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Kushinagar News: 111 पहियों वाले ट्राॅले पर जा रहे शिवलिंग को देखने पहुंंचे लोग
Sat, 03 Jan 2026 01:45 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Sat, 03 Jan 2026 01:45 AM IST
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शिवलिंग का सुकरौली में पूजन करते लोग।संवाद
सुकरौली। धर्म और आस्था का अद्भुत दृश्य उस समय देखने को मिला जब एक बड़ा शिवलिंग जनपद के बॉर्डर सुकरौली से गुजरा। तमिलनाडु के महाबलीपुरम से बिहार के चंपारण तक जा रहे इस शिवलिंग को देखने के लिए नेशनल हाईवे पर श्रद्धालुओं का तांता लग गया।
पत्थर से निर्मित यह शिवलिंग इतना भव्य है कि इसे ले जाने के लिए 111 पहियों वाले विशेष ट्राले का उपयोग किया जा रहा है। शुक्रवार को जब यह शिवलिंग पहुंचा तो लोग जगह जगह रोक कर फूल मालाओं से स्वागत किये।
बिहार जा रहे इस शिवलिंग की विशालता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसकी ऊंचाई 33 फीट और गोलाई भी 33 फीट है। चालक दल के सदस्य आलोक सिंह ने बताया कि एकल पाषाण से निर्मित इस शिवलिंग का वजन लगभग 180 टन है। यह विश्व का सबसे बड़ा शिवलिंग बताया जा रहा है, जिसे कश्मीर से कन्याकुमारी को जोड़ने वाले देश के सबसे लंबे नेशनल हाईवे के जरिए ले जाया जा रहा है।
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पत्थर से निर्मित यह शिवलिंग इतना भव्य है कि इसे ले जाने के लिए 111 पहियों वाले विशेष ट्राले का उपयोग किया जा रहा है। शुक्रवार को जब यह शिवलिंग पहुंचा तो लोग जगह जगह रोक कर फूल मालाओं से स्वागत किये।
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बिहार जा रहे इस शिवलिंग की विशालता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसकी ऊंचाई 33 फीट और गोलाई भी 33 फीट है। चालक दल के सदस्य आलोक सिंह ने बताया कि एकल पाषाण से निर्मित इस शिवलिंग का वजन लगभग 180 टन है। यह विश्व का सबसे बड़ा शिवलिंग बताया जा रहा है, जिसे कश्मीर से कन्याकुमारी को जोड़ने वाले देश के सबसे लंबे नेशनल हाईवे के जरिए ले जाया जा रहा है।
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