{"_id":"6a4825dca7a3fc3241059632","slug":"samples-will-be-collected-from-yogeshs-children-for-dna-testing-kushinagar-news-c-205-1-deo1003-163034-2026-07-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: डीएनए जांच के लिए योगेश के बच्चों का लिया जाएगा सैंपल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: डीएनए जांच के लिए योगेश के बच्चों का लिया जाएगा सैंपल
Sat, 04 Jul 2026 02:43 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Sat, 04 Jul 2026 02:43 AM IST
विज्ञापन
पडरौना। हाटा कोतवाली के गिदहा धनहा के योगेश कुमार का शव करीब दस दिन पूर्व गांव से कुछ दूरी पर झाड़ी में ईंट-भट्ठे के पास मिला था। शव कई दिन पुराना होने से सिर्फ कंकाल बचा था, जबकि घर वालों ने पुलिस को बताया कि योगेश कुमार एक सप्ताह पूर्व घर से लापता हुए थे।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया कि करीब बीस दिन पुराना कंकाल है। परिजन के दावों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अंतर से पुलिस उलझ गई। पुलिस ने अब डीएनए जांच का निर्णय लिया है। सीएमओ के आदेश के बाद इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
गिदहा धनहा गांव निवासी योगेश गोरखपुर नगर निगम में सफाईकर्मी थे,17 मई को घर से लापता थे। करीब एक सप्ताह बाद गांव के समीप ईंट-भट्ठे के पास झाड़ी में कंकाल मिला। परिजन गए तो चप्पलें पास में थी। उसी के आधार पर शव योगेश का होने का दावा किया। पुलिस की पूछताछ में परिजनों ने बताया कि योगेश एक सप्ताह पूर्व घर से गायब हुए थे, जबकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार बीस दिन पुराना कंकाल होने का दावा किया गया। इस अंतर के बाद पुलिस की जांच का दायरा बढ़ गया।
विज्ञापन
पुलिस ने शव की असलियत जानने के लिए डीएनए जांच की प्रक्रिया तेज कर दी है। पुलिस को अब तक सीडीआर नहीं मिल सकी है। पुलिस का कहना है कि सीडीआर आने के बाद परिजनों की बातों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का अंतर स्पष्ट होगा। सीओ कसया डॉ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि सीडीआर ने के बाद कुछ कहा जा सकता है। डीएनए रिपोर्ट आने के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।
विज्ञापन
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया कि करीब बीस दिन पुराना कंकाल है। परिजन के दावों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अंतर से पुलिस उलझ गई। पुलिस ने अब डीएनए जांच का निर्णय लिया है। सीएमओ के आदेश के बाद इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
विज्ञापन
गिदहा धनहा गांव निवासी योगेश गोरखपुर नगर निगम में सफाईकर्मी थे,17 मई को घर से लापता थे। करीब एक सप्ताह बाद गांव के समीप ईंट-भट्ठे के पास झाड़ी में कंकाल मिला। परिजन गए तो चप्पलें पास में थी। उसी के आधार पर शव योगेश का होने का दावा किया। पुलिस की पूछताछ में परिजनों ने बताया कि योगेश एक सप्ताह पूर्व घर से गायब हुए थे, जबकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार बीस दिन पुराना कंकाल होने का दावा किया गया। इस अंतर के बाद पुलिस की जांच का दायरा बढ़ गया।
विज्ञापन
पुलिस ने शव की असलियत जानने के लिए डीएनए जांच की प्रक्रिया तेज कर दी है। पुलिस को अब तक सीडीआर नहीं मिल सकी है। पुलिस का कहना है कि सीडीआर आने के बाद परिजनों की बातों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का अंतर स्पष्ट होगा। सीओ कसया डॉ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि सीडीआर ने के बाद कुछ कहा जा सकता है। डीएनए रिपोर्ट आने के बाद स्थिति स्पष्ट होगी।