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Kushinagar News: अब हर सप्ताह होगा बच्चों का मूल्यांकन, निपुण एप को किया गया अपग्रेड
Thu, 07 Aug 2025 01:16 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Thu, 07 Aug 2025 01:16 AM IST
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पडरौना। परिषदीय विद्यालयों में बच्चों के अधिगम स्तर को ट्रैक करने और उसमें सुधार लाने के उद्देश्य से निपुण भारत मिशन के तहत निपुण एप को अपग्रेड किया गया है। राज्य परियोजना कार्यालय समग्र शिक्षा अभियान द्वारा जारी दिशा निर्देशों के अनुसार अब हर शिक्षक को हर सप्ताह अपनी कक्षा के कम से कम पांच छात्रों का मूल्यांकन एप के माध्यम से करना अनिवार्य होगा। इस प्रणाली के लागू होने से शिक्षकों, अभिभावकों और शैक्षिक अधिकारियों को बच्चों की प्रगति की रियल टाइम जानकारी उपलब्ध होगी। इससे पढ़ाई की गुणवत्ता का विश्लेषण और सुधार संभव हो सकेगा। कक्षा एक से आठ तक के छात्रों के लिए विषयवार प्रश्न बैंक तैयार किया गया है, जिसमें बच्चों की समझ और सीखने की क्षमता जांचने के लिए रैंडम आधार पर प्रश्न पूछे जाएंगे। शिक्षक एप पर 25 सप्ताह की पूर्व निर्धारित शिक्षण योजना के अनुसार मूल्यांकन करेंगे। ब्लॉक स्तर से लेकर राज्य स्तर तक के एआरपी, डायट मेंटर्स और स्टेट रिसोर्स ग्रुप के सदस्यों को 10 से 30 विद्यालयों में सहयोगात्मक पर्यवेक्षण करना होगा।
प्लान देना होगा अनिवार्य
निरीक्षण के दौरान कक्षा 1-2 के 40 प्रतिशत, कक्षा 3-5 के 30 प्रतिशत, कक्षा 6-8 के 20 प्रतिशत बच्चों का मूल्यांकन किया जाएगा। इसके अलावा शिक्षकों को पर्यवेक्षण के बाद जरूरी फीडबैक और उपचारात्मक योजना (रेमेडियल प्लान) देना भी अनिवार्य कर दिया गया है।
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प्लान देना होगा अनिवार्य
निरीक्षण के दौरान कक्षा 1-2 के 40 प्रतिशत, कक्षा 3-5 के 30 प्रतिशत, कक्षा 6-8 के 20 प्रतिशत बच्चों का मूल्यांकन किया जाएगा। इसके अलावा शिक्षकों को पर्यवेक्षण के बाद जरूरी फीडबैक और उपचारात्मक योजना (रेमेडियल प्लान) देना भी अनिवार्य कर दिया गया है।
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