बाद लेखपालों ने एसडीएम व्यास नारायन उमराव को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की गई। एसडीएम ने लेखपालों की बात गंभीरता से सुनकर वार्ता के लिए बुधवार को बुलाया है।
विज्ञापन
इस दौरान लेखपाल संघ के जिलामंत्री योगेंद्र गुप्ता, तहसील मंत्री रामदर्शन शर्मा, मार्कंडेय मणि, बंशबहादुर यादव, बलराम कुशवाहा, रामअवध प्रसाद, अवधेश मिश्रा, रविंद्र लाल, शीतल सिंह, संदीप सिंह, अग्निवेश पांडेय, विवेक कुमार, विक्रांत मिश्रा, राजकुमार सिंह, संतोष गुप्ता, रंजीत जायसवाल, नीरज दुबे, धनंजय पांडेय, उत्कर्ष चौबे आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
0
खसरा फीडिंग का कार्य चल रहा है। इसके चलते थोड़ा कार्य का दबाव है। इसलिए कुछ लेखपाल नाराज हैं। सरकारी कार्य है। उसे करना है। नाराज लेखपालों को समझा-बुझाकर सरकारी कार्य कराया जाएगा। - सुमित सिंह, तहसीलदार, पडरौना।